भारत में 21 जून को नीट जी के री एग्जाम होने वाला है। उससे ठीक पहले भारत के इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी (IT) मंत्रालय ने बड़ा फैसला लिया है। इस फैसले के मुताबिक कुछ दिनों के लिए टेलीग्राम ऐप को बैन कर दिया गया, ताकि पेपर लीक न हो। आईटी मंत्रालय के इस फैसले को लेकर टेलीग्राम के सीईओ पावेल ड्यूरोव ने विरोध किया। पावेल ड्यूरोव का मानना है कि इस फैसले से पेपर लीक होने की समस्या खत्म नहीं होती है, बल्कि सिर्फ पेपर लीक होने का माध्यम बदल जाता है। साथ ही पावेल ने दावा किया कि भारत सरकार के इस फैसले की वजह से भारत के 15 करोड़ टेलीग्राम यूजर्स को नुकसान पहुंचेगा।
टेलीग्राम के सीईओ ने भारत में टेलीग्राम बैन को लेकर अपने एक्स अकाउंट पर पोस्ट किए थे, जिसमें उन्होंने भारत सरकार के फैसले की आलोचना की है। जानकारी के लिए बता दें कि भारत में 22 जून तक टेलीग्राम बैन लगाया गया है। इसके अलावा ऐप का मैसेज एडिट करने वाला फीचर 30 जून तक बंद रहेगा।
यह भी पढ़ें: 'हमारे ऊपर हाथ उठा लें, हम हाथ नहीं उठाएंगे', थप्पड़ कांड पर बोले अभिजीत दीपके
पावेल ड्यूरोव ने क्या कहा?
16 जून को पावेल ने अपने एक्स अकाउंट बताया भारत सरकार ने टेलीग्राम ऐप बैन कर दिया है, ताकि पेपर लीक न हो और छात्र पेपर शेयर न करें। इससे पिछले एग्जाम में कुछ लोगों ने लीक पेपर शेयर किया था। इसी वजह से यह फैसला लिया गया है। इसके बाद पावेल ड्यूरोव ने लिखा कि सरकार के इस फैसले से पेपर लीक करने वाले लोगों को सजा नहीं मिलती है, बल्कि भारत के 15 करोड़ टेलीग्राम यूजर्स को सजा मिली है।
इसके अलावा पावेल ड्यूरोव ने लिखा था कि पिछले कुछ दिनों में उनकी कंपनी ने पेपर शेयर करने वाले कई चैनलों को हटा दिया है। साथ ही पावेल ने लिखा कि उनकी कंपनी एडिटेड लेबल को दिखाने के लिए काम कर रही है ताकि फ्रॉड को रोका जा सके।
अपने पोस्ट में पावेल ने लिखा, 'इस बैन की वजह से पेपर लीक को नहीं रोका जा सकता है, बल्कि लीक होने वाली चीजों को दूसरे ऐप्स में शिफ्ट किया गया है।'
यह भी पढ़ें: क्या है टॉमहॉक मिसाइल, जिसका DRDO ने किया टेस्ट? कराची भी भारत की जद में
पावेल ने दूसरे ऐप्स पर साधा निशाना
पावेल ने पोस्ट के जरिए कहा था कि क्वेश्चन पेपर दूसरे ऐप्स पर भी शेयर हो सकते हैं। पावेल की इस बात से संकेत लगाया जा रहा है कि उन्होंने व्हाट्सऐप पर निशाना साधा है।