जापान की प्रधानमंत्री सनाए ताकाइची की पार्टी ने हाल ही में हुए चुनाव में बहुत बड़ी जीत हासिल की है। ताकाइची जापान की पहली महिला प्रधानमंत्री हैं। उन्हें ब्रिटेन की पूर्व प्रधानमंत्री मार्गरेट थैचर से तुलना की जाती है, जिन्हें 'आयरन लेडी' कहा जाता था। उनकी लिबरल डेमोक्रेटिक पार्टी (एलडीपी) ने संसद के निचले सदन में 465 सीटों में से अकेले ही 233 से ज्यादा सीटें जीतीं, जो बहुमत के लिए जरूरी है। 

 

उनकी गठबंधन वाली पार्टी जापान इनोवेशन पार्टी के साथ मिलाकर उन्हें कुल 300 से ज्यादा सीटें मिलीं, जो सुपरमेजोरिटी कहलाती है। इससे कानून पास करना आसान हो जाएगा।

 

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साफ सुथरी छवि

चुनावी नतीजे आने के बाद ताकाइची ने कहा कि यह चुनाव जापान की अर्थव्यवस्था और सुरक्षा के लिए एक नया मोड़ है। उन्होंने माना कि उनके कुछ प्रस्तावों पर विरोध हुआ, लेकिन जनता ने उन्हें मजबूत समर्थन दिया है, इसलिए वह इसे पूरा करने के लिए पूरी मेहनत करेंगी।

 

64 साल की ताकाइची ने पिछले साल के अंत में पार्टी की कमान संभाली और जल्दी ही चुनाव करा दिया, क्योंकि उनकी लोकप्रियता बहुत ज्यादा थी। उनकी साफ-सुथरी और मेहनती छवि वोटरों को पसंद आई। वह राष्ट्रवादी विचारों वाली हैं और चीन के खिलाफ मजबूत रुख रखती हैं।

दो मुख्य वादे

उनके मुख्य वादे हैं - खाने की चीजों पर 8% सेल्स टैक्स हटाना, टैक्स कम करना और सेना पर ज्यादा खर्च करना। इससे जापान की सुरक्षा मजबूत होगी, खासकर चीन के बढ़ते प्रभाव के खिलाफ। हालांकि, कुछ लोग चिंतित हैं कि इससे जापान का कर्ज और बढ़ सकता है। निवेशक भी इस पर नजर रख रहे हैं।

बिजनेसमैन खुश

एक तरफ बिजनेस लीडर खुश हैं क्योंकि राजनीतिक स्थिरता आई है। दूसरी तरफ, ताकाइची की लोकप्रियता से 'सनाकत्सु' नाम का ट्रेंड चल पड़ा है। यानी कि रोजमर्रा के जीवन में जो चीजें वह इस्तेमाल करती हैं उसके बारे में लोग काफी खोजते हैं और पसंद करते हैं।

पीएम मोदी ने दी बधाई

उनकी जीत पर भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी बधाई दी है। उन्होंने कहा, ‘प्रधानमंत्री सनाए ताकाइची को हाउस ऑफ रिप्रेजेंटेटिव्स के चुनाव में ऐतिहासिक जीत पर बधाई! हमारी विशेष रणनीतिक और वैश्विक साझेदारी वैश्विक शांति, स्थिरता और समृद्धि को बढ़ाने में बहुत महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। मुझे पूरा विश्वास है कि आपकी कुशल नेतृत्व में हम भारत-जापान की दोस्ती को और भी ऊंचाइयों तक ले जाएंगे।’

 


डोनाल्ड ट्रंप ने दी बधाई

अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी असर पड़ा है। अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने उनकी जीत पर बधाई दी और व्हाइट हाउस आने का न्योता दिया। लेकिन चीन ने सतर्कता दिखाई है। ताकाइची के ताइवान पर पुराने बयानों से पहले ही तनाव था और अब उनकी मजबूत स्थिति से चीन और चिंतित है।

 

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जापान के रक्षा मंत्री शिंजिरो कोइजुमी ने कहा कि सुरक्षा बढ़ानी जरूरी है, लेकिन बातचीत भी जारी रखनी चाहिए। विशेषज्ञों का मानना है कि ताकाइची की यह जीत जापान की रक्षा नीति को तेजी से आगे बढ़ाएगी।