28 फरवरी को ईरान के साथ जारी युद्ध के बाद पहली बार इजरायली सेना ने लेबनान में सबसे बड़ा हमला किया है। इजरायली वायुसेना के मुताबिक 10 मिनट में 100 ठिकानों पर 160 से अधिक बमों से हमला किया गया है। दक्षिणी लेबनान, बेका घाटी और राजधानी बेरूत में हिजबुल्लाह के कमांड और अन्य बुनियादी ढांचों को तबाह किया गया है।
इजरायली सेना ने अपने बयान में बताया कि ऑपरेशन रोरिंग लायन के बाद हिजबुल्लाह के खिलाफ यह सबसे बड़ा हमला है। इनमें से कई ठिकानें आबादी के बीचोंबीच मौजूद थे। यह हिजबुल्लाह की वह घिनौनी साजिश है, जिसमें वह लेबनानी नागरिकों को मानव ढाल बनाता है, ताकि वह अपने अभियान को सुरक्षित रख सके। इजरायली सेना ने आगे बताया कि उसने हमलों में रादवान फोर्स, सौनिक यूनिट के बुनियादी ढांचे, रॉकेट, खुफिया मुख्यालय और कार्यालय को निशाना बनाया है।
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मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक इजरायल की ताजा बमबारी में पूरे लेबनान में सैकड़ों नागरिकों की जान गई है। अदलून शहर में तीन लड़कियों की मौत हुई है। वहीं तटीय शहर सैदा में लेबनान के प्रसिद्ध शिक्षाविद और धार्मिक शख्सियत अल-नाबुलसी की मौत की भी खबर है। उधर, बेका घाटी के एक गांव में अंतिम संस्कार हो रहा था। तभी यहां इजरायल ने हमला कर दिया। कम से कम 10 लोगों की मौत की खबर है। रेड क्रॉस का कहना है कि हमले के बाद से 100 एंबुलेंस लोगों को मदद पहुंचा रही हैं।
निहत्थे लोगों को मार रहा इजरायल: लेबनानी पीएम
लेबनान के प्रधानमंत्री नवाफ सलाम ने इजरायल पर घनी आबादी वाले इलाके पर हमला करने और निहत्थे लोगों को मारने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा, 'इजरायल युद्ध को रोकने के सभी क्षेत्रीय और अंतरराष्ट्रीय प्रयासों की पूरी तरह से अनदेखी कर रहा है। वह अंतरराष्ट्रीय कानून और अंतरराष्ट्रीय मानवीय कानून के सिद्धांतों का भी पूरी तरह से उल्लंघन कर रहा है।' लेबनान के राष्ट्रपति जोसेफ औन ने इजरायली हमलों को बर्बर बताया और कड़ी निंदा की।
युद्धविराम के बाद ईरान ने कहां-कहां किया हमला?
अमेरिका और ईरान के बीच युद्धविराम के कुछ घंटे बाद ही लवान द्वीप पर स्थित एक ईरानी तेल रिफाइनरी पर हमले की खबर है। बदले में ईरान ने कुवैत, बहरीन और यूएई पर हमला करके जवाब दिया है। हालांकि इजरायल ने हमले की बाद से इंकार किया है।
संयुक्त अरब अमीरात के रक्षा मंत्रालय ने कहा कि देश का एयर डिफेंस सिस्टम ईरानी मिसाइलों और ड्रोन का सामना कर रहा है। वहीं बुधवार तड़के अबू धाबी के हबशान गैस परिसर में मलबा गिरने से लगी आग के बाद यहां अस्थायी तौर पर परिचालन निलंबित कर दिया गया है। दो अमीराती और एक भारतीय नागरिक के घायल होने की भी खबर है।
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कुवैत के रक्षा मंत्रालय ने बताया कि उसके एयर डिफेंस सिस्टम ने ईरान के शत्रुतापूर्ण हमलों का जवाब दिया है। कुल 28 ड्रोन को मार गिराया है। कुछ ड्रोनों ने बिजली और महत्वपूर्ण प्रतिष्ठानों को निशाना बनाया है।
बहरीन की राजधानी मनामा में बुधवार सुबह तेज धमाकों की आवाज सुनी गई। बहरीन के गृह मंत्रालय ने हमलों की पुष्टि की और कहा कि मलबा गिरने से दो नागरिकों को मामूली चोट आई है। कई घरों को नुकसान पहुंचा है। उधर, सऊदी अरब ने भी बताया कि कुछ घंटे में ही नौ ड्रोनों को रोका गया है।
