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राहुल गांधी पर आरोप लगाने वाले विग्नेश शिशिर Z+ सुरक्षा क्यों मांगने लगे?

बीजेपी (BJP) नेता विग्नेश ने पहले राहुल गांधी के खिलाफ कोर्ट में याचिका दाखिल की थी। उसके बाद से वह खुद के लिए जेड प्लस सुरक्षा की मांग कर रहे हैं। सुरक्षा मांगने की वजह क्या है जानिए।

 S. Vignesh Shishir

एस विग्नेश शिशिर, Photo Credit- ANI

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भारतीय जनता पार्टी (BJP) के कार्यकर्ता एस विग्नेश शिशिर इन दिनों सुर्खियां बटोर रहे हैं। उन्होंने कुछ दिनों पहले राहुल गांधी के खिलाफ कोर्ट में याचिका दायर की थी। इसके बाद अब उन्होंने केंद्र सरकार से खुद के लिए जेड प्लस सुरक्षा की मांग की है। एस विग्नेश का दावा है कि याचिका दाखिल करने के बाद उन्हें जान से मारने की धमकियां मिल रही हैं। इस मांग को लेकर कोर्ट ने सीधे सुरक्षा देने का आदेश नहीं दिया, बल्कि केंद्र सरकार को निर्देश दिया है कि वह मामले की जांच कर फैसला ले।

 

यह मामला इलाहाबाद हाई कोर्ट से जुड़ा है। कुछ महीने पहले कर्नाटक के बीजेपी कार्यकर्ता एस विग्नेश शिशिर ने राहुल गांधी के खिलाफ याचिका दायर की थी। इस याचिका में उन्होंने दावा किया था कि राहुल गांधी के पास दोहरी नागरिकता है। कोर्ट ने 14 मई को केंद्र सरकार को मामले पर फैसला लेने का निर्देश दिया।

 

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एस विग्नेश की राहुल गांधी के खिलाफ याचिका

एस विग्नेश शिशिर ने कुछ महीने पहले कोर्ट में राहुल गांधी के खिलाफ गंभीर आरोप लगाए थे। उन्होंने दावा किया था कि राहुल गांधी के पास दोहरी नागरिकता है। एस विग्नेश शिशिर ने ने कोर्ट में बताया कि राहुल गांधी के पास भारत और ब्रिटेन की नागरिकता है। शुरुआत में कोर्ट ने राहुल गांधी के खिलाफ एफआईआर (FIR) दर्ज करने का निर्देश दिया था। इसके बाद कोर्ट के जज ने यह आदेश वापस ले लिया गया।

 

इलाहाबाद हाई कोर्ट का मानना था कि पहले राहुल गांधी को अपना पक्ष रखने का मौका दिया जाना चाहिए, उसके बाद ही किसी जांच की प्रक्रिया आगे बढ़नी चाहिए। इसी कारण एफआईआर (FIR) और जांच की प्रक्रिया टाल दी गई थी।

 

जेड प्लस सुरक्षा क्या होती है?

जेड प्लस सुरक्षा भारत की सबसे कड़ी सुरक्षा व्यवस्थाओं में से एक मानी जाती है। इसमें आमतौर पर करीब 55 सुरक्षाकर्मी शामिल होते हैं, जिनमें 10 से ज्यादा राष्ट्रीय सुरक्षा गार्ड (National Security Guard ) कमांडो और पुलिस अधिकारी शामिल रहते हैं। यह सुरक्षा केवल उन लोगों को दी जाती है जिन्हें जान का खतरा होता है।

 

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अब इलाहाबाद हाई कोर्ट के निर्देश के बाद केंद्र सरकार यह जांच करेगी कि क्या वास्तव में एस. विग्नेश शिशिर को जेड प्लस सुरक्षा की जरूरत है या नहीं। इससे पहले 28 अगस्त 2025 को कोर्ट ने गृह मंत्रालय को निर्देश दिया था कि विग्नेश को सुरक्षा उपलब्ध कराई जाए। इसके तहत 24 घंटे के लिए एक निजी सुरक्षा कर्मी तैनात करने की बात कही गई थी।


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