ओरेकल कंपनी ने अपने वर्कफोर्स में भारी कटौती शुरू कर दी है, जिसके तहत आज सुबह यानी 1 अप्रैल को ईमेल के जरिए तत्काल 30,000 कर्मचारियों को नौकरी से निकाल दिया गया है। 30,000 कर्मचारियों में से लगभग 12,000 भारत के हैं। कंपनी ने जिन कर्मचारियों को पद से निकाला है, उनके पद को खत्म कर दिया गया है। जहां तरफ कई लोग इस छंटनी की वजह आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस मान रहे हैं, वहीं दूसरी तरफ कंपनी के पूर्व कर्मचारी का दावा है कि ज्यादा समय तक काम कराने को लेकर कर्मचारियों ने विरोध किया था, इस वजह से नौकरी से निकाला गया है।
पूरी दुनिया में ओरेकल कंपनी ने करीब 30,000 नौकरियों मतलब कुल वर्कफोर्स का लगभग 18 फीसदी कटौती की है। इसका असर भारत के अलावा मैक्सिको, कनाडा और अमेरिका के कर्मचारियों पर पड़ा है। ओरेकल कंपनी ने आधिकारिक तौर पर इस बात की पुष्टि नहीं की है कि 30,000 कर्मचारियों को नौकरी से निकाला गया है लेकिन कंपनी से निकाले गए कर्मचारियों ने सोशल मीडिया पर छंटनी को लेकर अहम बातें बताई हैं।
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छंटनी को लेकर सोशल मीडिया पर चर्चा
ओरेकल कंपनी से जुड़े कर्मचारियों ने रेडिट (Reddit ) प्लेटफॉर्म पर यह जानकारी शेयर की है कि सुबह करीब 6 बजे कंपनी की तरफ से नौकरी से हटाने का ईमेल मिला था। इसके अलावा एक कर्मचारी ने बताया कि उसने करीब 20 साल तक कंपनी में काम किया था लेकिन अचानक उसे नौकरी से निकाल दिया गया।
कई रिपोर्ट्स के मुताबिक, ये ईमेल सीधे एचआर की तरफ से नहीं आए थे बल्कि ओरेकल लीडर्स ने भेजे थे। कई मामलों में ईमेल भेजने के तुरंत बाद इंटरनल सिस्टम उन कर्मचारियों के लिए ब्लॉक कर दिए गए थे।
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क्या AI की वजह से की गई छंटनी?
रिपोर्ट्स के मुताबिक, ओरेकल कंपनी इस वक्त आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और डेटा सेंटर इन्फ्रास्ट्रक्चर के निर्माण पर भारी निवेश कर रही है। उम्मीद की जा रही है कि कंपनी इस छंटनी के जरिए करीब रुपये बचाना चाहती है ताकि इन पैसे को AI प्रोजेक्ट्स में लगाया जा सके। कंपनी अपने व्यापार को पुराने सॉफ्टवेयर मॉडल से हटाकर आधुनिक क्लाउड और AI आधारित मॉडल की ओर मोड़ रही है, जिस कारण कई मौजूदा भूमिकाएं अनावश्यक हो गई हैं। इसी वजह से माना जा रहा है कि कंपनी ने लोगों को नौकरी से निकाला गया है।
ओरेकल कंपनी के पूर्व कर्मचारी मेरुगु श्रीधर ने बताया है कि कुछ समय पहले कंपनी में लंबे समय तक काम कराने को लेकर विरोध प्रदर्शन हुआ था। उसी वजह से कर्मचारियों की छंटनी की गई है।