ईरान, अमेरिका और इजरायल की बीच चल रही जंग अभी खत्म नहीं हुई है। होर्मुज स्ट्रेट बंद होने की वजह से दुनिया के कई देशों में पेट्रोलियम स्टॉक खत्म हो रहा है। कुछ देशों में पेट्रोल और डीजल की कीमतें बढ़ गईं हैं। अब इन्हें लेकर भारत में कई मीडिया चैनलों ने यह खबर फैलाई है कि चुनाव के बाद पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने तेल की कीमतें बढ़ाने का फैसला किया है।
खबरों में यह भी दावा किया गया है कि सरकार 20 रुपये से ज्यादा पेट्रोल और डीजल की कीमतें बढ़ाने वाली है। कुछ जगह दावा किया गया है कि सरकार 28 रुपये तक तेल और गैस की कीमतें बढ़ा सकती है। सोशल मीडिया से लेकर कई दिग्गज न्यूज आउटलेट भी जोर-शोर से छाप रहे हैं कि तेल की कीमतें बढ़ने वाली हैं।
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कितना महंगा हो सकता है डीजल पेट्रोल?
दावा किया जा रहा है कि 4 राज्य और 1 केंद्र शासित प्रदेश में चुनाव के ठीक बाद, तेल की कीमतें बेतहाशा बढ़ जाएंगी। दावा किया जा रहा है कि पेट्रोल और डीजल की कीमतें 28 रुपये प्रति लीटर बढ़ सकती हैं। अभी तक, किसी भी सरकारी एजेंसी ने यह नहीं कहा है कि तेल की कीमतें बढ़ जाएंगी।
क्या है इस दावे की सच्चाई?
पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने कहा है कि ये दावे पूरी तरह से फर्जी हैं। केंद्र सरकार न तो चुनाव के बाद तेल की कीमतें बढ़ा रही है, न ही बढ़ाने जा रही है।
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'सरकार नहीं बढ़ाएगी तेल की कीमतें'
पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्रालय:-
कुछ खबरें आ रही हैं जिनमें पेट्रोल और डीजल की कीमतों में बढ़ोतरी की बात कही जा रही है। इस संबंध में यह स्पष्ट किया जाता है कि सरकार के विचाराधीन ऐसा कोई प्रस्ताव नहीं है। इस तरह की खबरें नागरिकों के बीच डर और घबराहट पैदा करने के लिए फैलाई जा रही हैं। जानबूझकर ऐसा किया जा रहा है, यह भ्रामक है।
'भारत में 4 साल नहीं बढ़ी तेल की कीमतें'
पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने कहा, 'भारत एकमात्र ऐसा देश है जहां पिछले 4 वर्षों में पेट्रोल और डीजल की कीमतों में कोई इजाफा नहीं हुआ है। भारत सरकार और तेल पब्लिक सेक्टर यूनिट्स ने अंतरराष्ट्रीय कीमतों में होने वाली भारी बढ़ोतरी से भारतीय नागरिकों को बचाने के लिए लगातार कदम उठाए हैं।'