ईरान में हो रहे विरोध प्रदर्शनों को लेकर जिन प्रदर्शनकारियों को गिरफ्तार किया गया है, उनका ट्रायल जल्द शुरू किया जाएगा और फांसी की सजा दी जाएगी। ईरानी अधिकारियों ने बुधवार को इस बात का संकेत दिया है। हालांकि, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दावा किया है कि ईरान ने प्रदर्शनकारियों को फांसी दिए जाने पर अभी रोक लगा दी है।
पहले ईरान के अटॉर्नी जनरल मोहम्मद मोवाहेदी आजाद ने चेतावनी दी थी कि विरोध प्रदर्शनों में हिस्सा लेने वालों को 'अल्लाह का दुश्मन' माना जाएगा और उन्हें मौत की सजा दी जाएगी।
अब बताया जा रहा है कि ईरान ने गिरफ्तार प्रदर्शनकारियों का ट्रायल जल्द से जल्द करने और उन्हें फांसी देने की सजा करने की तैयारी शुरू कर दी है।
यह भी पढ़ें-- आपके 100 रुपये ईरान में 12 लाख हैं... खामेनेई के मुल्क की करंसी कितनी गिर गई?
क्या फांसी दे देगा ईरान?
खबरें हैं कि ईरान जल्द ही प्रदर्शनकारियों को फांसी दे सकता है। ईरान के ज्यूडिशियरी चीफ घोलमहोसिन मोहसेनी-एजेई ने कहा कि सरकार को तेजी से सुनवाई और फांसी की प्रक्रिया को आगे बढ़ाना चाहिए।
उन्होंने ईरानी सरकारी टीवी को दिए इंटरव्यू में कहा, 'अगर हम कोई काम करना चाहते हैं तो हमें इस अभी करना चाहिए। अगर इसमें देर हो जाती है तो इसका वैसा असर नहीं होगा। इसलिए हमें तेजी से ये काम करना होगा।' उनका इशारा जल्द ट्रायल और फांसी की सजा देने की ओर था।
यह भी पढ़ें-- ईरान, वेनेजुएला नहीं, ट्रंप खीझ सकते हैं, अयातुल्ला खामेनेई से भिड़ना मुश्किल है
ट्रंप का दावा- फांसी नही देगा ईरान
हालांकि, ट्रंप ने दावा किया है कि ईरान ने लोगों को फांसी देने के फैसले पर रोक लगा दी है। ट्रंप ने कहा, 'अगर वे ऐसा करते हैं तो हम बहुत बड़ी कार्रवाई करेंगे। हम नहीं चाहते कि ईरान में जो हो रहा है, वह हो।'
उन्होंने कहा, 'जब वे हजारों लोगों को मारना शुरू करते हैं और अब आप मुझे फांसी के बारे में बता रहे हैं। यह उनके लिए अच्छा नहीं होगा।'
हालांकि, इसके बाद ट्रंप ने दावा किया कि ईरान में लोगों को फांसी नहीं दी जाएगी। बाद में उन्होंने कहा, 'मुझे भरोसेमंद सोर्स ने बताया है कि फांसी की योजना नहीं है। किसी को फांसी नहीं होगी।'
वहीं, ईरान के भी बोल बदल गए हैं। ईरानी विदेश मंत्री अब्बास अरागची ने कहा कि युद्ध और कूटनीति में कूटनीति बेहतर तरीका है। उन्होंने कहा, 'अमेरिका के साथ हमारा अच्छा अनुभव नहीं रहा है लेकिन फिर भी कूटनीति एक बेहतर तरीका है।'
यह भी पढ़ें: क्या है डीप स्टेट, कैसे करता है काम; ट्रंप अब क्या उसके कब्जे में?

ईरान में अभी कैसे हैं हालात?
ईरान में 28 दिसंबर से प्रदर्शन हो रहे हैं। प्रदर्शनों के दौरान ईरानी सरकार और सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई के खिलाफ नारेबाजी की जा रही है।
विरोध प्रदर्शनों के चलते वहां एक हफ्ते से इंटरनेट बंद है और टेलीफोन लाइनें भी काट दी गई हैं। स्टारलिंक फ्री इंटरनेट दे रहा था लेकिन इसे भी काट दिया गया है।
बताया जा रहा है कि ईरान में अब प्रदर्शन थोड़े कम हो गए हैं। फिर भी सादे कपड़ों में सुरक्षाबल घूम रहे हैं और कई जगहों पर हिंसक झड़पें हो रहीं हैं। एक महिला ने न्यूज एजेंसी AP से कहा, 'हम गोलीबारी की आवाजों और विरोध प्रदर्शनों से बहुत डर हुए हैं। हमने सुना है कि कई लोग मारे गए हैं और कई घायल हो गए हैं। अब शांति बहाल हो गई है लेकिन स्कूल बंद हैं। मुझे अपने बच्चों को फिर से स्कूल भेजने में डर लग रहा है।'
एक और शख्स ने बताया, 'लोग विरोध करने के लिए बाहर निकले थे लेकिन जल्द ही यह वॉर जोन में बदल गया। लोगों के पास बंदूकें नहीं हैं। सिर्फ सुरक्षाबलों के पास बंदूकें हैं।'
इसी बीच कई एक्टिविस्ट ने चेतावनी दी है कि ईरान में प्रदर्शनकारियों को फांसी की सजा दी जाएगी।
अमेरिका स्थित ह्यूमन राइट्स एक्टिविस्ट न्यूज एजेंसी (HRANA) ने बताया कि इन प्रदर्शनों में अब तक 2,615 लोगों की मौत हो चुकी है, जिनमें 13 बच्चे भी शामिल हैं। अब तक 18,400 से ज्यादा लोगों को हिरासत में लिया जा चुका है।
