logo

मूड

ट्रेंडिंग:

सोमवार के दिन भगवान शिव को जल चढ़ाने का कारण और महत्व

भगवान शिव की उपासना के लिए सोमवार का दिन विशेष महत्व रखता है। आइए जानते हैं, क्यों इस दिन शिवलिंग पर चढ़ाया जाता है जल?

Image of Bhagwan Shiva

भगवान शिव की प्रतिमा।(Photo Credit: Wikimedia Commons)

शेयर करें

google_follow_us

संबंधित खबरें

Advertisement

हिंदू धर्म में सोमवार दिन का अपना एक विशेष महत्व है। सोमवार का दिन भगवान शिव की पूजा के लिए विशेष रूप से महत्वपूर्ण माना जाता है। शिव पुराण और अन्य धार्मिक ग्रंथों में भगवान शिव को जल चढ़ाने की परंपरा का उल्लेख मिलता है। 

 

मान्यता है कि सोमवार के दिन ऐसा करने से ही व्यक्ति को सुख-समृद्धि का आशीर्वाद प्राप्त होता है और जीवन में आने ही समस्याओं का समाधान मिलता है। हालांकि, कई लोगों के मन में यह सवाल उठता है कि सोमवार के दिन भगवान शिव को जल क्यों अर्पित किया जाता है आईए जानते हैं कारण

जल चढ़ाने का धार्मिक कारण

भगवान शिव को जल चढ़ाने की परंपरा समुद्र मंथन से जुड़ी मानी जाती है। पौराणिक कथा के अनुसार, जब देवता और असुरों ने अमृत की प्राप्ति के लिए समुद्र मंथन किया, तो उसमें से विष 'कालकूट' निकला। इस विष के प्रभाव से तीनों लोक जलने लगे। तब भगवान शिव ने इस विष को पीकर संसार को बचाया। 

 

विष के प्रभाव को शांत करने और भगवान शिव के शरीर को ठंडक प्रदान करने के लिए देवताओं और भक्तों ने उन्हें जल अर्पित किया। इसी परंपरा के चलते सोमवार के साथ-साथ प्रत्येक दिन भगवान शिव को जल चढ़ाया जाता है।

सोमवार का विशेष महत्व

सोमवार का नाम चंद्रमा से जुड़ा हुआ है और चंद्रमा भगवान शिव के मस्तक पर विराजमान हैं। चंद्रमा मन का स्वामी माना जाता है और भगवान शिव को मन का स्वामी और शांतिदायक देवता कहा गया है। ऐसा माना जाता है कि सोमवार के दिन शिव की पूजा करने से मानसिक शांति मिलती है और इच्छाएं पूरी होती हैं। 

 

इसके साथ भगवान शिव को जल चढ़ाने से मनुष्य का अहंकार और नकारात्मक भावनाएं समाप्त होती हैं। यह भी कहा जाता है कि जल चढ़ाने से भगवान शिव शीघ्र प्रसन्न होते हैं और भक्तों को आशीर्वाद देते हैं।

 

Disclaimer- यहां दी गई सभी जानकारी सामाजिक और धार्मिक आस्थाओं पर आधारित हैं। Khabargaon इसकी पुष्टि नहीं करता। 


और पढ़ें