मेडिकल एंट्रेस एग्जाम नीट को लेकर देशभर में जमकर विवाद हो रहा है। NTA ने पेपर लीक के बाद नीट परीक्षा की नई तारीखें घोषित कर दी हैं लेकिन इस मुश्किल परीक्षा को लेकर छात्रों में दबाव बना हुआ है। छात्र मानसिक रूप से परेशान हैं और फिर से नीट परीक्षा को लेकर काफी निराश हैं। इस विवाद और अनिश्चितता के बीच एक बेहद दुखद घटना सामने आई है। मध्य प्रदेश के मऊगंज जिले की रहने वाली एक छात्रा ने कथित तौर पर आत्महत्या कर ली। परिवार का आरोप है कि परीक्षा को लेकर सामने आई खबरों और भविष्य को लेकर बढ़ती चिंता के कारण वह लगातार मानसिक दबाव में थी।
जानकारी के अनुसार, मृतक छात्रा आकांक्षा चतुर्वेदी लंबे समय से डॉक्टर बनने का सपना देख रही थी। इसके लिए वह नागपुर में रहकर नीट परीक्षा की तैयारी कर रही थी। परिवार का कहना है कि उसने परीक्षा की तैयारी में काफी मेहनत की थी और परीक्षा देने के बाद उसे उम्मीद थी कि वह नीट में अच्छा प्रदर्शन करेगी। परिवार का कहना है कि उसे लग रखा था कि इस बार वह सिलेक्ट हो जाएगी।
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पेपर लीक से टूटी उम्मीदें
परीक्षा के बाद जब नीट का पेपर लीक होने की खबरें सामने आईं तो आकांक्षा काफी परेशान हुई। इसके बाद से ही वह परेशान रहने लगी और उसका व्यवहार भी बदल गया। वह अपने भविष्य को लेकर चिंतित थी। उसने कई बार परीक्षा दोबारा होने और पूरे प्रयास के बेकार चले जाने की आशंका भी जताई थी।
सुसाइड नोट में क्या लिखा?
घटना के बाद परिजनों को छात्रा के कमरे से एक सुसाइड नोट मिला। नोट में उसने लिखा कि उसमें अब दोबारा परीक्षा देने की हिम्मत नहीं बची है। उसने अपने माता-पिता से माफी भी मांगी और कहा कि वह उनकी उम्मीदों पर खरी नहीं उतर सकी। परिवार के अनुसार, यह पढ़कर सभी लोग टूट गए क्योंकि उन्होंने बेटी की पढ़ाई और उसके सपनों को पूरा करने के लिए हर संभव कोशिश की थी।
किसान क्रेडिट कार्ड से लिया था लोन
परिजनों ने बताया कि बेटी की पढ़ाई और कोचिंग का खर्च उठाने के लिए परिवार ने आर्थिक कठिनाइयों का सामना किया। परिवार ने किसान क्रेडिट कार्ड के जरिए लोन लिया था और रिश्तेदारों से भी आर्थिक मदद ली थी ताकि बेटी डॉक्टर बनने का सपना पूरा कर सके। परिवार को उम्मीद थी कि सालों की मेहनत रंग लाएगी, लेकिन यह घटना पूरे परिवार के लिए बड़ा झटका है।
घटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जांच शुरू की। पुलिस ने छात्रा के नोट को अपने कब्जे में लेकर आगे की कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि मामले के सभी पहलुओं की जांच की जा रही है और आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
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परेशान हैं छात्र
नीट पेपर लीक के बाद से सुसाइड के कई मामले सामने आए हैं। छात्र लगातार एनटीए और सरकार पर सवाल उठा रहे हैं। देशभर में विपक्षी दल प्रदर्शन भी कर रहे हैं। नीट पेपर देश की सबसे कठिन परीक्षाओं में से एक है और इसको लेकर छात्रों पर काफी दबाव रहता है। ऐसे में नीट पेपर फिर से देना छात्रों के लिए काफी दबाव भरा है।