भारत के ज्यादातर राज्यों में बारिश और साथ ही पहाड़ी इलाकों में बर्फबारी का दौर जारी रहा। बीते दिन एक के बाद एक दो पश्चिमी विक्षोभ के कारण मौसम में बदलाव देखने को मिलेगा। मौसम विभाग के अनुसार 31 जनवरी से 3 फरवरी 2026 के बीच पश्चिमी हिमालयी क्षेत्रों में हल्की से मध्यम बारिश और बर्फबारी हो सकती है। वहीं उत्तर-पश्चिम भारत और उससे सटे मध्य भारत के मैदानी इलाकों में इस दौरान हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है, जो अलग-अलग जगहों पर देखने को मिलेगी।
मौसम विभाग की माने तो पहाड़ों में कुछ जगहों पर यह बारिश और बर्फबारी काफी अधिक इलाकों में फैल सकती है। इसके अलावा 31 जनवरी तक उत्तर-पश्चिम भारत और आसपास के मध्य भारत के कई इलाकों में सुबह के समय घना कोहरा छाया रहने की संभावना है।
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पिछले 24 घंटों में कोहरे का हाल
उत्तराखंड, हरियाणा, चंडीगढ़ और पश्चिमी उत्तर प्रदेश के कई इलाकों में बहुत घना कोहरा छाया रहा। इन जगहों पर विजिबिलिटी 50 मीटर से भी कम रही। वहीं ओडिशा, पंजाब, पूर्वी उत्तर प्रदेश, राजस्थान और पश्चिमी मध्य प्रदेश के कुछ हिस्सों में घना कोहरा देखा गया, जहां विजिबिलिटी 50 से 199 मीटर के बीच रही।
जहां 200 मीटर या उससे कम विजिबिलिटी दर्ज की गई, ओडिशा का चांदबली (50 मीटर), हिमाचल प्रदेश का बबलासपुर (50), उत्तराखंड का पंतनगर (0), खटीमा (30), पंजाब का पटियाला (150), हरियाणा और चंडीगढ़ में अंबाला (20), हिसार (30), करनाल (30), नारनौल (10), भिवानी (10), चंडीगढ़ (100)।
साथ ही पश्चिमी उत्तर प्रदेश के आगरा आईएएफ (0), बरेली (40), हिंडन आईएएफ और नजीबाबाद (50), अलीगढ़, शाहजहांपुर और झांसी (100) और पूर्वी उत्तर प्रदेश के बहराइच (80), ज़मगढ़, वाराणसी एपी और लखनऊ एपी (100), फुरसतगंज (200)।
राजस्थान के पश्चिमी राजस्थान: चूरू (90), पूर्वी राजस्थान के भीलवाड़ा (90), पिपलानी (90) और पश्चिम मध्य प्रदेश के ग्वालियर (100) में विजिबिलिटी दर्ज की गई। इसके अलावा, उत्तराखंड में ज़मीन पर पाला पड़ने की स्थिति बनी हुई है।
बारिश और मौसम का पूर्वानुमान
01 और 02 फरवरी को मध्य प्रदेश में और 02 फरवरी को छत्तीसगढ़ में गरज-चमक के साथ हल्की से मध्यम बारिश होने की पूरी संभावना है। 30 जनवरी 2026 की रात से एक नया पश्चिमी विक्षोभ उत्तर-पश्चिम भारत को प्रभावित कर सकता है।
इसके असर से, 31 जनवरी और 01 फरवरी को जम्मू-कश्मीर, लद्दाख में और 01 फरवरी को हिमाचल प्रदेश, पंजाब, हरियाणा और चंडीगढ़ में और 01 और 02 फरवरी को उत्तराखंड में गरज-चमक, बिजली और 30–40 किमी प्रति घंटे की तेज हवाओं के साथ कहीं-कहीं से लेकर कई जगहों पर बारिश और बर्फबारी हो सकती है।
31 जनवरी से 03 फरवरी के बीच राजस्थान में गरज-चमक के साथ हल्की बारिश होने की संभावना है। 29 और 30 जनवरी को उत्तराखंड में पाला पड़ने की स्थिति बनी रह सकती है।
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न्यूनतम तापमान का पूर्वानुमान
अगले 2 दिनों तक उत्तर-पश्चिम भारत में न्यूनतम तापमान में कोई बड़ा बदलाव नहीं होगा। इसके बाद अगले 3 दिनों में तापमान 3–5 डिग्री सेल्सियस तक बढ़ सकता है। फिर अगले 2 दिनों में तापमान में 2–4 डिग्री सेल्सियस की गिरावट आने की संभावना है।
अगले 24 घंटों में मध्य भारत में न्यूनतम तापमान 2–3 डिग्री सेल्सियस बढ़ सकता है। इसके बाद अगले 2 दिनों में तापमान 2–3 डिग्री सेल्सियस गिर सकता है। इसके बाद तापमान में कोई खास बदलाव नहीं होने की संभावना है।
