दिल्ली दंगों में जेल काट रहे उमर खालिद और शरजील इमाम को सुप्रीम कोर्ट ने सोमवार को भी जमानत नहीं दी। जमानत याचिका खारिज होने के बाद जवाहर लाल नेहरू यूनिवर्सिटी (JNU) में 5 जनवरी को लेफ्ट संगठनों से जुड़े कुछ छात्रों ने विवादित नारेबाजी की थी। कुछ छात्रों ने 'मोदी-शाह की कब्र खुदेगी, जेएनयू की धरती पर' जैसे नारे दिए थे। इन नारों पर अब हंगामा हो रहा है। जेएनयू के मुख्य सुरक्षा अधिकारी ने वसंत कुंज थाने में नारेबाजी की शिकायत दी है।
सुरक्षा अधिकारी ने अपनी शिकायत में कहा है कि रात 10 बजे, साबरमती हॉस्टल के बाहर JNSU के कुछ छात्र इकट्ठा हुए थे। जेएनयू में 5 जनवरी 2020 को भड़की हिंसा की बरसी मना रहे थे। उन्होंने इसे 'नाइट ऑफ रेजिस्टेंस' का नाम दिया था।
यह भी पढ़ें: JNU में मोदी-शाह के खिलाफ प्रदर्शन, 'कब्र खुदेगी' के नारों पर मचा हंगामा
जेएनयू कैंपस में नारेबाजी करने वाले छात्र कौन हैं?
जेएनयू प्रशासन ने अपनी शिकायत में अदिति मिश्रा, गोपिका बाबू, सुनील यादव, दानिश अली, साद आजमी, महबूब इलाही, कनिष्क, पाकीजा खान, शुभम का नाम शामिल किया है। जेएनयू के मुख्य सुरक्षा अधिकारी ने लिखित तौर पर वसंत कुंज थाने में शिकायत दी है।
शिकायत में कहा गया है कि पहले बताया गया कि यहां 30 से 35 छात्र इकट्ठा होंगे। इस कार्यक्रम में अदिति मिश्रा, गोपीका बाबू, सुनील यादव, दानिश अली, साद आजमी, महबूब इलाही, कनिष्क, पाकीजा खान, शुभम और कई अन्य लोग शामिल थे।
जेएनयू में हुआ क्या था?
कार्यक्रम के दौरान ही उमर खालिद और शरजील इमाम की जमानत याचिका खारिज होने के खिलाफ नारे लगे। कुछ छात्रों ने बेहद आपत्तिजनक नारे लगाए, भड़काऊ बयान दिए। यह सुप्रीम कोर्ट के फैसले की अवमानना है। नारे, लोकतांत्रिक दायरे का भी उल्लंघन करते हैं, जेएनयू की आचार संहिता का उल्लंघन कर रहे हैं। कैंपस के सुरक्षापूर्ण माहौल के लिए यह खतरा है। इसी दौरान 'मोदी-शाह की कब्र खुदेगी, जेएनयू की धरती पर' जैसे आपत्तिजनक नारे दिए गए।
यह भी पढ़ें: 5 आरोपी छूटे लेकिन उमर-शरजील को नहीं मिली जमानत, सुप्रीम कोर्ट ने क्या कहा?
जेएनयू के मुख्य सुरक्षा अधिकारी ने क्या बताया है?
जेएनयू के मुख्य सुरक्षा अधिकारी ने लिखित शिकायत में कहा है कि जो नारे दिए गए, वह साफ-साफ सुनने में आ रहे थे। यह विश्वविद्यालय के शांत वातावरण के लिहाज से ठीक नहीं है। जब यह हंगामा हुआ, तब विश्वविद्याल प्रशासन के सुरक्षा विभाग के अधिकारी वहां मौजूद थे। वे स्थिति पर जनर रख रहे थे।
जेएनयू के सुरक्षा विभाग ने उन अधिकारियों का नाम भी बताया है, जो बैठक में शामिल थे। प्रशासन ने बताया है कि इंस्पेक्टर गोरखनाथ, सुपरवाइजर विशाल कुमार, सुरक्षा गार्ड जय कुमार मीना और पूजा की मौजूदगी में ये नारे लगे हैं। सुरक्षा अधिकारी ने भारतीय न्याय संहिता के तहत केस दर्ज करने की मांग की है।