ऑपरेशन सिंदूर की पहली वर्षगांठ पर भारतीय सैन्य अधिकारियों ने संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस की। इसके कुछ देर बाद पाकिस्तान ने भी अपना प्रेस कॉन्फ्रेंस किया। पाकिस्तानी लेफ्टिनेंट जनरल अहमद शरीफ चौधरी ने भारतीय अधिकारियों की प्रेस कॉन्फ्रेंस रास नहीं आई। उन्हें यह बात खटक गई कि भारतीय अधिकारियों ने यह प्रेस कॉन्फ्रेंस अंग्रेजी में क्यों की।
पाकिस्तानी लेफ्टिनेंट जनरल अहमद शरीफ चौधरी का कहना है कि यह बातें उर्दू या हिंदू में कहीं जा सकती थीं। क्या इसके बारे में पूरी दुनिया को बताना जरूरी था। उनका यह बयान सोशल मीडिया पर खूब वायरल हो रहा है। लोग पाकिस्तानी सैन्य अधिकारी का मजाक उड़ा रहे हैं।
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अहमद शरीफ चौधरी, लेफ्टिनेंट जनरल, पाकिस्तान:-
थोड़ी देर पहले भारतीय DGMO और सीनियर अधिकारी प्रेस ब्रीफिंग कर रहे थे। सबसे पहले तो ये अंग्रेजी में क्यों बोल रहे हैं? क्या इसलिए कि पूरी दुनिया को बताना चाहते हैं?
ट्रोल हो गए पाकिस्तानी अधिकारी
पाकिस्तान इसे मरका-ए-हक कह रहा है। पाकिस्तानी अधिकारी ने दावा किया कि भारत का ऑपरेशन बिना वजह शुरू किया गया। साथ ही उन्होंने भारतीय जेट गिराने का भी दावा किया, जिसे भारत कई बार खारिज कर चुका है। पाकिस्तान के सैन्य अधिकारी का लोग मजाक उड़ा रहे हैं। लोगों का कहना है कि क्या पाकिस्तान के सैन्य अधिकारी भी वहां के खिलाड़ियों की तरह कम पढ़े-लिखे होते हैं।
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पाकिस्तान मना रहा मारका-ए-हक
जैसे भारत में ऑपरेशन सिंदूर पर कार्यक्रम हो रहे हैं, पाकिस्तान में 'मरका-ए-हक' मनाया जा रहा है। पाकिस्तान का लोग मजाक उड़ा रहे हैं। लोगों का कहना है कि भारत ने तगड़ा नुकसान कर दिया, फिर भी किस बा का जश्न पाकिस्तानी मना रहे हैं।
क्यों शुरू हुआ था ऑपरेशन सिंदूर?
ऑपरेशन सिंदूर भारत ने 7 मई 2025 को पाकिस्तान और पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर में आतंकी ठिकानों को नष्ट करने के लिए शुरू किया था। यह कार्रवाई अप्रैल 2025 में पहलगाम में हुए आतंकी हमले का जवाब थी, जिसमें 26 आम नागरिक मारे गए थे। भारत ने पाकिस्तान के 9 से ज्यादा आतंकी ठिकानों को तबाह किया था।
