पंजाबी अभिनेता और सिंगर दिलजीत दोसांझ की फिल्म 'सतलुज' को लेकर विवाद छाया हुआ है। इस फिल्म को 3 जुलाई को जी5 पर रिलीज किया गया था। रिलीज के दो दिन बाद ही इसे जी5 से हटा दिया गया है। यह फिल्म मानवाधिकार कार्यकर्ता जसवंत सिंह खालरा के जीवन पर बनी है। उनकी यह फिल्म ऑनलाइन लीक हो गई है। इस फिल्म को ट्विटर समेत अन्य प्लेटफॉर्म पर एचडी में देख सकते हैं। सोशल मीडिया पर लोग इस फिल्म के स्क्रीनशॉट शेयर कर रहे हैं। दिलजीत ने फिल्म को ओटीटी प्लेटफॉर्म से हटाने पर अपना रिएक्शन दिया था। 

 

उन्होंने कहा, 'मैंने जानबूझकर फिल्म की प्रमोशन नहीं की थी क्योंकि मुझे पता था कि इस फिल्म को रिलीज नहीं होने दिया जाएगा। मेरा लक्षय था कि जसंवत सिंह खालरा की कहानी को लोगों तक पहुंचाऊं जो मैंने किया। उन्होंने कहा कि आप मुझे जितने चाहें परेशान कर सकते हैं। मैं अपनी आखिरी सांस तक पंजाब के साथ रहूंगा।'

 

यह भी पढ़ें: सुमोना चक्रवर्ती ने करवाई एंडोमेट्रियोसिस सर्जरी, जानिए इस गंभीर बीमारी के लक्षण

'सतलुज' के रिलीज से दिलजीत खुश

दिलजीत ने अपने लाइव सेशन में कहा, 'मैं और टीम के लोग जानते थे ऐसा होगा। यह घटना 1995 की है और ये नहीं चाहते हैं कि इसके बारे में बात हो। आज भी ऐसा हो रहा है। हद हो गई है। मैं थोड़ा दुखी हूं। हम अब भी वहीं खड़े हैं, यह 2026 है। हमने इसी वजह से यह फैसला लिया था कि फिल्म को पहले से प्रमोट नहीं करेंगे। यह उम्मीद थी कि ऐसा होगा। हमने इसी वजह से इस फिल्म के बारे में किसी को बताया ही नहीं था। अगर हम 2 दिन पहले बता देते तो रिलीज नहीं हो पाती लेकिन मुझे खुशी है कि यह फिल्म लोगों तक पहुंची है। आपके पास फिल्म, लोगों ने इसे डाउनलोड किया है और आज के युवा इसके बारे में बात कर रहे हैं।'

 

उन्होंने कहा, 'मुझे उम्मीद थी ऐसा होगा जब मंडे को वीकेंड के बाद ऑफिस खुलेंगे लेकिन यह उम्मीद नहीं थी कि संडे की समय में ही ऐसा हो जाएगा। मैं जहां हूं वहां पर संडे की शाम है। मेरे दिमाग में यह चीज पहले से थी। मेरे लिए यह शॉकिंग नहीं था लेकिन मुझे इतनी जल्दी की उम्मीद नहीं थी। इस फिल्म को बहुत मुश्किलों को सामना करना पड़ा । इस फिल्म को बनाने में डेढ़ साल लग गए और एडिट करने के बाद भी 4 साल तक फंसी रही। मैं 2 साल तक इस फिल्म से जुड़ा रहा और हनी पाजी ने 6 साल दे दिए।'   

 

यह भी पढ़ें: 'सेहर होने को है' में छाईं भाविका शर्मा, बनाई अपनी जगह, ऋषिता कोठारी को भूले लोग

दिलजीत ने कहा- 'डाउनलोड है तो शेयर करो'

दिलजीत ने आगे कहा, 'सतलुज भारत में सिर्फ 48 घंटे के लिए ऑनलाइन थी। मुझे इसकी खुशी है। लोगों ने इस फिल्म को देखा, इसे डाउनलोड किया और इसकी कहानी के बारे में बात कर रहे हैं। इस फिल्म के लिए पूरी कास्ट ने बहुत मेहनत की थी और लोगों तक पहुंच रही है। मैंने एक वीडियो देखी थी जिसमें गुरुद्वारा साहिब में फिल्म की स्क्रीनिंग रखी गई थी। मैं यही कहना चाहूंगा कि यह आपकी फिल्म है। इसे डाउनलोड करके अपने दोस्तों को दिखाएं।'

 

 

 

'सतलुज' को रोकने वालों पर दिलजीत ने कहा, 'आप किसी को एक व्हाट्सएप नोट भेजो वो डिलीट नहीं होता है पूरी तरह से इंटरनेट से, इन्हें लगता है फिल्म गायब हो जाएगी। पता नहीं ये भोले हैं या बेवफूक हैं।' पहले इस फिल्म का नाम पंजाब 95 था जिसे बदलकर सतलुज कर दिया गया। इस फिल्म का निर्देशन हनी तेहरान ने किया है। इस फिल्म में सेंट्रल बोर्ड ऑफ फिल्म सर्टिफिकेशन (CBFC) ने 120 कट लगाने के लिए कहा था। मेकर्स इस बात के लिए तैयार नहीं थे।