कर्नाटक की राजधानी बेंगलुरु का एक मेडिकल कॉलेज सुर्खियां बटोर रहा है, जहां एक छात्रों ने प्रोफेसर की जमकर पिटाई कर दी। यह घटना तब हुई जब प्रोफेसर ने कथित तौर पर क्लासरूम के अंदर ही एक छात्रा को प्रपोज कर दिया। पूरी घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। प्रोफेसर के खिलाफ कॉलेज प्रिंसिपल ने एफआईआर दर्ज कराई है, जिसके बाद पुलिस मामले की जांच कर रही है।
यह मामला सिद्धार्थ मेडिकल कॉलेज का है। इस कॉलेज के मालिक जी. परमेश्वर हैं, जो कर्नाटक के गृह मंत्री हैं। आरोपी प्रोफेसर का नाम अब्दुल बताया जा रहा है। जैसे ही अब्दुल ने सबके सामने छात्रा को प्रपोज किया, छात्रा समेत क्लासमेट्स ने प्रोफेसर का विरोध किया। धीरे-धीरे यह खबर फैल गई कि प्रोफेसर ने एक लड़की को प्रपोज किया है तो कैंपस के लड़कों ने प्रोफेसर को चारों तरफ से घेर लिया। जहां कई छात्रों ने प्रोफेसर को थप्पड़ मारे, वहीं एक महिला छात्रा ने उन्हें चप्पल से पीटा।
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प्रोफेसर ने छात्रा को दिया शादी का प्रस्ताव
प्रोफेसर ने क्लासरूम में सबके सामने छात्रा से 'आई लव यू' कहा और उसके साथ शादी करने की इच्छा जाहिर की है। इसके जवाब में छात्रा ने उन्हें साफ इनकार कर दिया। इसके बाद प्रोफेसर ने अपने बचाव में कहा कि छात्रा ने पहले उनसे प्रेम का इजहार किया था, इसलिए उन्होंने प्रपोज किया लेकिन छात्रों ने उनकी एक भी बात नहीं सुनी और प्रोफेसर पर थप्पड़-चप्पल बरसाए।
वायरल वीडियो में क्या है?
पहले वीडियो में देखा जा सकता है कि प्रोफेसर अब्दुल क्लास में सबके सामने कहते हैं, 'मैं क्लास की सबसे सुंदर लड़की से शादी करना चाहता हूं, आई लव यू।' इसके बाद जब प्रोफेसर क्लास से बाहर जाने लगते हैं, तो छात्रा उनका विरोध करती है। इस पर प्रोफेसर कहते हैं, 'तुमने पहले मुझे प्रपोज किया था,' जिसके बाद क्लास में हंगामा मच जाता है।
दूसरे वीडियो में देखा जा सकता है कि एक छात्रा प्रोफेसर को चप्पल से पीट रही है। इसके अलावा कई छात्र उन्हें घेरकर मारपीट कर रहे हैं। वीडियो में कॉलेज के अन्य स्टाफ सदस्य बीच-बचाव करते भी नजर आ रहे हैं।
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सोशल मीडिया पर इस घटना को लेकर बहस छिड़ गई है। कुछ लोग प्रोफेसर की हरकत को अनैतिक बता रहे हैं, तो कुछ का कहना है कि छात्रों को कानून हाथ में लेने के बजाय अधिकारियों से शिकायत करनी चाहिए थी।
कॉलेज और पुलिस की कार्रवाई
मेडिकल कॉलेज मैनेजमेंट ने घटना की गंभीरता को देखते हुए प्रोफेसर को तत्काल निलंबित कर दिया है। कॉलेज ने मामले की आंतरिक जांच के लिए एक कमेटी गठित की है। साथ ही, पुलिस भी छात्रा की गरिमा और छात्रों द्वारा कानून हाथ में लेने के पहलुओं पर जांच कर रही है।
