भारतीय वायुसेना को अपना नया वाइस चीफ ऑफ एयर स्टाफ मिल गया है। एयर मार्शल नागेश कपूर ने पहली जनवरी को अपना पदभार संभाल लिया है। एयर मार्शल नर्मदेश्वर तिवारी के सेवानिवृत्त होने के बाद उन्हें यह जिम्मेदारी मिली है। एयर मार्शल नागेश कपूर के पास करीब 39 साल का एक शानदार अनुभव है। वह वायुसेना में फाइटर पायलट से कॉम्बैट लीडर तक की भूमिका निभा चुके हैं। उन्हें साल 2008 में वायुसेना मेडल, 2022 में अति विशिष्ट सेवा मेडल, 2025 में राष्ट्रपति पुरस्कार परम विशिष्ट सेवा मेडल और सर्वोत्तम युद्ध सेवा मेडल से नवाजा जा चुका है।
एयर मार्शल नागेश कपूर ने 1985 में नेशनल डिफेंस एकेडमी से स्नातक की डिग्री हासिल की। अगले साल यानी 6 दिसंबर 1986 को वायुसेना की फ्लाइंग ब्रांच की फाइटर स्ट्रीम से अपने करियर की शुरुआत की। अपने 39 साल के शानदार कैरियर में उन्होंने कमांड, ऑपरेशनल, इंस्ट्रक्शनल और स्टाफ पदों पर विभिन्न भूमिकाओं का निर्वहन किया। एयर मार्शल नागेश कपूर मौजूदा तैनाती से पहले एयर ऑफिसर कमांडिंग-इन-चीफ और एयर ऑफिसर कमांडिंग-इन-चीफ साउथ वेस्टर्न एयर कमांड के पद पर रह चुके हैं।
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रक्षा मंत्रालय के प्रेस नोट के मुताबिक एयर मार्शल नागेश कपूर के पास 3400 घंटे से अधिक फाइटर प्लेन उड़ाने का अनुभव है। वह मिग-21 और मिग-29 के सभी वेरिएंट उड़ा चुके हैं। वह एक बेहतरीन फाइटर पायलट के अलावा एक अनभवी फ्लाइंग इंस्ट्रक्टर और फाइटर कॉम्बैट लीडर भी हैं।
पाकिस्तान में डिफेंस अताशे में कर चुके काम
खास बात यह है कि एयर मार्शल नागेश कपूर पाकिस्तान में डिफेंस अताशे के तौर पर भी काम कर चुके हैं। इसके अलावा वह एयर हेडक्वार्टर में असिस्टेंट चीफ ऑफ एयर स्टाफ ऑपरेशंस (रणनीति), साउथ वेस्टर्न एयर कमांड में एयर डिफेंस कमांडर, हेडक्वार्टर सेंट्रल एयर कमांड में सीनियर एयर स्टाफ ऑफिसर और एयर हेडक्वार्टर में एयर ऑफिसर-इन-चार्ज पर्सनल की भूमिका भी निभा चुके हैं।
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कैसा रहा ऑपरेशनल कार्यकाल?
अपने ऑपरेशनल कार्यकाल के दौरान एयर मार्शल नागेश कपूर ने सेंट्रल सेक्टर में एक फाइटर स्क्वाड्रन के कमांडिंग ऑफिसर, वेस्टर्न सेक्टर में एक फ्लाइंग बेस के स्टेशन कमांडर और एक अहम एयर बेस के एयर ऑफिसर कमांडिंग की जिम्मेदारी निभाई। वहीं इंस्ट्रक्शनल पद पर रहते हुए एयर फोर्स एकेडमी में चीफ इंस्ट्रक्टर (फ्लाइंग) और डिफेंस सर्विसेज स्टाफ कॉलेज (वेलिंगटन) में डायरेक्टिंग स्टाफ के पद पर तैनात रहे।
