यूरोप से एशिया तक ईंधन संकट गहरा गया है। ईरान युद्ध का असर है कि फिलीपींसस में राष्ट्रीय ऊर्जा आपातकाल लगाना पड़ा है। जापान ने भी अपने आपातकालीन तेल भंडार से निकासी शुरू कर दी है। पाकिस्तान में ऊर्जा के अलावा गेहूं और यूरिया का संकट पैदा हो गया है। पाकिस्तान के अलावा श्रीलंका में 'फोर डे वर्क' व्यवस्था लागू कर दी गई है। निजी कंपनियां वर्क फ्रोम होम की सुविधा दे रही हैं। दुनियाभर की सरकारों ने ऊर्जा संकट के बीच अपने रणनीतिक तेल भंडार से 40 करोड़ बैरल तेल जारी करने पर सहमति जताई है। 

 

ऊर्जा संकट के बीच दक्षिण कोरिया में लोगों से दिन में फोन चार्ज करने और कम समय तक नहाने की सलाह दी गई है। फिलीपींस ऊर्जा आपातकाल लगाने वाला दुनिया का पहला देश बन गया है। जापान के लोगों में घबराहट जैसा माहौल है। लोगों ने खाने पीने का सामान जुटाना शुरू कर दिया है।

 

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वहीं जापान की सरकार अपने आपातकालीन तेल भंडार से बड़े पैमाने पर निकासी शुरू कर दी है। उसके पास करीब तीन हफ्ते की गैस बची है। ऑस्ट्रेलिया, फिलीपींस और वियतनाम समेत कई देशों की एयर लाइंस को अपनी उड़ानें रद्द या सीमित करना पड़ रहा है। न्यूजीलैंड की सरकार ने निम्न और मध्यम आय वाले परिवारों को 29 डॉलर (भारतीय रुपये में 2,450) की साप्ताहिक सहायता देने का ऐलान किया है।

जल्द खत्म नहीं होगा यह संकट

अमेरिका-इजरायल और ईरान के बीच 28 फरवरी से जंग जारी है। ट्रंप प्रशासन को उम्मीद है कि जल्द ही युद्ध समाप्त हो जाएगा, लेकिन अभी तक संकेत इसके विपरीत दिख रहे हैं।  विश्लेषकों का मानना है कि अगर युद्ध खत्म भी हो जाता है तो ऊर्जा संकट इतनी जल्दी समाप्त नहीं होगा। अमेरिकी और इजरायली हमले के जवाब में ईरान ने होर्मुज की खाड़ी को काफी हद तक अवरुद्ध कर रखा है। यहां से दुनिया का करीब 20 फीसद ईंधन का निर्यात होता है। वहीं एशियाई देशों की जरूरत का 60 फीसद तेल इसी रास्ते से जाता है।

 

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ऊर्जा संकट से कैसे निपट रहे देश?

  • श्रीलंका: यहां सरकार ने क्यूआर कोड सिस्टम लागू किया है। एक वाहन मालिक को क्यूआर कोड से एक हफ्ते में 15 लीटर पेट्रोल दिया जा रहा है।
  • न्यूजीलैंड: कार फ्री डे की शुरुआत। हफ्ते में एक दिन वाहन चलाने की अनुमति नहीं होगी। निम्न और मध्यम आय वाले को आर्थिक सहायता दी जा रही।  
  • स्लोवेनिया: प्राइवेट ड्राइवरों को हर हफ्ते 50 लीटर तेल दिया जा रहा है। किसान और व्यवसायों को 200 लीटर तेल मिल रहा है। राशनिंग सिस्टम लगाने वाला पहला यूरोपीय देश बना। 
  • म्यांमार: म्यांमार में ऑड ईवन सिस्टम लागू। ऑड नंबर वाली प्लेट को एक दिन और दूसरे दिन ईवन नंबर प्लेट वाले वाहन तेल मिल रहा है। 
  • कंबोडिया: यहां भीषण ऊर्जा संकट पैदा हो गया है। देशभर में एक तिहाई पेट्रोल पंप बंद हो चुके हैं।

मिस्र और बांग्लादेश में कैसे हालात?

जांबिया ने पेट्रोल की जमाखोरी करने पर भारी जुर्माने का ऐलान किया है। केन्या ने ईंधन के निर्यात पर प्रतिबंध लगाने के अलावा राशनिंग व्यवस्था भी लागू कर दी है। मिस्र में रेस्तरां और शॉपिंग मॉल को रात 9 बजे बंद करने का आदेश जारी किया गया है। सरकारी भवनों पर शाम छह बजे ताला लगाने का आदेश है। पाकिस्तान ने भी फोर डे वर्क व्यवस्था लागू की है। थाईलैंड और बांग्लादेश ने 25 से 26 डिग्री सेल्सियस के बीच एसी चलाने का आदेश जारी किया है।