पाकिस्तान में एक बड़ा राजनीति तनाव पैदा हो गया है, उत्तरी पाकिस्तान के खैबर पख्तूनख्वा राज्य में इमरजेंसी लगा दी गई है। राज्य के मुख्यमंत्री सोहेल अफरीदी को गिरफ्तार कर लिया गया है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, राष्ट्रपति आसिफ अली जरदारी ने बिगड़ती कानून-व्यवस्था और बढ़ती आतंकी घटनाओं का हवाला देते हुए इमरजेंसी की घोषणा की है।
पाकिस्तान सरकार ने यह फैसला ऐसे समय लिया गया है, जब खैबर पख्तूनख्वा के मुख्यमंत्री सोहेल अफरीदी पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान की रिहाई और उन्हें उचित चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने की मांग को लेकर विरोध मार्च का नेतृत्व कर रहे हैं। बता दें कि खैबर पख्तूनख्वा में पीटीआई की सरकार है, जिसके संस्थापक इमरान खान लंबे समय से जेल में बंद है।
क्यों लगी इमरजेंसी?
राष्ट्रपति आसिफ अली जरदारी ने अपनी घोषणा में कहा है कि खैबर पख्तूनख्वा में आतंकी घटनाएं बढ़ रही थीं। इससे लोगों की जान और संपत्ति को गंभीर खतरा पैदा हो गया है। इसके अलावा सरकारी प्रतिष्ठानों, बुनियादी ढांचे और सुरक्षा एजेंसियों पर हमलों में वृद्धि का भी जिक्र किया गया है।
वहीं पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ के कार्यालय ने कहा कि खैबर पख्तूनख्वा में कानून-व्यवस्था की स्थिति लगातार खराब हो रही थी। केंद्र सरकार ने आरोप लगाया कि प्रांतीय प्रशासन आतंकवाद के खिलाफ अभियान में पर्याप्त सहयोग नहीं कर रहा था, इस मामले में जानबूझकर उदासीन रवैया अपनाया गया। सरकार का कहना है सुरक्षा हालात को नियंत्रित करने और संभावित अस्थिरता को रोकने के लिए असाधारण संवैधानिक कदम उठाना आवश्यक हो गया था।
पीटीआई के प्रदर्शनों के बाद उठाया गया बड़ा कदम
खैबर पख्तूनख्वा को इमरान खान की पार्टी पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ (पीटीआई) का सबसे मजबूत राजनीतिक गढ़ है। यहां इमरान खान के समर्थक प्रांत के विभिन्न शहरों और कस्बों में बड़े मार्च निकाल रहे थे। प्रदर्शनकारी इमरान खान की रिहाई की मांग और केंद्र सरकार की नीतियों के खिलाफ आवाज उठा रहे हैं।
इसके अलावा आर्थिक कठिनाइयों, बढ़ती महंगाई और राजनीतिक असंतोष ने भी इन प्रदर्शनों को बल दिया है। इसको लेकर हजारों समर्थक सड़कों पर उतर रहे हैं और कई स्थानों पर रैलियां और विरोध मार्च भी किया गया। इससे पहले प्रदर्शनकारियों और पार्टी समर्थकों की योजना इस्लमाबाद तक मार्च करने की थी लेकिन मार्च से पहले की सरकार ने इस्लमाबाद को कंटेनरों से सीलबंद कर दिया था।
