प्रयागराज में प्राइवेट अस्पताल की स्टाफ नर्स के सा हैवानियत की वारदात सामने आई है। एक डॉक्टर ने ऑपरेशन थिएटर में ही नर्सिंग स्टाफ के साथ रेप की कोशिश की। ऑपरेशन थिएटर में डॉक्टर अपने दोस्त के साथ था, डॉक्टर पर जो आरोप लगे हैं, वे बेहद संगीन हैं। पीड़िता ने बताया है कि आरोपी डॉक्टर ने उसके मुंह में कपड़ा ठूस दिया और हाथ बांध दिए।
पीड़िता, जान बचाकर जैसे-तैसे अस्पताल से बाहर भागी। पीड़िता का आरोप है कि उसने ऑपरेशन थिएटर में उससे कहा, 'मैंने तुम्हें नौकरी दी है, तुम मुझे खुश नहीं कर सकती।' पीड़िता ने कई मीडिया चैनलों को इंटरव्यू दिया है, जो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहे हैं।
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पीड़िता ने सुनाई आपबीती
नर्स ने कहा, 'यह घटना 25 अप्रैल 2025 की बात है। उस रात से 2 से 3 बजे रात में ऑपरेशन थिएटर में बुलवाया। मैंने उसे कभी देखा नहीं था। मुझे चेहरा नहीं याद है। उन लोगों ने शराब पी रखी थी। दोनों ने मेरे साथ जबरदस्ती करने की कोशिश की। मेरे हाथ बांध दिए थे, मुंह में रुमाल ठूंस दिया था। मैं जैसे तैसे वहां से भागी। तभी उनकी वाइफ आईं और मुझ पर दबाव बनाने लगीं।'
पीड़िता ने बताया, 'हॉस्पिटल ने मुझ पर केस न करने का दबाव बनाया। मैंने हॉस्पिटल से लेकर पुलिस तक में गुहार लगाई। मुझे न जॉब न मिल रही है, न ही ही मेरी शिकायत दर्ज की जा रही है। मुझे जान से मारने की धमकी दी जा रही है। मैं चाहती हूं कि प्रशासन कार्रवाई की जाए। मुझे सुरक्षा दी जाए।'
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कहां का है मामला?
यह मामला, प्रयागरजास सिविल लाइंस थाना इलाके का है। पीड़िता का आरोप है कि अस्पताल प्रशासन ने केस को दबाने की कोशिश की। डॉक्टर की पत्नी ने पीड़िता पर दबाव बनाया कि वह केस न दर्ज करे, इससे अस्पताल की बदनामी होगी। अब पीड़िता की शिकायत पर डॉक्टर के खिलाफ केस दर्ज हो गया है।
किन पर आरोप लगे हैं?
दैनिक भास्कर की एक रिपोर्ट के मुताबिक टिकल केयर और पेन मेडिसिन एक्सपर्ट डॉ. मनीष केशरी पर एक नर्स के यौन उत्पीड़न का आरोप लगा है। पीड़िता ने बताया है कि अस्पताल प्रशासन ने मामले को दबाने का दबाव बनाया और पुलिस को सूचना न देने को कहा, जबकि डॉक्टर की पत्नी ने भी पीड़िता पर दबाव बनाया।
पीड़िता ने 29 मार्च को नौकरी से इस्तीफा दे दिया था। अस्पताल निदेशकों को शिकायत करने के बावजूद कोई कार्रवाई नहीं की गई। 1 मई को सिविल लाइंस थाने में पीड़िता ने FIR दर्ज कराई। केस की जांच जारी है।
