आज के समय में मोबाइल, टैबलेट और टीवी बच्चों की जिंदगी का बड़ा हिस्सा बन चुके हैं। ज्यादातर माता-पिता अपने बच्चों को कम स्क्रीन टाइम देना चाहते हैं, लेकिन खुद पूरे दिन फोन में व्यस्त रहते हैं। ऐसे में बच्चों से स्क्रीन की आदत छुड़ाना मुश्किल हो जाता है। हाल ही में आई एक रिपोर्ट में कहा गया है कि अगर माता-पिता खुद स्क्रीन टाइम के नियमों का पालन करें, तो बच्चे भी उन्हें आसानी से अपना लेते हैं। 

बच्चों को बार-बार डांटने की बजाय खुद अच्छा उदाहरण बनना सबसे प्रभावी तरीका है।जब पूरा परिवार एक जैसे नियम बनाता है और माता-पिता सोच-समझकर मोबाइल का इस्तेमाल करते हैं तो बच्चे स्वाभाविक रूप से उनकी नकल करने लगते हैं।

छोटी-छोटी आदतों में बदलाव लाकर बच्चों की स्क्रीन लत को काफी हद तक कम किया जा सकता है।इस रिपोर्ट में बताए गए आसान टिप्स की मदद से आप धीरे-धीरे अपने बच्चे का स्क्रीन टाइम कम कर सकते हैं। माता-पिता अगर खुद संतुलित आदतें अपनाएंगे, तो बच्चों को स्वस्थ आदतें सिखाना आसान हो जाएगा।

 

यह भी पढ़ें: मानसून में चटपटा खाने का कर रहा है मन? शेफ रणवीर ने बताई पालक चाट की रेसिपी

बच्चे बड़ों को देखकर सीखते हैं

बच्चे वही आदतें जल्दी अपनाते हैं जो वे अपने घर में देखते हैं। अगर माता-पिता हर समय फोन चलाते हैं और बच्चे को मोबाइल से दूर रहने की सलाह देते हैं, तो बच्चा इस बात को गंभीरता से नहीं लेता है। इसलिए सबसे पहले बड़ों को अपनी स्क्रीन की आदतों पर ध्यान देना चाहिए।

घर में स्क्रीन टाइम का नियम बनाएं

पूरे परिवार के लिए एक समय तय करें कि कब मोबाइल या टीवी का इस्तेमाल होगा और कब नहीं। इससे बच्चे भी समझेंगे कि नियम सिर्फ उनके लिए नहीं, बल्कि सभी के लिए हैं।

खाना खाते समय मोबाइल से दूरी रखें

खाने की टेबल पर फोन या टीवी का इस्तेमाल न करें। इस दौरान परिवार के साथ बातचीत करें। इससे बच्चों का ध्यान स्क्रीन से हटेगा और परिवार के साथ समय भी अच्छा बीतेगा।

 

यह भी पढ़ें: एक हफ्ते में किस दिन क्या खाना चाहिए? तमन्ना भाटिया के फिटनेस कोच से समझिए

सोने से पहले स्क्रीन बंद करें

सोने से कम से कम एक घंटा पहले मोबाइल, टैबलेट और टीवी बंद कर दें। इससे बच्चों की नींद बेहतर हो सकती है और सुबह वे तरोताजा महसूस कर सकते हैं।

बच्चों को दूसरे कामों में व्यस्त रखें

अगर बच्चा बार-बार मोबाइल मांगता है, तो उसे ड्रॉइंग, कहानी की किताब, पजल, ब्लॉक्स या आउटडोर गेम खेलने के लिए प्रेरित करें। इससे उसका ध्यान स्क्रीन से हट सकता है।

खुद भी फोन कम चलाएं

अगर माता-पिता खाली समय में हर बार मोबाइल उठाने की बजाय बच्चों के साथ खेलें, बातें करें या कोई एक्टिविटी करें, तो बच्चे भी धीरे-धीरे फोन पर कम समय बिताने लगते हैं।

स्क्रीन टाइम के लिए प्यार से समझाएं

बच्चे से फोन अचानक छीनने की बजाय उसे प्यार से समझाएं कि ज्यादा स्क्रीन देखने से आंखों, नींद और पढ़ाई पर असर पड़ सकता है। जब बच्चे वजह समझते हैं, तो नियम मानना उनके लिए आसान हो जाता है।

किन बातों का रखें ध्यान?

  • 2 साल से छोटे बच्चों को स्क्रीन से जितना हो सके दूर रखें।
  • बड़े बच्चों के लिए स्क्रीन टाइम की समय सीमा तय करें।
  • पढ़ाई के अलावा मस्ती के लिए मोबाइल का समय सीमित रखें।
  • छुट्टी के दिन परिवार के साथ आउटिंग या खेलकूद की योजना बनाएं।