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नितिन नवीन ने राहुल-अखिलेश को मंदिर पर घेरा, केजरीवाल ने पूछ लिया 'आप कौन हैं?'

बीजेपी अध्यक्ष नितिन नवीन ने रविवार को राहुल गांधी, अखिलेश यादव और अरविंद केजरीवाल के ऊपर हिंदु धर्म को कमजोर करने का आरोप लगाया।

Nitin Nabin and Arvind Kejriwal

नितिन नवीन और अरविंद केजरीवाल।

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भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन रविवार को लखनऊ में शक्ति केंद्र संयोजक सम्मेलन को संबोधित किया। इस दौरान उन्होंने मंच से 2027 में बीजेपी की तीसरी बार सरकार बनाने की बात कही। नवीन ने मंच से ही राम मंदिर में हुई चोरी की घटना को लेकर विपक्ष और विपक्षी नेताओं पर जमकर निशाना साधा।

 

बीजेपी अध्यक्ष ने लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी , सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव और 'आप' अध्यक्ष अरविंद केजरीवाल के ऊपर हिंदु धर्म को कमजोर करने का आरोप लगाया। 

'सांझे में नहीं आएंगे लोग'

रैली में उन्होंने कहा, 'आज मैं राहुल गांधी, अखिलेश यादव और केजरीवाल से कहना चाहता हूं कि हिंदू धर्म को इतना कमजोर मत समझिएगा कि लोग आपके सांझे में आ जाएंगे। क्योंकि जब आपके लोग हिंदू देवी-देवताओं का अपमान करते  हैं, तो आप लोग मौन रहते हैं। सनातन का अपमान यूपी और देश की जनता कभी बर्दाश्त नहीं करेगी। हमने विरासत को संजोया है, इसके लिए हमारे पुरखों ने कुर्बानियां तक दी हैं।'

केजरीवाल ने पूछा- आप कौन हैं?

नितिन नवीन ने जैसे ही यह बयान दिया, उसके फौरन बाद आम आदमी पार्टी के अध्यक्ष अरविंद केजरीवाल ने सवाल दाग दिया। पूर्व ने नितिन नवीन से सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पूछा, 'आप कौन हैं?'

 

 

 

यूपी को बताया ऋषि-मुनियों और संतों की भूमि 

बीजेपी अध्यक्ष ने रैली में उत्तर प्रदेश को ऋषि-मुनियों और संतों की भूमि बताया। उन्होंने कहा कि राम मंदिर मामले पर विपक्ष घड़ियाली आंसू बहा रहा है। कहा, 'आज आस्था के नाम पर घड़ियाली आंसू बहाने वाले लोग कभी आस्था की बात कर ही नहीं सकते। क्योंकि आज बीजेपी के शासनकाल में अयोध्या में राम मंदिर निर्माण से लेकर काशी विश्वानाथ मंदिर तक... विरासत की नई तस्वीर बनी है।'

 

उन्होंने कहा कि वो लोग क्या बात करेंगे जिन्होंने रामसेवकों पर गोलियां चलवाने का काम किया। ऐसे लोग कभी आस्था की बात करने लायक नहीं हैं।

 

बता दें कि नितिन नवीन इस समय यूपी दौरे पर हैं। अपने दौरे पर उन्होंने पूर्व प्रदेश अध्यक्षों के साथ बैठक की। इस दौरान उन्होंने संगठनात्मक और 2027 के विधानसभा चुनाव की रणनीति पर विस्तार से चर्चा की। 


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