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मिलिट्री कैंप पर हूती विद्रोहियों का बड़ा अटैक, 30 जवानों की मौत और 50 घायल

हूती विद्रोहियों ने यमन में बड़ा हमला किया है। दो मिलिट्री कैंपों पर मिसाइलें दागीं। यमन सरकार के मुताबिक 30 लोगों की जान गई और 50 से अधिक घायल है।

Houthi insurgency

हूती विद्रोहियों का बड़ा हमला। (Photo Credit: PTI)

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हूती विद्रोहियों ने यमन के अलावा पूरे लाल लागर क्षेत्र में तनाव बढ़ा रखा है। सऊदी अरब के तेल टैंकरों पर हमले के बाद हूती विद्रोहियों ने यमन के सरकारी बलों पर गुरुवार को बड़ा हमला किया। यमन सरकार के मुताबिक हमले में 30 जवानों की मौत हुई है और 50 से अधिक घायल हैं। हूती विद्रोहियों ने घात लगाकर द्रामौत और मारिब प्रांतों में यमनी सैन्य शिविरों पर मिसाइल बरसा कर भारी तबाही मचाई। साल 2022 के बाद यमन में हुआ यह सबसे घातक हमला है। 

 

यमन की सेना ने बताया कि हूती विद्रोहियों ने मारिब के उत्तर में स्थित अल-जॉफ प्रांत से आठ मिसाइलें दागीं। इनका निशाना हद्रामौत में अल-थिनिया और अल-अब्र व मारिब में अल-रौक था। हालांकि अभी तक हूतियों ने हमले के बारे में कोई बयान नहीं जारी किया गया। 

 

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कहां से बिगड़ा सऊदी अरब और हूती का मामला?

बता दें कि साल 2022 में हूती और सऊदी अरब के बीच सीजफायर हुआ था। लेकिन 13 जुलाई को सना एयरपोर्ट पर सऊदी नेतृत्व वाले सैन्य बलों की एयर स्ट्राइक के बाद मामला बिगड़ गया। जवाब में हूती विद्रोहियों ने सऊदी अरब के आभा एयरपोर्ट पर हमला किया। लाल सागर में सऊदी अरब के खिलाफ समुद्री नाकेबंदी का ऐलान किया। 

होर्मुज से सिर्फ दो और बाब अल-मंदेब से सिर्फ एक जहाज गुजरा

केप्लर के शिपिंग डेटा के मुताबिक बुधवार को स्ट्रेट ऑफ होर्मुज से सिर्फ दो जहाज ही गुजरे हैं। एक जहाज पर पनामा और दूसरे पर मार्शल द्वीप समूह का झंडा लगा है। मंगलवार को यहां से आठ जहाजों निकले हैं। 28 फरवरी से पहले स्ट्रेट ऑफ होर्मुज से प्रतिदिन लगभग 130 से 140 जहाज गुजरते थे। लाल सागर पर स्थित बाब अल-मंदेब से बुधवार को बहामास के झंडे वाला एक जहाज गुजरा। जबकि मंगलवार को यह संख्या 20 थी।

 

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निशाने पर सऊदी तेल टैंकर

ईरान युद्ध के बाद से सऊदी अरब अपने अधिकांश कच्चे माल का निर्यात लाल सागर पर स्थित यानबू पोर्ट से करता है। हूती विद्रोहियों की समुद्री नाकेबंदी ने रियाद के इस तेल निर्यात को खतरे में डाल दिया है। बुधवार को हूती विद्रोहियों ने दावा किया कि उन्होंने यानबू पोर्ट के पास एक सऊदी तेल टैंकर पर मिसाइल से हमला किया। वहीं अदन की खाड़ी के पास दूसरे सऊदी तेल टैंकर को निशाना बनाया।  


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