शरीर के लिए नींद केवल आराम करने का समय नहीं है बल्कि यह उसके लिए एक ऐक्टिव बॉयोलोजिक प्रोसेस है। प्रसिद्ध न्यूरोसाइंटिस्ट और 'Why We Sleep' के लेखक डॉ. मैथ्यू वॉकर ने कहा नींद हमारे हेल्थ के लिए सबसे जरूरी और ताकतवर जरिया है। जब हम सोते हैं तो हमारा दिमाग एक 'ग्लाइम्फेटिक सिस्टम' सक्रिय करता है जो दिन भर के दौरान जमा हुए कचरे को साफ करता है। विज्ञान की मानें तो यदि आप पर्याप्त एक्सरसाइज करते हैं और बैंलेंस डाइट लेते हैं लेकिन आपकी नींद 6 घंटे से कम है तो आपके शरीर को इन कामों का लाभ नहीं मिल पाएगा।
यूनिवर्सिटी ऑफ शिकागो की एक रिसर्च के अनुसार, कम सोने वालों का शरीर मांसपेशियों के बजाय चर्बी को सुरक्षित रखने लगता है और मांसपेशियों को जलाना शुरू कर देता है, जिससे वर्कआउट का उद्देश्य ही फेल हो जाता है।
यह भी पढ़ें: सर्दियों में क्यों जरूरी हो जाता है विटामिन C, जानें कारण
नींद क्यों है 'सुपर-पावर'?
नींद सीधे हमारे दो प्रमुख हार्मोन को कंट्रोल करती है। पहला लेप्टिन जो हमें बताता है कि पेट भर गया है और दूसरा घ्रेलिन जो भूख का अहसास कराता है। स्टेनफोर्ड मेडिसिन की रिपोर्ट बताती है कि कम सोने पर 'लेप्टिन' गिर जाता है और 'घ्रेलिन' बढ़ जाता है। यही कारण है कि नींद पूरी न होने पर हम ज्यादा जंक फूड और मीठा खाना चाहते हैं।
जिम या वर्कआउट के दौरान हम मांसपेशियों के टिश्यू को तोड़ते हैं लेकिन वे ठीक और बनते केवल गहरी नींद के दौरान होते हैं। शरीर में 75% ग्रोथ हार्मोन नींद के दौरान रिलीज होता है। अगर आप नहीं सोएंगे, तो आपकी मांसपेशियां रिकवर नहीं होंगी और ताकत नहीं बढ़ेगी।
मेंटल हेल्थ और 'इमोशनल स्टेबिलिटी'
दिमाग का 'एमिग्डाला', जो इमोशन को कंट्रोल करता है, नींद की कमी में 60% अधिक संवेदनशील हो जाता है। UC Berkeley की रिपोर्ट के अनुसार, नींद की कमी हमें चिड़चिड़ा और तनावपूर्ण बनाती है। नींद के दौरान हमारा दिमाग यादों को स्टोर करता है, जिससे हम अगले दिन नई चीजें सीखने के लिए तैयार होते हैं।
दिल की सेहत
एक रात की भी कम नींद आपके ब्लड प्रेशर को बढ़ा सकती है। विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) के अनुसार, शिफ्ट में काम करने वाले या कम सोने वाले लोगों में हार्ट अटैक और स्ट्रोक का जोखिम उन लोगों की तुलना में 45% अधिक होता है जो नियमित 6-8 घंटे सोते हैं। डॉ. मैथ्यू वॉकर कहते हैं, 'आप खराब नींद को ज्यादा एक्सरसाइज या अच्छी डाइट से 'मेक-अप' नहीं कर सकते। नींद की कमी एक ऐसा कर्ज है जिसे शरीर सूद समेत वसूलता है।'
