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पुणे रेप केस में विरोध जारी, शिवसेना (UBT) ने की तोड़फोड़

पुणे रेप केस मामले में राजनीतिक गलियारों में काफी विरोध हो रहा है। आरोपी की तलाश जारी है। शिवसेना (यूबीटी) के कार्यकर्ताओं ने तोड़फोड़ की।

representational Image । Photo Credit: PTI

प्रतीकात्मक तस्वीर । Photo Credit: PTI

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महाराष्ट्र राज्य सड़क परिवहन निगम (MSRTC) की बस में 26 वर्षीय महिला के साथ कथित बलात्कार की घटना की निंदा करने के लिए राजनीतिक दल बुधवार को सड़कों पर उतर आए।

 

शिवसेना (UBT) के नेता वसंत मोरे और उनके समर्थकों ने घटना का विरोध करने के लिए स्वारगेट स्थित MSRTC कार्यालय में तोड़फोड़ की।

 

केंद्रीय मंत्री और शहर के सांसद मुरलीधर मोहोल ने कहा कि ऐसी घटनाओं को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा, 'मैंने पुलिस आयुक्त से बात की है और अपराधी की तत्काल गिरफ्तारी की मांग की है। हम शहर में कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस को पूरा सहयोग देंगे।'

 

'पुलिस का डर नहीं'
एनसीपी (एसपी) सांसद और पार्टी की कार्यकारी अध्यक्ष सुप्रिया सुले ने कहा कि यह घटना एक व्यस्त इलाके में पुलिस स्टेशन के बहुत करीब हुई, जिसका मतलब है कि पुलिस का कोई डर नहीं है। 

 

उन्होंने कहा, 'यह राज्य में महिलाओं की सुरक्षा को लेकर चिंता पैदा करता है। शहर में हर दिन गंभीर अपराध हो रहे हैं और गृह विभाग अपराध को रोकने में विफल रहा है। यह कानून और व्यवस्था की दयनीय स्थिति को दर्शाता है। अपराधी को कड़ी सजा मिलनी चाहिए और मामले की सुनवाई फास्ट-ट्रैक कोर्ट में होनी चाहिए।'

 

शिवसेना नेता और राज्य विधान परिषद की उपसभापति नीलम गोरहे ने घटनास्थल का दौरा किया।

 

MSRTC कार्यालय में तोड़फोड़
शिवसेना (यूबीटी) नेता सुषमा अंधारे ने कहा कि व्यस्त इलाके में बलात्कार की घटना और शहर में बढ़ते अपराध यह दर्शाते हैं कि शहर में कानून-व्यवस्था पर पुलिस का कोई नियंत्रण नहीं है और अपराधियों को पुलिस का कोई डर नहीं है। उन्होंने कहा, 'शहर में बिगड़ती कानून-व्यवस्था के बारे में संबंधित मंत्री को शहर की पुलिस से स्पष्टीकरण मांगना चाहिए।' शिवसेना यूबीटी कार्यकर्ताओं ने MSRTC कार्यालय में तोड़फोड़ भी की।

 

 

प्रदेश कांग्रेस प्रमुख हर्षवर्धन सपकाल ने कहा कि मुख्यमंत्री जहां 'भ्रष्ट' मंत्रियों को बचाने में व्यस्त हैं, वहीं शहर में गंभीर अपराध हो रहे हैं। 

 

'बलात्कार की घटना ने राज्य में बिगड़ती कानून व्यवस्था की स्थिति को उजागर कर दिया है। 'लाडकी बहन' योजना के माध्यम से महिलाओं को खुश करने की कोशिश करने वाले लोग महिलाओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने में विफल रहे हैं।'

 

अजित पवार ने भी की आलोचना
वहीं महाराष्ट्र के डिप्टी सीएम ने भी इस घटना की आलोचना करते हुए दोषियों को मौत की सजा दिए जाने की मांग की।

 

उन्होंने एक्स पर लिखा, 'पुणे के स्वारगेट बस स्टेशन पर हमारी एक बहन के साथ हुए बलात्कार की घटना अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण, दर्दनाक, क्रोधजनक और सभ्य समाज के लिए शर्मनाक है। इस अपराध में आरोपी द्वारा किया गया अपराध अक्षम्य है और उसके लिए मृत्युदंड से बढ़कर कोई अन्य सजा नहीं हो सकती'

 

क्या था पूरा मामला

 

बुधवार को पुणे में एक बस में 26 साल की युवती के साथ कथित तौर पर रेप किया गया। इस मामले में स्वारगेट पुलिस स्टेशन में मामला दर्ज किया गया है। आरोपी को खोजने के लिए 8 टीमें गठित की गई हैं।

 

कथित तौर पर इस घटना को अंजाम स्वारगेट बस स्टैंड पर खड़ी बस में किया गया। सीसीटीव फुटेज के आधार पर आरोपी का पता चल गटा है और पुलिस उसको खोजने में लगी हुई है।


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