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महीने की पहली तारीख को ही महंगी हो गई LPG, बढ़ गए कमर्शियल गैस के दाम

1 अक्टूबर से कमर्शियल LPG सिलेंडर के दाम 71.50 रुपये तक बढ़ गए हैं। हालांकि राहत की बात यह है कि घरेलू सिलेंडर की कीमतों में कोई बदलाव नहीं हुआ है।

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कमर्शियल सिलेंडर, Photo Credit- Social media

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अक्टूबर महीने की शुरुआत होते ही कारोबारियों को महंगाई का झटका लगा है। त्योहारों का सीजन शुरू होने से ठीक पहले सरकार ने कमर्शियल LPG सिलेंडर की कीमतों में बढ़ोतरी कर दी है। आज यानी 1 अक्टूबर से देश के अलग-अलग शहरों में कमर्शियल सिलेंडर के दाम 60 रुपये से लेकर 71.50 रुपये तक बढ़ गए हैं। दिल्ली में अब यह सिलेंडर 62.50 रुपये महंगा होकर 2,810 रुपये का हो गया है, जबकि सितंबर में इसकी कीमत 2,747.50 रुपये थी। 

 

वहीं दूसरी ओर, आम लोगों के लिए राहत भरी खबर है। घरेलू LPG सिलेंडर के दामों में कंपनियों ने कोई बदलाव नहीं किया है। यानी घरेलू सिलेंडर पहले वाले रेट पर ही मिलता रहेगा। दिल्ली में घरेलू सिलेंडर 942 रुपये, मुंबई में 941.50 रुपये, लखनऊ में 979.50 रुपये और पटना में 1,031.50 रुपये पर स्थिर बना हुआ है। 

 

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कमर्शियल सिलेंडर के रेट

सरकार की ओर से बढ़ाए गए सिलेंडर के दाम से कारोबारियों को झटका लगा है। कुछ-कुछ शहरों में बहुत ज्यादा रेट बढ़ गया है। पटना की बात करें तो कीमतों में बहुत ज्यादा इजाफा हुआ है। 71.50 रुपये कीमत बढ़ने के बाद अब सिलेंडर का नया रेट  3,100.50 रुपये हो गया है। इसके बाद चेन्नई में सिलेंडर 66.50 रुपये महंगा होकर अब 2,983 रुपये का हो गया है। वहीं मुंबई में 63 रुपये की बढ़ोतरी के साथ कीमत 2,764 रुपये और लखनऊ में 62.50 रुपये बढ़कर रेट 2,932.50 रुपये पहुंच गया है। लद्दाख के लेह में कमर्शियल सिलेंडर देश में सबसे महंगा है। वहां 64.50 रुपये की बढ़ोतरी के बाद अब यह 3,450 रुपये में मिलेगा। इसके अलावा कन्याकुमारी में यह 3,046 रुपये और अरुणाचल के तवांग में 3,073.50 रुपये का हो गया है।

 

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कैसे तय होती हैं LPG की कीमतें?

इंडियन ऑयल के अनुसार, LPG की कीमतें अंतरराष्ट्रीय बाजार में इसके रेट और विदेशी मुद्रा बाजार के आधार पर तय होती हैं। तेल कंपनियां पिछले महीने के औसत अंतरराष्ट्रीय बेंचमार्क को देखकर हर महीने की पहली तारीख को बदलाव करती हैं। हालांकि, सरकार घरेलू सिलेंडर की कीमतों को पूरी तरह बाजार के भरोसे नहीं छोड़ती और जरूरत पड़ने पर दरें स्थिर रखने के निर्देश दे सकती है। इसके अलावा, जरूरतमंद को सरकार सीधे खाते में सब्सिडी भी देती है। जैसे उज्जवला योजना के लाभार्थियों को प्रति सिलेंडर 300 रुपये तक की सब्सिडी मिलती है।

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