विदेशी नस्ल का कुत्ता पालना है, तो जान लीजिए बेस्ट ब्रीड और पालने का खर्च
भारत में विदेशी नस्लों के कुत्तों को पालने का ट्रेंड बढ़ता जा रहा है। सोशल मीडिया से लेकर आम चर्चाओं में पेट केयर को लेकर चर्चा होती रहती है। जानिए की भारत में कौन सी विदेशी नस्ल के कुत्ते पालना बेहतर रहेगा।

सांकेतिक तस्वीर, Photo Credit: AI
आजकल हर घर में पालतू कुत्ता रखने का ट्रेंड तेजी से बढ़ रहा है खासकर Gen-Z और शहरों में रहने वाले परिवार विदेशी नस्ल के कुत्ते पालना चाहते हैं। कई नस्लों के कुत्ते दिखने में सुंदर होते हैं और बच्चों के साथ अच्छे दोस्त बन जाते हैं लेकिन सबसे बड़ा सवाल यह है कि विदेशी नस्ल का कुत्ता पालना आपके बजट में है या नहीं। कहीं ऐसा तो नहीं कि आप कुत्ता घर लें आएं और बाद में आपका बजट ही टाइट हो जाए या आपको लगे की जरूरत से ज्यादा खर्च बढ़ गया है। अगर आप भी यही सोच रहे हैं कि बजट कम है फिर भी अच्छी विदेशी नस्ल का कुत्ता पालना है तो आपको कुछ नस्लों के बारे में पता होना जरूरी है।
भारत में कुछ विदेशी नस्लें कम खर्चीली हैं और इनका महीने का खर्च सिर्फ 2 से 5 हजार रुपये तक रहता है। इन नस्लों को पालने में ज्यादा मेहनत भी नहीं लगती और भारतीय मौसम में भी ये अच्छे से रह लेते हैं । विदेशी नस्ल के कुत्ते पालने से पहले हर कोई सोचता है कि पिल्ला खरीदने का खर्चा तो एक बार का है लेकिन रोज का खाना, वैक्सीनेशन, डॉक्टर और देखभाल का खर्चा कितना होगा इसका अंदाजा नहीं होता। यह देखकर ही आपको कुत्ता लेना चाहिए। आइए इस आर्टिकल में जानते हैं कि किस विदेशी नस्ल का कुत्ता पालना कम खर्चीला हो सकता है-
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छोटी और मीडियम साइज की कुछ विदेशी नस्लें ऐसी हैं जिनका रखरखाव बहुत सस्ता पड़ता है। इनके बाल छोटे होते हैं इसलिए ग्रूमिंग के लिए आपको ज्यादा चिंता करने की जरूरत नहीं है और ना ही ज्यादा खर्च होता है। खाना भी कम खाते हैं और बीमार भी कम पड़ते हैं। आप अपने हिसाब से खर्च का देखकर अपनी पसंद का कुत्ता खरीद सकते हैं।
बीगल नस्ल बढ़िया ऑप्शन
बीगल विदेशी नस्ल है जो इंग्लैंड से आई है लेकिन भारत में बहुत पॉपुलर हो गई है। इस ब्रीड का छोटे मीडियम साइज का कुत्ता होता है और इसका वजन दस से पंद्रह किलो तक रहता है। इसके बाल छोटे होते हैं इसलिए गर्मी में भी आराम से रह लेता है। पिल्ले की कीमत की बात करें तो यह 15 से 30 हजार रुपये तक है। हालांकि, अगर आप अच्छे ब्रीडर से लें तो ये बहुत सस्ता पड़ता है।
इस कुत्ते का महीने का खर्चा दो से तीन हजार रुपये ही आता है। खाने में अच्छा ड्राई फूड या घर का खाना दोनों इस नस्ल के कुत्ते के लिए सही रहता है। ग्रूमिंग के लिए महीने में पांच सौ रुपये में आपका काम चल सकता है। वैक्सीन और डॉक्टर का खर्चा साल में दो से तीन बार ही लगता है। हालांकि, अगर कुत्ता बीमार पड़ जाता है तो आका यह खर्च बढ़ सकता है।
बीगल बहुत ही क्यूट और खेलकूद वाला होता है। बच्चों के साथ खेलता है और परिवार का हिस्सा बन जाता है लेकिन इसे रोज वॉक पर ले जाना जरूरी है नहीं तो मोटापा हो सकता है। यह कुत्ता काफी ज्यादा एनर्जी वाला होता है और बच्चों के साथ खेलने के लिए परफेक्ट माना जाता है। कुल मिलाकर अगर आप एनर्जेटिक कुत्ता चाहते हैं और बजट कम है तो बीगल सबसे अच्छा ऑपशन हो सकता है। भारतीय मौसम में ये अच्छे से ढल जाता है और ज्यादा बीमार नहीं पड़ता पग कुत्ता छोटा साइज है जिसे आप आसानी से रख सकते हैं।
पग (PUG)
पग एक विदेशी नस्ल है जो चीन से आई लेकिन भारत में हर शहर में आसानी से मिल जाती है। यह बहुत छोटा कुत्ता होता है और दिखने में बहुत क्यूट है। इसका वजन इतना कम है कि आप इसे अपनी गोद में लेकर कहीं भी घूम सकते हैं। आमतौर पर इस कुत्ते का वजन 5 से 8 किलो के बीच होता है। पिल्ले की कीमत सात हजार से 20 हजार के बीच में होती है। इस कुत्ते का महीने का खर्च आमतौर पर चार से सात हजार रुपये के बीच में रहता है। इस कुत्ते की सबसे खास बात यह है कि यह बहुत शांत होता है और क्यूट दिखता है, जिस कारण युवाओं में इस कुत्ते का बहुत ज्यादा क्रेज है।
इसके बाल बहुत ज्यादा छोटे हैं इसलिए आपको इसकी ग्रूमिंग पर ज्यादा ध्यान देने की जरूरत नहीं है। हालांकि, इसकी नाक छोटी है और गर्म मौसम में इसे सांस लेने में दिक्कत हो सकती है। इसलिए गर्मी के दिनों में इस कुत्ते के लिए आपको एसी या कूलर का इंतजाम करना पड़ेगा। अगर आप छोटे फ्लैट में रहते हैं और कम जगह वाला कुत्ता चाहिए तो पग परफेक्ट है। यह विदेशी नस्ल है लेकिन भारत में आसानी से पाली जा सकती है। प्यार इतना देती है कि खर्चा भूल जाते हैं।
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डैश हाउंड (Dachshund)
डैश हाउंड को आमतौर पर डैचशंड या टेकेल कहा जाता है। एक जर्मन नस्ल का छोटा, लंबा शरीर वाला और छोटे पैरों वाला शिकारी कुत्ता है।। इनका लंबा शरीर, स्मार्ट नस्ल और सस्ता रखरखाव इन्हें खास बनाता है। इन कुत्तों को इनकी वफादारी के लिए जाना जाता है। इस नस्ल के कुत्ते भारत में तेजी से पॉपुलर हो रहे हैं। इसका वजन सात से 10 किलो तक रहता है। इसके पिल्ले की कीमत सात हजार से 25 हजार रुपये तक हो सकती है। अगर आप मीडियम साइज का स्मार्ट कुत्ता चाहते हैं जो बजट में रहे तो डैशहाउंड बेस्ट है।
बॉक्सर मजबूत शरीर कम बाल ज्यादा प्यार
बॉक्सर जर्मनी की ही विदेशी नस्ल है जो भारत में गार्ड डॉग के रूप में भी पाली जाती है ये मीडियम साइज का कुत्ता है वजन बीस से तीस किलो तक लेकिन बाल बहुत छोटे होते हैं इसलिए ग्रूमिंग का खर्चा न के बराबर है पिल्ले की कीमत दस हजार से साठ हजार तक है लेकिन अच्छे क्वालिटी वाला दस से पच्चीस हजार में मिल जाता है महीने का खर्चा तीन से पांच हजार रुपये रहता है खाना थोड़ा ज्यादा लगता है लेकिन घर का खाना भी चला लेता है बॉक्सर बहुत मजबूत और सक्रिय होता है बच्चों की सुरक्षा करता है और खेलने में माहिर है भारतीय मौसम में ये अच्छे से ढल जाता है लेकिन रोज एक्सरसाइज जरूरी है कुल मिलाकर अगर आप एक मजबूत और वफादार विदेशी कुत्ता चाहते हैं जो खर्चे में कम पड़े तो बॉक्सर चुन सकते हैं ये बहुत प्यार करता है और परिवार का सदस्य बन जाता है
लैब्राडोर
लैब्राडोर कनाडा और इंग्लैंड की विदेशी नस्ल है जो भारत में सबसे ज्यादा पाली जाती है। ये बड़ा कुत्ता है लेकिन रखरखाव आसान है। वजन 20 से 30 किलो और बाल छोटे होते हैं इसलिए गर्मी में ठीक रहता है। पिल्ले की कीमत 10 से 25 हजार रुपये तक है। महीने का खर्चा तीन से पांच हजार रुपये हो सकता है। खाना थोड़ा ज्यादा लगता है लेकिन अच्छा फूड देने से बीमारियां कम होती हैं। लैब्राडोर बहुत प्यार करने वाला और बच्चों का दोस्त होता है। आमतौर पर सोशल मीडिया पर आपको इसकी वीडियो देखने को मिल जाएगी। इस कुत्ते की ट्रेनिंग आसान है और स्विमिंग भी पसंद करता है। भारत के मौसम में ये अच्छे से रह लेता है। अगर आप थोड़ा बड़ा कुत्ता चाहते हैं जो बजट में रहे तो लैब्राडोर सबसे अच्छा है।
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कुछ जरूरी टिप्स
- सबसे पहले अच्छा ब्रीडर चुनें जहां पिल्ला स्वस्थ हो टीके लगे हों।
- खाने में शुरू में पेट फूड दें बाद में एडल्ट फूड पर शिफ्ट करें।
- घर का खाना जैसे चावल दाल सब्जी और चिकन भी दे सकते हैं।
- गर्मी में ठंडा पानी और छाया रखें। एसी कूलर का सहारा ले सकते हैं।
- हर तीन महीने में डॉक्टर से चेकअप करवाएं।
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