logo

मूड

ट्रेंडिंग:

कोणार्क सूर्य मंदिर का रहस्य

तस्वीर: इंडियन एक्सप्रेस/योगेश पाटिल

शेयर करें

तेरहवीं सदी की बात है। ओडिशा के तट पर समुद्र की लहरें गरज रही थीं। आसमान में काले घने बादल मंडरा रहे थे, मानो कोई बड़ी विपत्ति आने वाली हो। और वाकई, विपत्ति बहुत बड़ी थी। पिछले बारह सालों से बारह सौ कारीगर दिन-रात एक करके एक ऐसा मंदिर बना रहे थे, जो पहले कभी नहीं देखा या सुना गया था। इस अजूबे को किसने बनाया? वह कोई और नहीं बल्कि बिशु महाराणा का बारह वर्षीय पुत्र धर्मपद था। धर्मपद कई साल पहले घर से चला गया था। आज जब वह लौटा तो उसने देखा कि उसके पिता और दूसरे कारीगर बड़ी मुश्किल में हैं। अधिक जानकारी के लिए यह वीडियो जरूर देखें।

Advertisement

ट्रेंडिंग वीडियो


और देखें