पंजाबी गायक और अभिनेता दिलजीत दोसांझ और अर्जुन रामपाल की नई फिल्म 'सतलुज' अब ओटीटी प्लेटफॉर्म जी 5 पर आ चुकी है। एंटरटेनमेंट की दुनिया में इस फिल्म की बहुत चर्चा हो रही है क्योंकि इसमें 25 हजार गायब लोगों का सच दिखाया गया है। यह फिल्म पंजाब के सोशल वर्कर जसवंत सिंह खालरा की जिंदगी की सच्ची कहानी पर बनी है, जिन्होंने लोगों को इंसाफ दिलाने के लिए अपने जीवन का बलिदान दे दिया था। हनी त्रेहान के डायरेक्शन में बनी यह फिल्म दिखाती है कि कैसे एक आम इंसान सच्चाई के लिए अपनी जान की परवाह किए बिना पूरे सिस्टम के खिलाफ अकेला खड़ा हो गया। सिनेमा देखने वालों के लिए यह एक ऐसी दमदार और सच्ची कहानी है जो सीधे दिल को छूती है।

 

फिल्म की कहानी मुख्य रूप से 1980 और 1990 के समय की है। उस समय पंजाब में बहुत अशांति थी और हजारों लोग अचानक गायब हो रहे थे। उनके परिवार बहुत डरे हुए थे। ऐसे माहौल में बैंक में काम करने वाले जसवंत सिंह खालरा जिनका किरदार निभाते हुए दिलजीत दोसांझ नजर आ रहे है। उन्होंने ने एक बड़ा कदम उठाया और हिम्मत दिखाते हुए लगभग 25,000 से ज्यादा लापता लोगों का सच दुनिया के सामने लाने की ठानी। उनकी यह खोज कई सालों तक चली और इस वजह से उनके परिवार को बहुत दुख झेलना पड़ा।

 

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सच की लड़ाई

जब जसवंत सिंह सच के करीब पहुंचने लगे तो ताकतवर लोग उन्हें रोकने की कोशिश करने लगे। फिल्म के ट्रेलर में एक सीन है जहां पुलिस अफसर सुविंदर विक्की जसवंत सिंह को साफ धमकी देता है कि पुलिस के खिलाफ बोलना उनकी जान के लिए खतरनाक हो सकता है, जसवंत सिंह किसी भी धमकी से नहीं डरे। उनका मुकाबला उन लोगों से था जिन्होंने अपनी ताकत का गलत इस्तेमाल किया था। यह फिल्म असली जिंदगी के संघर्ष और दर्द को दिखाती है।

 

इस फिल्म को दर्शकों तक पहुंचाने के लिए मेकर्स को तीन साल तक लंबी लड़ाई लड़नी पड़ी। सबसे पहले इस फिल्म का नाम 'घल्लूघारा' रखा गया था। जब साल 2022 के आखिर में इसे सेंसर बोर्ड के पास भेजा गया तो बोर्ड ने फिल्म में 21 कट लगाने को कहा और नाम बदलकर 'पंजाब 95' करने का आदेश दिया। इसके खिलाफ फिल्म निर्माता बॉम्बे हाई कोर्ट भी गए। इसी विवाद के कारण फिल्म को साल 2023 के टोरंटो फिल्म फेस्टिवल से भी हटा दिया गया था। आखिर में नाम बदलकर 'सतलुज' किया गया और अब यह फिल्म बिना किसी कट के पूरी की पूरी रिलीज हो पाई है।

 

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फिल्म से जुड़ाव

दिलजीत दोसांझ ने कहा कि यह फिल्म उनके करियर की सबसे जरूरी फिल्म है। जसवंत सिंह खालरा जी का त्याग ही सबसे बड़ी वजह थी जिसके कारण उन्होंने यह रोल चुना। दिलजीत ने बताया कि जब उन्होंने पहली बार कहानी सुनी तो वह हैरान रह गए जानकर कि यह असली लोगों के दर्द की कहानी थी। फिल्म में दिलजीत के साथ अर्जुन रामपाल, कंवलजीत सिंह, सुविंदर विक्की, गीतिका विद्या और वरुण बडोला जैसे कलाकारों ने बहुत अच्छा काम किया है।

 

इस फिल्म को आरएसवीपी के रानी स्क्रूवाला और मैकगफिन पिक्चर्स के हनी त्रेहान और अभिषेक चौबे ने मिलकर बनाया है। निर्माता रोनी स्क्रूवाला ने कहा है कि वह हमेशा ऐसी सच्ची और जरूरी कहानियां बनाना पसंद करते हैं जो लोगों के दिलों को छुएं। जी 5 के अधिकारियों ने बताया कि उनका प्लेटफॉर्म ऐसी साहसिक और सच पर बनी कहानियों को पूरी दुनिया के लोगों तक पहुंचाने के लिए हमेशा तैयार रहता है।  इस फिल्म को हम जी 5 पर देख सकते है।