जम्मू-कश्मीर ने इतिहास रच दिया है। इस टीम ने रणजी ट्रॉफी 2025-26 सीजन के फाइनल में कर्नाटक जैसी मजबूत टीम को पहली पारी की बढ़त के आधार पर हरा दिया है। इसके साथ ही उसने 67 साल के सूखे को खत्म कर दिया है। जम्मू-कश्मीर की टीम पहली बार रणजी चैंपियन बन गई है। टीम की इस ऐतिहासिक जीत में शुभम पुंडीर, आकिब नबी, कप्तान पारस डोगरा, साहिल लोत्रा और कामरान इकबाल का अहम रोल रहा।

 

शुभमन पुंडीर ने पहली पारी में 121 रन जड़े थे। वहीं साहिल लोत्रा ने पहली पारी में 72, जबकि दूसरी पारी में नाबाद 101 रन बनाए। पारस डोगरा ने पहली पारी में रिटायर्ड हर्ट होने के बाद दोबारा क्रीज पर आकर 70 रन ठोके। वहीं आकिब ने 5 विकेट लेकर कर्नाटक को 291 के स्कोर पर ढेर किया, जिससे जम्मू-कश्मीर ने 291 रन की विशाल बढ़त हासिल की और ये सुनिश्चित हो गया कि खिताब उसके नाम ही होगा। हालांकि जम्मू-कश्मीर को दूसरी पारी में भी अच्छी बल्लेबाजी करनी थी, ताकि कर्नाटक को वापसी का कोई मौका नहीं मिले। 

 

दूसरी पारी में जम्मू-कश्मीर की शुरुआत अच्छी नहीं रही। उसने 11 रन पर ही 2 विकेट खो दिए। यहां से कामरान इकबाल ने पहले पारस डोगरा (16) और फिर अब्दुल समद (32) के साथ अर्धशतकीय साझेदारियां की और कर्नाटक को मुकाबले से बाहर कर दिया। वह एक छोर पर खूंटा गाड़कर खड़े रहे और नाबाद 160 रन की यादगार पारी खेली।

 

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टीम में हुई थी अचानक एंट्री

कामरान इकबाल को रेगुलर ओपनर शुभम खजूरिया के चोटिल होने के बाद अचानक बुलावा आया था। वह आनन-फानन में फ्लाइट लेकर वेन्यू पर पहुंचे। टॉस से ठीक आधे घंटे पहले कामरान जम्मू-कश्मीर टीम से जुड़े। कामरान ने पहली पारी में सिर्फ 6 रन बनाए लेकिन दूसरी पारी में उन्होंने कर्नाटक के गेंदबाजों का डटकर सामना किया और अपने करियर का हाईएस्ट स्कोर बनाया।

 

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कौन हैं कामरान इकबाल?

दाएं हाथ के सलामी बल्लेबाज कामरान इकबाल ने अब तक 15 फर्स्ट क्लास मैच खेले हैं, जिसमें उन्होंने 36.52 की औसत से 913 रन बनाए हैं। इस दौरान उनके बल्ले से 2 शतक निकले हैं। रणजी फाइनल में सेंचुरी जड़ने से पहले कामरान ने इस सीजन के पहले हाफ में दिल्ली के खिलाफ 179 रन के चेज में ताबड़तोड़ 133 रन ठोक जम्मू-कश्मीर को यादगार जीत दिलाई थी। यह दिल्ली के खिलाफ जम्मू-कश्मीर की पहली जीत थी। कामरान एज ग्रुप क्रिकेट से निकले हैं। वह सीनियर लेवल पर आने से पहले अल फलाह यूनिवर्सिटी, जम्मू-कश्मीर अंडर-19 और भारतीय अंडर-19 टीम के लिए भी खेल चुके हैं।