भारत की दिग्गज बैडमिंटन खिलाड़ी साइना नेहवाल ने अपने खेल करियर से संन्यास लेने की औपचारिक घोषणा कर दी है। साइना पिछले तीन सालों से घुटनों के गंभीर दर्द से परेशान थीं, जिस वजह से वह लंबे समय से बैडमिंटन नहीं खेल पा रही थीं। दर्द की वजह से वह पिछले तीन सालों से खेल से दूर है। साइना ने आखिरी बार 2023 में सिंगापुर ओपन में हिस्सा लिया था।
साइना ने एक पॉडकास्ट में बताया कि 2016 के रियो ओलंपिक के दौरान उनके घुटने में चोट लगी थी। समय के साथ यह चोट गंभीर होती चली गई और उनके घुटनों की कार्टिलेज पूरी तरह घिस गई, जिससे उन्हें आर्थराइटिस की समस्या हो गई। इस बीमारी के कारण वह दिन में केवल 1–2 घंटे ही ट्रेनिंग कर पाती थीं। इससे ज्यादा ट्रेनिंग करने पर उनके घुटने जवाब देने लगते थे और कभी-कभी वह खड़ी भी नहीं रह पाती थीं। इसी वजह से उनके लिए बैडमिंटन खेलना लगभग असंभव हो गया।
यह भी पढ़ें - 'विराट कोहली से कुछ सीखो', टीम इंडिया को नसीहत क्यों दे रहे सुनील गावस्कर?
साइना नेहवाल ने अपने शानदार खेल से न सिर्फ भारत के लिए कई मेडल जीते, बल्कि भारतीय बैडमिंटन के इतिहास को नई दिशा दी। हालांकि बढ़ती उम्र और लगातार शारीरिक दर्द के कारण उन्होंने जनवरी 2025 को अपने संन्यास की औपचारिक घोषणा की। उनके संन्यास की खबर से बैडमिंटन प्रेमियों की आंखें नम हो गईं है।
लिया था अनौपचारिक संन्यास
35 वर्षीय साइना नेहवाल ने खुलासा किया कि उन्होंने अनौपचारिक रूप से 2023 में ही खेलना छोड़ दिया था लेकिन इसकी आधिकारिक घोषणा उन्होंने अब की है। एक पॉडकास्ट के दौरान उन्होंने कहा 'मैंने दो साल पहले ही खेलना छोड़ दिया था। मुझे लगा कि मैंने अपने नियमों पर खेला और अपने नियमों पर ही विदा ली, इसलिए अलग से घोषणा की जरूरत नहीं समझी। अगर शरीर अब साथ नहीं दे रहा है, तो उसे स्वीकार करने में कोई बुराई नहीं है।'
जीते 18 मेडल
भारतीय बैडमिंटन में साइना नेहवाल के योगदान को कभी भुलाया नहीं जा सकता। वह भारत की पहली महिला बैडमिंटन खिलाड़ी हैं जिन्होंने ब्रॉन्ज मेडल जीता है। साइना ने न सिर्फ 2012 के लंदन ओलंपिक में ब्रॉन्ज मेडल जीता है बल्कि बैडमिंटन के दूसरे इवेंट में कई मेडल भारत के नाम किए है। साइना नेहवाल ओलंपिक के 7 बड़े इवेंट में कुल 18 मेडल जीत चुकी हैं।
यह भी पढ़ें- ऑक्शन में नहीं बरसे पैसे, WPL में मचाया धमाल, चर्चा में क्यों हैं गौतमी नायक?
साइना वर्ल्ड चैंपियनशिप में 2012 में लंदन में हुए मैच में ब्रॅान्ज मेडल जीतीं। इसके अलावा उन्होंने वर्ल्ड जूनियर चैंपियनशिप में दो मेडल जीता था जिसमें एक सिल्वर और एक ब्रॉन्ज मेडल था। इस तरह से उन्होंने वर्ल्ड चैंपियनशिप में 5 मेडल जीता। एशियन चैंपियनशिप में उन्होंने 3 ब्रॉन्ज मेडल जीते थे। उबेर कप (टीम इवेंट ) में उन्होंने 2 ब्रॉन्ज मेडल जीता था।
इसके अलावा साइना नेहवाल को कई अवॉर्ड भी मिल चुके हैं। 2009 में उन्हें अर्जुन अवॅार्ड मिला था, 2010 में ध्यानचंद अवॉर्ड और फिर उसी साल उन्हें पद्मश्री से नवाज़ा गया। बाद में फिर 2016 में उन्हें पद्म भूषण अवॉर्ड दिया गया।