केरल के विधानसभा चुनाव से लगभग एक हफ्ते पहले तीनों प्रमुख गठबंधनों ने अपना मैनिफेस्टो जारी कर दिया है। तीनों के मैनिफेस्टो से यह स्पष्ट है कि सबका सबसे ज्यादा जोर महिला वोटरों पर है। भारतीय जनता पार्टी (BJP) की अगुवाई वाले गठबंधन ने 20 हजार लीटर मुफ्त पानी और 2 मुफ्त LPG सिलिंडर का वादा है। कांग्रेस की अगुवाई वाले यूनाइटेड डेमोक्रैटिक फ्रंट (UDF) ने 25 लाख रुपये का हेल्थ इंश्योरेंस और कॉलेज जाने वाली लड़कियों को 1000 रुपये हर महीने देने का वादा किया है। वहीं, सत्ताधारी लेफ्ट डेमोक्रैटिक फ्रंट (UDF) ने वर्क फोर्स में महिलाओं की भागीदारी बढ़ाकर 50 प्रतिशत करने का एलान किया है। तीनों गठबंधनों ने एक वादा किया है कि सामाजिक सुरक्षा पेंशन के तहत मिलने वाली राशि को 2000 से बढ़ाकर 3000 रुपये किया जाएगा।
सत्ताधारी LDF ने अपना मैनिफेस्टो जारी करते हुए यह भी बताया कि उसने पिछले 5 साल में कितने वादे पूरे किए। LDF का मैनिफेस्टो जारी करते हुए मुख्यमंत्री पिनराई विजयन ने कहा कि उनकी सरकार ने राज्य में पांच लाख परिवारों को गरीबी से बाहर निकलने में मदद की है। इतना ही नहीं, उन्होंने यह भी कहा कि उनकी सरकार ने सामाजिक सुरक्षा पेंशन को 1600 रुपये से बढ़ाकर 2000 रुपये किया और अब इसे आगे बढ़ाकर 3000 रुपये भी करेंगे।
LDF ने क्या-क्या वादे किए?
LDF ने अपने मैनिफेस्टो में वादा किया है कि गरीबी को पूरी तरह खत्म करने के लिए काम किया जाएगा, कल्याणकारी पेंशन को बढ़ाकर 3,000 रुपये प्रति माह किया जाएगा और स्थानीय स्तर पर उचित स्वास्थ्य सेवा मुहैया कराना है। हाल ही में केरल की लेफ्ट सरकार ने घोषणा की थी कि राज्य में अत्यधिक गरीबी को खत्म कर दिया गया है और कल्याणकारी पेंशन को 1,600 रुपये से बढ़ाकर 2,000 रुपये कर दिया गया है। एलडीएफ ने कहा है कि उसकी योजना लगभग पांच लाख सबसे गरीब परिवारों की पहचान करने और टारगेटेड मदद के जरिए उन्हें गरीबी से ऊपर उठने में मदद करने की है। अनुसूचित जाति, मछुआरे और अंत्योदय योजना के लाभार्थियों जैसे कमजोर समूहों पर विशेष ध्यान दिया जाएगा।
यह भी पढ़ें: इडुक्की: केरल कांग्रेस के धड़ों की लड़ाई, LDF को कैसे हरा पाएगा UDF?
एलडीएफ ने बुजुर्गों और चलने-फिरने में अक्षम मरीजों की बेहतर देखभाल का भी वादा किया है। मैनिफेस्टो में कहा गया है कि पढ़ाई पूरी करने वाले छात्रों के लिए कैंपस में प्लेसमेंट और कौशल प्रशिक्षण कार्यक्रमों के विस्तार का काम किया जाएगा। नौकरी चाहने वालों को ‘बैक टू कैंपस’ पहल से रोजगार के अवसरों से जुड़े व्यावहारिक कौशल हासिल करने में मदद मिलेगी। महिलाओं का रोजगार भी एक प्रमुख लक्ष्य है। एलडीएफ का उद्देश्य वर्कफोर्स में महिलाओं की भागीदारी को 50 प्रतिशत तक बढ़ाना है। महिलाओं को रोजगार प्राप्त करने में सहायता के लिए सुरक्षित यात्रा, बाल देखभाल और कौशल प्रशिक्षण जैसी सहायता प्रणालियों को मजबूत किया जाएगा।
UDF के मैनिफेस्टो में क्या है?
यूडीएफ ने अपने मैनिफेस्टो को '5+1' गारंटी के रूप में जारी किया है। एर्नाकुलम में वीडी सतीशन और रेवंत रेड्डी समेत कई वरिष्ठ नेताओं ने यह मैनिफेस्टो जारी किया। इसमें UDF ने वादा किया है कि जिस तरह तेलंगाना के मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी की सरकार ने 100 दिन में अपने वादे पूरे किए, उसी तरह केरल की सरकार भी 100 दिन में अपने वादे पूरी करेंगी।
यह भी पढ़ें: 18% ईसाई वोट के सहारे थी BJP, FCRA बिल से केरल में कर लिया 'सेल्फ गोल'?
UDF का वादा है कि उसकी सरकार बनी तो महिलाओं के लिए सरकारी बसों में यात्रा मुफ्त होगी। साथ ही, दिव्यांगों, विधवाओं और बुजुर्गों को मिलने वाली पेंशन को 2000 रुपये से बढ़ाकर 3000 रुपये किया जाएगा। इसके अलावा, कॉलेज जाने वाली लड़कियों को हर महीने 1000 रुपये दिए जाएंगे। कांग्रेस नेता वी डी सतीशन ने बताया है कि UDF की सरकार बनने पर हर परिवार को 25-25 लाख रुपये का हेल्थ इंश्योरेंस दिया जाएगा।
इसके अलावा, छोटे कारोबारियों को 5 लाख का ब्याज मुक्त लोन, राज्य में विमानन क्षेत्र के विकास, आशा और आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं जैसे कर्मियों के वेतन में संशोधन, 100 करोड़ रुपये के कारोबार वाले सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यमों (MSME) को वित्तीय सहायता और वायनाड में एक जनजातीय विश्वविद्यालय की स्थापना का भी वादा किया गया है।
NDA के पिटारे में क्या है?
केरल में अपने पांव जमाने में लगी बीजेपी ने भी सामाजिक पेंशन को बढ़ाकर 3000 रुपये करने का वादा किया है। इसके अलावा, गरीब परिवारों को साल में दो LPG सिलिंडर मुफ्त देने का वादा किया है। इसमें से एक सिलिंडर ओणम पर और दूसरा क्रिसमस पर देने का वादा किया गया है।
यह भी पढ़ें: केरल में इस बार किन मुद्दों पर चुनाव लड़ रहे हैं LDF, UDF और NDA?
केरल में बीजेपी ने हर परिवार को 20 हजार लीटर पानी हर महीने मुफ्त में देने का वादा किया है। इसका कारण यह है कि कई जिलों में पानी से घिरे इलाकों में रहने वाले लोगों को भी खरीदकर पानी पीना पड़ता है। बीजेपी ने केरल के देवासम बोर्ड में सुधार करने और मंदिरों के संरक्षण का भी वादा किया है।
बता दें कि केरल की सभी 140 विधानसभा सीटों 9 अप्रैल को वोटिंग होगी और सभी सीटों के नतीजे 4 मई को आएंगे। 10 साल से सत्ता पर काबिज LDF को इस बार UDF तगड़ी टक्कर दे रहा है।
