भारत में मेडिकल सेक्टर में कई लोग करियर बनाना चाहते हैं और मेडिलकर सेक्टर में करियर बनाने के लिए ज्यादातर स्टूडेंट्स NEET UG की तैयारी करते हैं ताकि डॉक्टर बनने का सपना पूरा करते हैं। मेडिकल फिल्ड में करियर बनाने का क्रेज आज के समय में बहुत ज्यादा है लेकिन सभी स्टूडेंट NEET UG की परीक्षा के जरिए MBBS कोर्स में एडमिशन नहीं ले पाते। ऐसे छात्र MBBS के अलावा अन्य विकल्पों की तलाश करते हैं।
मेडिकल और हेल्थकेयर सेक्टर में MBBS के अलावा कई मौके हैं। डेंटिस्ट, फार्मेसी, नर्सिंग और बायोटेक्नोलॉजी जैसे फील्ड्स में कम खर्च, जल्दी जॉब और क्लिनिकल प्रैक्टिस, रिसर्च या बिजनेस शुरू करने के शानदार मौके हैं। अगर आप MBBS के अलावा किसी और विकल्प की तलाश कर रहे हैं तो ये सभी आपके लिए बढ़िया ऑप्शन हो सकते हैं।
यह भी पढ़ें: लाखों नर्सों की कमी, लागातार बढ़ रही मांग, जानिए आप कैसे बना सकते हैं करियर
फार्मेसी
मेडिकल सेक्टर में फार्मेसी एक बढ़िया विकल्प होता है। 12वीं के बाद BPharma एक डिग्री कोर्स है जिसे आप चार साल में पूरा कर सकते हैं। इस कोर्स में दवाइयों का विकास, रिसर्च और मार्केटिंग सीखते हैं। 12वीं में अगर आपने साइंस स्ट्रीम से की है और इसमें 50 प्रतिशत मार्क्स होने जरूरी हैं। सरकारी कॉलेजों में 50 हजार से 2 लाख रुपये तक हो सकती है।
इस सेक्टर में शुरुआती सैलरी 3-6 लाख रुपये सालाना होती है। विदेश में 20-50 लाख रुपये तक हो सकती है। भारत में भी अनुभव के साथ-साथ आपकी सैलरी 10-15 लाख रुपये तक पहुंच सकती है। इस सेक्टर में मैन्युफैक्चरिंग, रिसर्च, मार्केटिंग और रिटेल में रुचि है तो आप इसके लिए आप अप्लाई कर सकते हैं।
डेंटल में करियर
अगर आपका MBBS में एडमिशन नहीं ले पाते तो आप डेंटल डॉक्टर बन सकते हैं यानी BDS कर सकते हैं। यह पांच साल का कोर्स है और लास्ट ईयर में इंटर्नशिप होती है। इसमें आप दांतों की सर्जरी, कॉस्मेटिक डेंटिस्ट्री और ओरल हेल्थ के बारे में सीखते हैं। इस कोर्स के लिए आपको NEET UG पास करना जरूरी है लेकिन इसकी कटऑफ MBBS कोर्स से कम होती है। भारत में इस कोर्स की कुल 27 हजार सीट्स हैं और MBBS की तुलना में इस कोर्स में आसानी से एडमिशन हो सकता है। शुरुआत में आपको 3 से 8 लाख रुपये तक सैलरी मिल सकती है और अनुभव बढ़ने के साथ 15-30 लाख रुपये तक आपको सैलरी के रूप में मिल सकते हैं।
आयुर्वेद में भी मौके
इसके अलावा आयुर्वेद में भी आजकल करियर के ऑप्शन बढ़ रहे हैं। आप बैचलर ऑफ आयुर्वेदिक मेडिसिन एंड सर्जरी (BAMS) कोर्स कर सकते हैं। यह 5.5 साल का कोर्स है, जिसमें आयुर्वेदिक दवाइयां, डायग्नोसिस और हर्बल ट्रीटमेंट सीखते हैं। इसमें एडमिशन के लिए NEET UG और 12वीं में PCB के साथ 50 प्रतिशत मार्क्स जरूरी हैं।
इस कोर्स की फीस 50 हजार से लेकर 2 लाख रुपये तक हो सकती है। हालांकि, प्राइवेट कॉलेजों में यह फीस 3 से 10 लाख रुपये तक हो सकती है। आर्युवेद की मार्केट लगातार बढ़ रही है ऐसे में आपको शुरुआत में 2 से 6 लाख रुपये का पैकेज मिल सकता है। हॉलिस्टिक मेडिसिन और वेलनेस में ग्लोबल मार्केट में डिमांड बढ़ रही है और आप भी इसमें अपना करियर बना सकते हैं।
यह भी पढ़ें: एक जैसी शरीर की बनावट! JEE में साथ टेस्ट देकर बराबर नंबर लाने वाले खान ब्रदर्स
वेटरनरी साइंस में मौके
आजकल लोग शहरों में भी अपने घरों में कुत्ते, बिल्ली जैसे कई पालतू जानवर रखना पसंद करते हैं और उन्हें इंसानों की तरह हर महीने मेडिकल सलाह और मेडिसिन की जरूरत होती है। ऐसे में वेटरनरी साइंस में भी मौके बढ़ रहे हैं। वेटरनरी साइंस में करियर बनाने के लिए आप बैचलर ऑफ वेटरनरी साइंस एंड एनिमल हसबेंड्री (BVSc & AH) कोर्स कर सकते हैं।
यह 5.5 साल का कोर्स होता है और इसमें जानवरों की देखभाल, डायग्नोसिस और रिसर्च सीखते हैं। इसके लिए भी NEET UG और 12वीं में PCB के साथ 50 प्रतिशत मार्क्स जरूरी होते हैं। अगर आपको सरकारी कॉलेज में एडमिशन मिल जाता है तो आपको 1-2 लाख रुपये फीस और प्राइवेट में 3-8 लाख रुपये फीस देनी पड़ सकती है। एक अनुमान के अनुसार, पेट केयर और लाइवस्टॉक इंडस्ट्री में सात प्रतिशत की ग्रोथ हो रही है। ऐसे में इस सेक्टर में आपके लिए विकल्प बढ़ रहे हैं।
अन्य विकल्प
इसके अलावा भी आपके पास कई अन्य विकल्प हैं। आप बीएससी बायोटेक्नोलॉजी, बायोमेडिकल साइंस जैसे कोर्स भी कर सकते हैं। मेडिलक सेक्टर में नर्सिंग सेक्टर भी एक अच्छा विकल्प हो सकता है। मेडिकल सेक्टर में MBBS करके डॉक्टर बनना ही एकमात्र विकल्प नहीं होता है। इस इंडस्ट्री में इसके अलावा भी कई विकल्प हैं, जो आपके लिए बेहतरीन करियर विकल्प हो सकते हैं।