logo

मूड

ट्रेंडिंग:

50% कर्मचारियों को वर्क फ्रॉम होम का निर्देश, सरकार ने जारी किया फरमान

ईंधन बचाने की प्रधानमंत्री मोदी की अपील के बाद त्रिपुरा सरकार ने अपने 50 प्रतिशत ग्रुप C और D कर्मचारियों को घर से काम करने का आदेश दिया है।

representative image of Work From Home

प्रतीकात्मक तस्वीर। (Meta AI Generated Image)

शेयर करें

google_follow_us

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कुछ दिन पहले देश के लोगों से वर्क फ्रॉम होम को लेकर अपील की थी। इसके बाद अब त्रिपुरा सरकार ने ग्रुप C और D कैटेगरी के सरकारी कर्मचारियों को लेकर एक बड़ा फैसला लिया है। यह आदेश तुरंत लागू हो गया है। इसके तहत इन कैटेगरी के 50 प्रतिशत कर्मचारी अब वर्क फ्रॉम होम करेंगे। यह फैसला बुधवार को एक आधिकारिक नोटिस के जरिए जारी किया गया। सरकार का कहना है कि यह कदम ऊर्जा और ईंधन की बचत को बढ़ावा देने के लिए लिया गया है।

 

आदेश के अनुसार सभी विभाग प्रमुख (HoDs) को यह सुनिश्चित करना होगा कि हर दिन केवल 50 प्रतिशत कर्मचारी ही कार्यालय आएं, जबकि बाकी कर्मचारी घर से काम करेंगे। इसके लिए साप्ताहिक रोस्टर तैयार करने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि कर्मचारियों की ड्यूटी बारी-बारी से तय की जा सके।

 

यह भी पढ़ें: सम्राट सरकार ने बढ़ाया महंगाई भत्ता, 10 लाख कर्मियों को मिलेगा फायदा

 

सरकारी निर्देश में कहा गया है कि पहले सप्ताह के रोस्टर में उन कर्मचारियों को प्राथमिकता दी जाएगी जो अपने कार्यालय के पास रहते हैं। घर से काम करने वाले कर्मचारियों को मोबाइल और अन्य डिजिटल माध्यमों से हमेशा उपलब्ध रहना होगा। जरूरत पड़ने पर उन्हें तुरंत कार्यालय बुलाया जा सकता है।

सभी विभागों पर लागू होगा आदेश

यह नई व्यवस्था सिर्फ सरकारी विभागों तक ही सीमित नहीं होगी, बल्कि सरकारी कंपनियों (PSUs), स्थानीय निकायों और राज्य सरकार के सभी स्वायत्त और वैधानिक संस्थानों पर भी लागू होगी। हालांकि सरकार ने साफ किया है कि जो दफ्तर आपातकालीन और जरूरी सेवाओं से जुड़े हैं, उन पर यह नियम लागू नहीं होगा और उनके कर्मचारियों को इससे छूट मिलेगी। यह आदेश अगली सूचना तक लागू रहेगा।

 

यह भी पढ़ें: महिलाओं को इलेक्ट्रिक कार खरीदने पर मिलेगा 1 लाख रुपये का अनुदान

केंद्र के सुझाव के बाद लिया गया फैसला

यह निर्णय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की उस अपील के बाद लिया गया है, जिसमें उन्होंने ईंधन बचाने और जहां संभव हो वहां वर्क फ्रॉम होम अपनाने की सलाह दी थी। राज्य में करीब एक लाख सरकारी कर्मचारी कार्यरत हैं, जिनमें बड़ी संख्या ग्रुप C और D कैटेगरी के कर्मचारियों की है। सरकार का मानना है कि इस कदम से प्रशासनिक कामकाज के साथ संसाधनों की भी बचत होगी।


और पढ़ें