पुर्तगाल के स्टार खिलाड़ी क्रिस्टियानो रोनाल्डो का फीफा वर्ल्ड कप जीतने का सपना अधूरा रह गया है। उनका आखिरी वर्ल्ड कप का सफर सोमवार को खत्म हो गया और उन्हें अपने इस आखिरी मुकाबले में हार का सामना करना पड़ा है। सोमवार को हुए मुकाबले में पुर्तगाल को राउंड ऑफ 16 में स्पेन के हाथों 1-0 से हार का सामना करना पड़ा है। इसी के साथ रोनाल्डो का 41 साल की उम्र में छठे और आखिरी वर्ल्ड कर का सफर खत्म हुआ। इस मैच के बाद रोनाल्डो काफी उदास नजर आए। इस दौरान उनकी आंखों में आंसू भी नजर आए और अपने इस आखिरी मैच में उन्होंने फैंस का शुक्रिया अदा किया। दुनियाभर में रोनाल्डो के फैंस भी काफी उदास हैं।
इस मैच के बाद रोनाल्डो ने मीडिया से बात करते हुए कहा, 'मुझे इस तरह वर्ल्ड कप से बाहर होने का दुख है। मैंने अपना सब कुछ झोंक दिया। मैंने अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन किया और मैं साफ मन से जा रहा हूं। मेरा आखिरी वर्ल्ड कप था लेकिन अब मेरे पास सोचने और अपने परिवार के साथ समय बिताने का मौका होगा। मैं कोई जल्दबाजी में फैसला नहीं लूंगा।'
यह भी पढ़ें: संजू सैमसन बाहर, मयंक यादव की वापसी; जिम्बाब्वे दौरे के लिए टीम इंडिया का ऐलान
रोमांचक रहा मुकाबला
यह मुकाबला बहुत देर तक बराबरी पर रहा। दोनों ही टीमों ने अटैक भी किए और डिफेंस भी दमदार रखा। नतीजा ये रहा कि तय 90 मिनट में दोनों टीमें बिना गोल के ही रहीं लेकिन दूसरे हाफ के इंजुरी टाइम में सब्स्टीट्यूट मिकेल मेरिनो ने गोल दागकर पुर्तगाल को पीछे धकेल दिया। हार की तरफ बढ़ती दिख रही रोनाल्डो की टीम में बेताबी बढ़ने लगी और उसने अपने अटैक को धार देने की पुरजोर कोशिश की। हालांकि, उनकी कोशिशें उन्हें जीत के करीब नहीं ले जा सकी। इसके साथ ही रोनाल्डो के सपने को भी एक बड़ा झटका लगा। उनका वर्ल्ड कप जीतने का सपना टूट गया था। अपने करियर में लगभग हर बड़ा खिताब, अवॉर्ड जीतने वाले रोनाल्डो वर्ल्ड कप ट्रॉफी अपने नाम नहीं कर पाए।
क्या पुर्तगाल की नेशनल टीम में खेलेंगे?
रोनाल्डो ने हार के बाद मीडिया से बात करते हुए कई अहम सवालों के जवाब दिए। लोगों के मन में एक बड़ा सवाल यही है कि क्या रोनाल्डो ने पुर्तगाल की टीम के लिए भी आखिरी मुकाबला खेल लिया है। रोनाल्डो ने इस सवाल का सीधा कोई भी जवाब नहीं दिया। उन्होंने कहा कि वह हार की निराशा और भावनाओं में बहकर इस बारे में कोई भी फैसला नहीं लेंगे।
उन्होंने कहा, 'मैं भावनाओं में बहकर कोई फैसला नहीं करता।' उनके इस बयान से निष्कर्ष निकाला जा रहा है कि वर्ल्ड कप जीतने का सपना भले ही टूट गया हो लेकिन पुर्गाल की टीम में वह अभी कुछ समय और खेल सकते हैं।
पुर्गाल को जीताए तीन बड़े खिताब
रोनाल्डो का दो दशक का करियर रहा है। हालांकि, वह कभी भी वर्ल्ड कप फाइनल तक नहीं पहुंच पाए हैं। हालांकि, उनके करियर में पुर्तगाल की टीम ने कई अहम रिकॉर्ड बनाए और खिताब भी जीते। रोनाल्डो ने कहा, 'मैंने पुर्तगाल के लिए तीन खिताब जीते हैं।' रोनाल्डो से पहले पुर्गाल ने एक भी खिताब नहीं जीता था। नेशनल टीम का सबसे बड़ा खिताब यूरोपियन चैम्पियनशिप के रूप में पुर्तगाल ने जीता है। इस बारे में बात करते हुए रोनाल्डो ने कहा, 'सच कहूं तो मेरे लिए वह वर्ल्ड कप जितना ही महत्वपूर्ण है।'
यह भी पढ़ें: 45 साल की उम्र में भी जलवा बरकरार, आखिर इतने खास कैसे बने MS Dhoni?
रोनाल्डो का शानदार सफर
2016 में यूरोपियन चैम्पियनशिप का खिताब पुर्तगाल ने रोनाल्डो की कप्तानी में ही जीता था। इसके बाद टीम ने 2019 और 2025 में यूएफए नेशन्ल लीग की ट्रॉफी भी अपने नाम की है। रोनाल्डो ने क्लब और इंटरनेशनल फुटबॉल में लगभग हर बड़ी उपलब्धि हासिल की है। रोनाल्डो के नाम अनगिनत रिकॉर्ड हैं लेकिन वर्ल्ड कप उनकी किस्मत में नहीं था। इसका रोनाल्डो को भी अफसोस है और उनके फैंस की आंखों में भी आंसू हैं।


