अमेरिका और इजरायल ने ईरान के साथ ऐसी जंग शुरू की है, जिसका खामियाजा, खाड़ी के देश भुगत रहे हैं। ईरान के साथ किसी जमाने में उनकी गहरी दोस्ती थी लेकिन डोनाल्ड ट्रंप और बेंजामिन नेतन्याहू की युद्ध नीति ने उन्हें भी दोस्त के खिलाफ जंग में उतार दिया है। अमेरिका और इजरायल के साथ जंग में संयुक्त अरब अमीरात (UAE) जैसे देश पिस रहे हैं। इस जंग का नुकसान ईरान और इजरायल से ज्यादा UAE को हो रहा है।
युद्ध शुरू हुए 11 दिन हो चुके हैं। ईरान ने जवाबी हमले में UAE पर 1,700 से ज्यादा मिसाइलें और ड्रोन दागे हैं। UAE की रक्षा मंत्रालय के अनुसार, इनमें से 90 फीसदी से ज्यादा को उनके इंटरसेप्टर, फाइटर जेट्स और हेलीकॉप्टरों ने रोक लिया। फिर भी कुछ मिसाइलें और ड्रोन UAE में गिरे, जिनसे घरों, दफ्तरों और सड़कों पर नुकसान हुआ। अब तक 4 आम नागरिक मारे गए हैं।
ईरान ने UAE पर सबसे ज्यादा हमले किए हैं, यहां तक कि इजरायल से भी ज्यादा। ईरान का कहना है कि वह अपने 60 फीसदी हथियारों से अमेरिका के सैन्य बेस और अरब देशों में अमेरिकी निवेश पर हमला कर रहा है। 40 फीसदी क्षमता के साथ ईरान इजरायल को तबाह कर रहा है।
UAE पर हमला करने से ईरान को क्या मिलेगा?
दुबई दुनिया की अर्थव्यवस्था का बड़ा केंद्र है। ईरानी नेता इसे पश्चिमी वैश्विक अर्थव्यवस्था की नींव मानते हैं। हमले से दुनिया की अर्थव्यवस्था हिल सकती है। दुबई में होटल, एयरपोर्ट और जेबेल अली पोर्ट के पास धमाके किए गए हैं। इनसे कोई बड़ा नुकसान नहीं हुआ, लेकिन लोगों में डर फैल गया। हजारों पर्यटक और विदेशी नागरिक देश छोड़ने की कोशिश कर रहे हैं।
संयुक्त अरब अमीरात में ईरान के मिसाइल हमले। Photo Credit: PTI
UAE ईरान का बड़ा व्यापारिक साझेदार है। 2024 में दोनों के बीच 28 अरब डॉलर का व्यापार हुआ। UAE में करीब 5 लाख ईरानी रहते हैं लेकिन UAE अमेरिका का करीबी सहयोगी है। UAE ने अमेरिका से अरबों डॉलर के हथियार खरीदे हैं, जो अब ईरान के हमलों से बचाव कर रहे हैं।
UAE ही क्यों निशाने पर है?
ईरान UAE को निशाना बना रहा है क्योंकि यह अमेरिका का प्रमुख सहयोगी है और भौगोलिक रूप से बहुत नजदीक है। ईरान से UAE की दूरी समुद्री पहुंच से सिर्फ 100 किलोमीटर दूर है। ईरान इसलिए ही बैलिस्टिक मिसाइल से भीषण तबाही मचा रहा है। UAE ने युद्ध से पहले कहा था कि वह अपने ठिकानों या हवाई क्षेत्र का इस्तेमाल ईरान पर हमले के लिए नहीं होने देगा फिर भी ईरान ने उसे निशाना बनाया।
UAE के राष्ट्रपति मोहम्मद बिन जायद ने चेतावनी दी है कि UAE आसान शिकार नहीं है। शुरुआत में लोग अमेरिका और इजरायल के फैसले से नाराज थे, लेकिन ईरान के हमलों से गुस्सा ईरान पर आ गया है। ईरान के राष्ट्रपति ने पड़ोसियों से माफी मांगी है और कहा कि अब पड़ोसियों पर हमला नहीं करेंगे, लेकिन फिर भी नए हमले हो रहे हैं। दुबई में कई लोग सामान्य जीवन जीने की कोशिश कर रहे हैं, लेकिन जंग के आसार मंडरा रहे हैं।