उत्तर प्रदेश में सहारनपुर जिले की एक कोर्ट ने एक ही परिवार के 13 लोगों को एक मामला में दोषी करार दिया है। कोर्ट ने सभी 13 दोषियों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। उन सभी को कोर्ट ने 10 साल पुराने एक मर्डर केस में सजा सुनाई है। 10 साल पहले उन्होंने जमीनी विवाद को लेकर दो सगे भाइयों की हत्या कर दी थी।
इस मामले में यासीन और तासीन नाम के दो सगे भाइयों को मार दिया गया था। इसके बाद पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की थी। पुलिस ने जांच पूरी होने के बाद आरोपियों के खिलाफ चार्जशीट दाखिल की। कोर्ट ने पुलिस की चार्जशीट और सबूतों के आधार पर सभी को दोषी करार दिया। इसके बाद कोर्ट ने दो सगे भाइयों समेत 13 को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है।
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10 लाख का जुर्माना भी लगा
न्यूज एजेंसी से बातचीत में ADGC दीपक सैनी ने बताया कि अतिरिक्त जिला और सत्र जज विकास गुप्ता ने दोषियों पर 10.73 लाख रुपए का जुर्माना भी लगाया है। दीपक सैनी के मुताबिक, 13 दोषियों में चार सगे भाई मुनव्वर, मुस्तफा, सनावर और शाकीम के साथ-साथ शौकीन और मोहसिन दोनों सगे भाई भी शामिल हैं। इनके अलावा सजा पाने वालों में अनवर, इस्लाम, गुलजार, जमशेद, परवेज, अनवर और शाकिब शामिल हैं।
पूरा मामला समझिए
कोर्ट ने यह फैसला उत्तर प्रदेश के सहारनपुर जिले के गंगोह थाना क्षेत्र के खुर्द गांव में 10 साल पहले हुए दोहरे हत्याकांड में सुनाया है। 10 साल पहले 12 नवंबर 2016 को खुर्द गांव के निवासी इसरार ने थाने में शिकायत दर्ज कर बताया था कि सुबह करीब साढे 10 बजे मुन्नवर, मुस्तफा, सनव्वर, मुस्तकीम, शौकीन, मोहसीन, अनवर, इस्लाम, गुलजार, जमशेद, प्रवेज, पप्पू, राकिब समेत अन्य लोग हथियारों से लैस होकर उसके घर में घुस आए थे।
सभी लोग खेत पर कब्जा करने की नीयत से एकजुट होकर पहुंचे थे। पीड़ित के मुताबिक जब उसके पिता यामीन, चाचा तासीन, अख्तर, अलीजान, गुलफाम और लियाकत ने विरोध किया तो आरोपियों ने फायरिंग शुरू कर दी और धारदार हथियारों से हमला कर दिया। हमले में यामीन और तासीन की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि अन्य चार लोग गंभीर रूप से घायल हो गए थे।
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एक आरोपी पर मामला विचाराधीन
ADGC दीपक सैनी ने बताया कि कोर्ट ने 13 आरोपियों को दोषी करार दिया है। एक आरोपी पप्पू का मामला अभी विचाराधीन है। कोर्ट ने आदेश दिया है कि सभी सजा साथ-साथ चलेंगी और मुकदमे के दौरान जेल में बिताए गए समय को सजा में ही जोड़ा जाएगा। कोर्ट ने सभी दोषियों पर 50-50 लाख का जुर्माना भी लगाया है। अगर आरोपी जुर्माना नहीं भरते तो उन्हें 6 महीने और जेल में रहना होगा।