ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला मोजतबा खामेनेई का कहना है कि फारस की खाड़ी में अमेरिकी सेना की मौजूदगी असुरक्षा की सबसे बड़ी वजह है। अगर ईरान स्ट्रेट ऑफ होर्मुज का प्रबंधन करता है तो इससे स्थिरता सुनिश्चित होगी और क्षेत्रीय देशों को लाभ होगा। उन्होंने चेतावनी दी कि क्षेत्र का भविष्य अमेरिकी मौजूदगी से मुक्त होगा। यहां विदेशी शक्तियों का जल की गहराई के अलावा कोई स्थान नहीं है।
मोजतबा खामेनेई का बयान ईरान के सरकारी टेलीविजन पर पढ़ा गया। 28 फरवरी को शुरू हुई जंग के बाद से मोजतबा कई बार लिखित बयान जारी कर चुके हैं। कुछ रिपोर्ट में दावा किया गया कि अमेरिका-इजरायल के हमले में उन्हें गंभीर चोट आई है। कोम शहर में उनका इलाज चल रहा है।
यह भी पढ़ें: 'चार्ल्स पर फिदा थीं मेरी मां...', ब्रिटेन के राजा से मिल ट्रंप को क्या याद आया?
अपने संदेश में मोजतबा ने कहा, 'ईश्वर की कृपा और शक्ति से फारस की खाड़ी क्षेत्र का उज्ज्वल भविष्य अमेरिका के बिना होगा। एक ऐसा भविष्य जो यहां के लोगों की प्रगति आराम और समृद्धि में योगदान देगा। हम फारस की खाड़ी और ओमान की खाड़ी के पार स्थित हमारे पड़ोसी एक साझा भाग्य के भागीदार हैं। हजारों किलोमीटर दूर से आकर लालच और द्वेष से काम करने वाले विदेशियों का यहां कोई स्थान नहीं है, सिवाय इसके जल की गहराई में।'
परमाणु कार्यक्रम पर क्या बोले मोजतबा?
ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला खामेनेई ने कहा कि देश अपनी रणनीतिक सैन्य और तकनीकी क्षमताओं की रक्षा करना जारी रखेगा और क्षेत्र में अमेरिकी प्रभाव को पूरी तरह से खारिज करता है। मोजतबा खामेनेई ने परमाणु कार्यक्रम मामले में अपने पिता से अलग रुख अपनाया। परमाणु और मिसाइल क्षमता की रक्षा करने की बात कही।
अपने संदेश में मोजतबा ने कहा, 'देश के अंदर और बाहर रहने वाले 90 मिलियन गौरवान्वित और सम्मानित ईरानी देश की पहचान पर आधारित सभी आध्यात्मिक, मानवीय, वैज्ञानिक, औद्योगिक और तकनीकी नैनो तकनीक, जैव प्रौद्योगिकी से परमाणु और मिसाइल क्षमताओं तक को राष्ट्रीय संपत्ति मानते हैं और उनकी रक्षा उसी तरह करेंगे, जैसे देश के जल, भूमि और हवाई क्षेत्र की रक्षा करते हैं।
यह भी पढ़ें: 'मैं तो कोहिनूर मांग लेता...', ट्रंप और किंग चार्ल्स की मुलाकात पर बोले ममदानी
ईरान की नौसेना ने दी बड़ी धमकी
ईरान की नौसेना ने अमेरिका को एक नई चेतावनी जारी की है। नौसेना कमांडर शाहराम ईरानी ने कहा कि ईरान जल्द ही नई समुद्री क्षमताओं का प्रदर्शन करेगा। दुश्मन अपने आसपास ऐसे हथियार देखेंगे, जिससे वे बहुत डरते हैं।
दूसरी तरफ आईआरजीसी के एयरोस्पेस फोर्स कमांडर माजिद मूसावी ने भी अमेरिकी सेना को चेतावनी दी है। उनका कहना है कि ईरान अमेरिकी हमलों का जवाब लंबे और भीषण हमलों से देगा... भले ही उसके हमले छोटे हो। धमकी में आगे कहा कि हमने इलाके में आपके ठिकानों का हाल देखा। हम आपके जहाजों का भी हाल देखेंगे।