किसी भी राज्य में पुलिस महानिदेशक का पद पुलिस विभाग में सर्वोच्च होता है। कई बार कुछ अफसरों को यह रैंक दी जाती है लेकिन वे डीजीपी का काम करते हैं। ऐसे ही एक डीजीपी अब चर्चा और विवादों में हैं। नाम है IPS रामचंद्र राव। वही रामचंद्र राव कुछ महीनों पहले इस वजह से चर्चा में थे कि उनकी सौतेली बेटी और ऐक्ट्रेस रान्या राव गोल्ड स्मगलिंग केस में गिरफ्तार हो गई थीं। शक की सुई रामचंद्र राव की तरफ भी गई लेकिन तब वह बच गए थे। इस बार एक वीडियो के चलते रामचंद्र राव को सस्पेंड किया जा रहा है। इस वीडियो में देखा जा सकता है कि पुलिस की वर्दी पहने बैठा एक शख्स अपने ऑफिस में कई महिलाओं को किस कर रहा है। दावा है कि इस वीडियो में दिख रहा शख्स रामचंद्र राव ही हैं।
वायरल वीडियो में देखा जा सकता है कि सरकारी दफ्तर की कुर्सी पर बैठा एक शख्स अलग-अलग महिलाओं को किस कर रहा है और उन्हें गलत तरीके से छू रहा है। इस वीडियो में कई क्लिप हैं, कुछ वीडियो में यह शख्स आईपीएस की वर्दी में है और कुछ में सिविल ड्रेस में। वीडियो में दिख रहा शख्स कभी महिलाओं को अलग-अलग तरीके से छूता है, कभी लिपटता है और कभी उन्हें किस कर लेता है। इस वीडियो के बारे में कहा जा रहा है कि दिख रहा शख्स कोई और नहीं, रामचंद्र राव हैं। हालांकि, इस वीडियो की पुष्टि हम नहीं करते। वीडियो में देखा जा सकता है कि इस शख्स की कुर्सी के पीछे भारत का झंडा लगा है और कोई प्रतीक भी लगा है जो संभवत: कर्नाटक का प्रतीक चिह्न है।
यह भी पढ़ें: रान्या राव के पिता IPS रामचंद्र राव भी फंसे, वायरल हुआ किसिंग वाला वीडियो
यह वीडियो पूरे पुलिस सिस्टम खाकी वर्दी और कानून व्यवस्था को शर्मसार करता है। पुलिस सिस्टम के सर्वोच्च पद पर बैठे शख्स की ऐसी हरकत पर हर कोई हैरान है। सवाल उठ रहे हैं कि जब महिलाओं की सुरक्षा का जिम्मा लिए बैठी पुलिस के बड़े अफसर अपने दफ्तर में ही ऐसी हरकतें करेंगे तो महिलाएं कैसे सुरक्षित रहेंगी? सवाल उठने की वजह यह भी है कि यह सब उसी दफ्तर में होता दिख रहा है, जहां लोग न्याय की उम्मीद लेकर पुलिस के बड़े अफसरों से मिलने जाते हैं।
सस्पेंड हो गए रामचंद्र राव
वीडियो वायरल होने पर कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्धारमैया ने सोमवार को ही कह दिया था कि मामले की जांच की जाएगी। अब उन्हें तत्काल प्रभाव से सस्पेंड कर दिया गया है। इन आरोपों पर रामचंद्र राव का कहना है कि यह वीडियो पूरी तरह से फर्जी है और इसके साथ छेड़छाड़ की गई है। कहा जा रहा है कि उन्होंने कर्नाटक के गृहमंत्री जी परमेश्वर से मिलकर अपना पक्ष रखने की कोशिश भी की लेकिन यह मुलाकात नहीं हो सकी।
जी परमेश्वर के घर पहुंचे IPS रामचंद्र राव ने मीडिया से कहा है, 'मैं भी सोच रहा हैं कि यह कब और कैसे हुआ और इसे किसने किया है। आज के समय में कुछ भी बनाया जा सकता है। मुझे इसके बारे में कोई जानकारी नहीं है।' उनसे यह भी पूछा गया कि क्या यह वीडियो पुराना है? इस पर रामचंद्र राव ने कहा, ' 8 साल पुराना, जब मैं बेलगावी में था।'
यह भी पढ़ें: पड़ोसी से जलता था डॉक्टर, डिलीवरी बॉय पर चढ़ा दी स्कॉर्पियो, ICU में भर्ती
इससे पहले जब रान्या राव गिरफ्तार हुई थीं तब रामचंद्र राव को छुट्टी पर भेज दिया गया था। आरोप थे कि रामचंद्र राव के कहने पर ही रान्या राव को सिक्योरिटी चेक के बिना ही जाने दिया गया था। बाद में उनकी वापसी हुई थी और उन्हें डीजीपी (सिविल राइट्स इन्फोर्समेंट) बना दिया गया था। वह इसी साल मई के महीने में रिटायर हो रहे हैं।
कौन हैं रामचंद्र राव?
साल 2023 के सितंबर में प्रमोट होकर डीजीपी रैंक तक पहुंचे थे और अक्तूबर महीने में कार्यभार संभाला। वह कर्नाटक स्टेट पुलिस हाउसिंग एंड इन्फ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट कॉर्पोरेशन लिमिटेड के मैनेजिंग डायरेक्टर और एमडी भी रहे हैं। कई बार विवादों में रहे रामचंद्र राव अब अपने करियर के आखिरी दौर में हैं और आखिरी कुछ महीनों में वह सस्पेंड भी हो गए हैं।
साल 2014 में कैश जब्ती की एक मामले में अधिकारियों ने दिखाया कि कुल 20 लाख रुपये जब्त हुए। बाद में आरोपी ने कहा कि उसके पास से कुल 2.27 करोड़ रुपये जब्त किए गए थे। उस समय रामचंद्र राव आईजी थे और उनका नाम भी इस केस में सामने आया था क्योंकि इस जब्ती के दौरान वह भी वहां मौजूद थे। उन्होंने इन आरोपों से इनकार किया था लेकिन बाद में उनका ट्रांसफर कर दिया गया था।
