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'कोरोना महामारी होती तो चले जाते स्टालिन...', पलानीस्वामी के बयान पर बवाल 

AIADMK के नेता पलानीस्वामी ने कहा था कि अगर डीएमके सरकार के दौरान कोरोना महामारी आई होती तो स्टालिन चले जाते। इस बयान पर हंगामा मचा हुआ है।

stalin vs palaniswami

पलानीस्वामी पर स्टालिन ने किया पलटवार, Photo Credit: Khabargaon

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तमिलनाडु के विधानसभा चुनाव के लिए प्रचार जारी है और नेताओं की जुबानी जंग भी चल रही है। इसी जंग में पूर्व मुख्यमंत्री और ऑल इंडिया अन्ना द्रविड़ मुनेत्र कझगम (AIADMK) के नेता ई के पलानीस्वामी ने कुछ ऐसा कह दिया है जिसके चलते वह चौतरफा निशाने पर आ गए हैं। बुधवार को एक जनसभा के दौरान पलानीस्वामी ने कहा कि द्रविड़ मुनेत्र कझगम (DMK) की सरकार में ना तो बाढ़ या सूखा आया और ना ही कोरोना महामारी फैली। उन्होंने यह भी कह दिया कि अगर कोरोना महामारी फैलती स्टालिन उसी में चले जाते। अब उनके इस बयान पर पलटवार करे हुए स्टालिन ने कहा है कि उन्हें मौत का डर नहीं है और वह जनता की रक्षा के लिए किसी भी हद तक जाएंगे।

 

पलानीस्वामी की ओर से मुख्यमंत्री एम के स्टालिन को लेकर की गई इस टिप्पणी पर अब तमिलनाडु में हंगामा खड़ा हो गया है। मुख्यमंत्री स्टालिन ने इस पर कड़ी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि उन्हें मौत का डर नहीं है और वह जनता की रक्षा के लिए किसी भी हद तक जाएंगे। विल्लुपुरम में एक जनसभा को संबोधित करते हुए स्टालिन ने कहा कि हार के डर से पलानीस्वामी रोजाना गैर-जिम्मेदाराना बयान दे रहे हैं और स्तरहीन टिप्पणियां कर रहे हैं।

 

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पलानीसामी ने क्या कहा था?

चेन्नई में एक चुनावी रैली को संबोधित करते हुए पलानीस्वामी ने कहा था, 'DMK शासन के दौरान क्या सूखा, बाढ़ या चक्रवात आया? या क्या कोरोना महामारी फैली? कुछ भी नहीं हुआ था, अगर यह (महामारी) फैलती, तो वह उसमें चले जाते (मर जाते)।' दरअसल, मई 2021 में जब द्रविड़ मुनेत्र कषगम (DMK) सत्ता में आई थी, तब राज्य कोरोना महामारी की दूसरी लहर की चपेट में था जबकि इसका प्रकोप पहले AIADMK सरकार के दौरान शुरू हुआ था। 

 

 

पलानीस्वामी के इस बयान पर DMK के सांसद कलानिधि वीरास्वामी ने कहा है, 'यह बहुत ही अभद्र बयान है। उनके मन में लोगों के लिए बिल्कुल भी सम्मान नहीं है। हमने देखा है कि जब वह मुख्यमंत्री थे तब उन्होंने अपनी ही मेंटॉर शशिकला जी के साथ कैसा व्यवहार किया। जब उन्हें मुख्यमंत्री बनाया गया था तब हमारी पार्टी इकलौती थी जो लोगों से मिल रही थी। हमने अपने कई नेताओं को भी खोया। उस समय AIADMK के नेता किसी से मिलने तक को तैयार नहीं थे।'

 

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पलानीस्वामी पर तंज कसते हुए तमिलनाडु के डिप्टी सीएम उदयनिधि स्टालिन ने कहा है, 'अगर मैं ये सब भूल भी जाऊं तो जनता यह नहीं भूलेगी कि पलानीस्वामी किस तरह से शशिकला के पैरों में गिर पड़े थे।'


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