सही वॉटर प्यूरीफायर का चुनाव आपके घर आने वाले पानी के सोर्स और उसके टोटल डिजॉल्व्ड सॉलिड्स (TDS) पर निर्भर करता है। टीडीएस का मतलब पानी में घुले हुए नमक और मिनरल्स का लेवल होता है। आजकल बाजार में मिलने वाले आरओ, यूवी और यूएफ जैसे तकनीकी नामों के कारण लोग अक्सर उलझन में पड़ जाते हैं और बिना जरूरत के ही महंगी मशीन खरीद लेते हैं। पानी की गंदगी को पूरी तरह साफ करने के लिए सही तकनीक चुनना बहुत जरूरी है ताकि परिवार हमेशा सुरक्षित और सेहतमंद रहे। आज के समय में नदियों, तालाबों और जमीन के पानी में बैक्टीरिया, वायरस और फैक्ट्रियों का गंदा कचरा या केमिकल मिल जाते हैं। ऐसा गंदा पानी पीने से पेट की बीमारियां, उल्टी-दस्त और पीलिया जैसी बड़ी परेशानियां हो सकती हैं।

 

पानी साफ करने के लिए रिवर्स ऑस्मोसिस (RO) सबसे अच्छी तकनीक मानी जाती है। इसमें एक बेहद बारीक मेम्ब्रेन यानी पानी को साफ करने वाली एक झिल्ली होती है जिसका साइज 0.0001 माइक्रोन होता है। जब पानी को हाई प्रेशर के साथ इस मेम्ब्रेन से होकर जाता है तो यह पानी में घुले हुए नमक, लेड, आर्सेनिक, फ्लोराइड, नाइट्रेट और फैक्ट्रियों के केमिकल्स तक को छानकर अलग कर देती है। यह तकनीक खारे पानी को मीठा बनाने में सबसे अच्छी है। घर में अगर बोरवेल, कुएं या टैंकर का पानी आता है जो पीने में खारा, नमकीन या कड़वा लगता है, तो आपके लिए आरओ तकनीक बढ़िया है। जब पानी का टीडीएस लेवल 500 से ज्यादा हो तभी आरओ प्यूरीफायर का इस्तेमाल करना चाहिए।

 

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यूवी तकनीक क्या है?

अल्ट्रा वॉयलेट (UV) तकनीक में एक खास तरह की लाइट का इस्तेमाल किया जाता है। यह पानी को छानने का काम नहीं करती बल्कि पानी के अंदर मौजूद बैक्टीरिया और वायरस को अपनी रोशनी से पूरी तरह मार देती है। अगर  घर में नगर निगम या सरकारी सप्लाई का पानी आता है जो स्वाद में पहले से मीठा है लेकिन पुरानी पाइपलाइनों की वजह से उसमें कीटाणुओं का खतरा रहता है तो उसके लिए यूवी तकनीक सबसे अच्छी है। अगर पानी का टीडीएस लेवल 200 से 300 के बीच है तो बिना आरओ के भी केवल यूवी फिल्टर से साफ पानी मिल जाएगा।

यूएफ तकनीक क्या है?

अल्ट्रा फिल्ट्रेशन (UF) एक बारीक जाली की तरह काम करता है जिसका साइज 0.01 माइक्रोन होता है। यह पानी में तैरने वाली मिट्टी, जंग और मोटे कचरे को रोक लेता है। इस तकनीक की सबसे बड़ी खासियत यह है कि इसे चलाने के लिए बिजली की जरूरत नहीं होती। यह नॉर्मल नल के पानी के प्रेशर पर ही आसानी से काम करती है। अगर आपके इलाके में बिजली बार-बार जाती है और पानी पहले से मीठा है तो मिट्टी और धूल हटाने के लिए यूएफ फिल्टर एक सस्ता और बेहतर ऑपशन है। अगर पानी खारा भी है और उसमें कीटाणु भी हैं तो आरओ और यूवी दोनों तकनीक वाली मशीन चुननी चाहिए।

 

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नेटिव एम1 वॉटर प्यूरीफायर

यह अर्बन कंपनी का एक बेहतरीन आरओ+यूवी प्यूरीफायर है जो बोरवेल, टैंकर या हाई टीडीएस वाले पानी के लिए बिल्कुल सही है। इसमें 10 स्टेज की फिल्टर तकनीक मिलती है जो पानी साफ करने के साथ-साथ उसमें तांबे और जरूरी मिनरल्स के फायदे जोड़ती है। इसकी सबसे बड़ी खूबी यह है कि इस पर 2 साल की वारंटी मिलती है और कंपनी का दावा है कि 2 साल तक सर्विसिंग पर एक भी रुपया खर्च नहीं करना पड़ेगा। इसकी क्षमता 8 लीटर है, रंग काला है और इसमें पॉलिप्रोपाइलीन फिल्ट्रेशन मटेरियल का इस्तेमाल किया गया है। इसकी कमी बस यह है कि इसकी शुरुआती कीमत आम प्यूरीफायर्स से थोड़ी ज्यादा है लेकिन बार-बार फिल्टर बदलने के खर्च से बचने के लिए यह एक अच्छा वन-टाइम इन्वेस्टमेंट है।