ईरान के नए सर्वोच्च नेता मोजतबा खामेनेई जिंदा या नहीं... उनका स्वास्थ्य कैसा है। क्या वह इजरायल की बमबारी में घायल हो चुके हैं? सोशल मीडिया से इजरायल और अमेरिकी मीडिया तक यह कयासबाजी जारी है। इस बीच ईरान के सरकारी मीडिया ने मोजतबा खामेनई का एक छोटा सा वीडियो जारी किया है। हालांकि इसमें यह स्पष्ट नहीं है कि वीडियो कब का है। 

 

इस्लामिक रिपब्लिक ऑफ इरान ब्रॉडकास्टिंग यानी IRIB ने अपने एक्स अकाउंट पर 1 मिनट 19 सेंकड लंबा वीडियो साझा किया। इसमें मोजतबा खामेनेई बंद स्थान में एक छोटी सभा के सामने धार्मिक अध्ययन पर व्याख्यान दे रहे हैं। माना जा रहा है कि ईरानी मीडिया ने वीडियो जारी करके मोजतबा खामेनेई की सेहत से जुड़ी तमाम अटकलों का खंडन करने का प्रयास किया है। 

 

28 फरवरी की सुबह अमेरिका और इजरायल ने संयुक्त सैन्य अभियान में ईरान के सर्वोच्च नेता अली खामेनेई और उनके कई रिश्तेदारों को मार दिया था। बेंजामिन नेतन्याहू ने अली खामेनेई की आखिरी फोटो देखने के बाद उनकी मौत का ऐलान किया था। कुछ मीडिया रिपोर्ट्स में दावा किया गया कि इसी हमले में मोजतबा खामेनेई भी चोटिल हुए थे। पिता की मौत के बाद ईरान ने मोजतबा खामेनेई को देश का तीसरा सर्वोच्च धार्मिक नेता चुना। मगर वह सार्वजनिक तौर अभी तक नहीं दिखे। इसके बाद से ही उनके स्वास्थ्य से जुड़ी अटकलों का बाजार गर्म हो गया। 

 

 

 

 

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मोजतबा पर किसने क्या दावा किया?

  • कतर के मीडिया का दावा है कि मोजतबा रूस की राजधानी मॉस्को में हैं। वहां उनका इलाज चल रहा है।
  • अमेरिकी मीडिया का कहना है कि मोजतबा कोमा में हैं। उनका चेहरा हमले में बुरी तरह से बिगड़ चुका है।
  • ईरान के विपक्षी मीडिया ने बताया कि मोजतबा के पैर में चोट आई है। उनकी पत्नी और बच्चे की जान जा चुकी है।

मोजतबा पर ट्रंप क्या बोले?

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप भी मोजतबा खामेनेई के स्वास्थ्य पर सवाल उठा चुके हैं। कुछ दिन पहले ट्रंप ने कहा था कि मुझे नहीं पता है कि वह जिंदा हैं या मर चुके हैं। कोई भी उन्हें पूरी तरह से स्वस्थ नहीं बता रहा है। उन्हें किसी ने नहीं देखा है। यह सामान्य नहीं है। 

 

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लिखित संदेश ने और बढ़ाया सस्पेंस

बता दें कि कुछ दिन पहले मोजतबा खामेनेई ने एक लिखित संदेश जारी किया था। यह भी एक असामान्य घटना थी, क्योंकि ईरान में अधिकांश मौके पर सर्वोच्च नेता ने ऑडियो या वीडियो के फॉर्मेट में ही संदेश जारी करने का चलन था। मगर लिखित संदेश के बाद अटकलों को और भी बल मिला।अपने संदेश में मोजतबा ने अमेरिका और इजरायल से एक-एक खून का बदला लेने और होर्मुज जलडमरूमध्य को रणनीति के तौर पर इस्तेमाल करने का संदेश दिया था। उन्होंने खाड़ी देशों को भी तुरंत अमेरिकी अड्डे खाली करने की धमकी दी थी।