हिमाचल प्रदेश के शिमला में अटल इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल सुपर स्पेशलिटीज (AIMSS) में लापरवाही का एक गंभीर मामला सामने आया है। इससे हॉस्पिटल के मैनेजमेंट और बायोमेडिकल वेस्ट मैनेजमेंट पर सवाल उठ रहे हैं। मंगलवार को हॉस्पिटल के चमियाना कैंपस में एक आवारा कुत्ता मुंह में कटा हुआ इंसानी पैर दबाए घूमता दिखा। यह नजारा देखकर देखने वाले हैरान रह गए। किसी ने इस घटना का वीडियो बना लिया। जो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया और इस पर खूब चर्चा हुई।
रिपोर्ट्स के मुताबिक, 19 फरवरी को हॉस्पिटल में 61 साल के एक मरीज की सर्जरी हुई थी। ऑपरेशन के दौरान डॉक्टरों को मेडिकल वजहों से मरीज का एक पैर काटना पड़ा। प्रोसीजर के बाद कटे हुए अंग को एक सीलबंद पैकेज में रखा गया और हॉस्पिटल के नियमों के मुताबिक स्टोरेज रूम में सुरक्षित रखा गया। नियमों के अनुसार, एक अधिकृत संस्था को इस अंग को अपने कब्जे में लेकर आगे निस्तारण करना था। बताया जा रहा है कि संस्था का कोई प्रतिनिधि समय पर इसे लेने नहीं पहुंचा। जिसके कारण पैकेट अस्पताल परिसर में ही रखा रहा।
यह भी पढ़ें: विरोधी BJP के सांसद को 'बंग विभूषण' दे दिया, आखिर किधर है ममता बनर्जी की नजर?
कैसे हुई इतनी बड़ी चूक?
बताया गया है कि 22 फरवरी को स्टोर रूम से ट्रॉलियां निकालते समय कर्मचारियों से चूक हो गई और कमरे का दरवाजा खुला रह गया। बाद में उसे ठीक से बंद और लॉक नहीं किया गया। देर रात तेज हवा चलने से दरवाजा पूरी तरह खुल गया। इसी दौरान एक आवारा कुत्ता कमरे में घुस गया और वहां रखा सीलबंद पैकेट मुंह में दबाकर बाहर ले गया। अगले दिन 23 फरवरी को कर्मचारियों को स्टोर के पास खाली पैकेट पड़ा मिला तो उन्हें शक हुआ। खोजबीन के दौरान कुछ ही समय बाद अस्पताल परिसर में एक कुत्ते के मुंह में वही कटा हुआ पैर दिखाई दिया। इसके बाद अस्पताल प्रशासन में हड़कंप मच गया और पूरे मामले की जानकारी तुरंत वरिष्ठ अधिकारियों को दी गई।
यह भी पढ़ें: युवाओं को हर महीने 9 हजार देने का वादा पूरा करने में हर साल कितने खर्च होंगे?
घटना के बाद अस्पताल प्रशासन ने जांच के लिए फैक्ट-फाइंडिंग कमेटी गठित कर दी है। शुरुआती जांच में बायोमेडिकल वेस्ट मैनेजमेंट और सुरक्षा व्यवस्था में लापरवाही की बात सामने आई है। फिलहाल उस रात ड्यूटी पर मौजूद सफाई कर्मचारियों और संबंधित सुपरवाइजर को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। प्रशासन का कहना है कि जांच रिपोर्ट आने के बाद आगे की सख्त कार्रवाई की जाएगी, ताकि भविष्य में ऐसी घटना दोबारा न हो।
