logo

मूड

ट्रेंडिंग:

'वॉटर कैनन नहीं है क्या?' प्रदर्शन में पूछ रहे थे छात्र, बिहार सरकार 30 खरीदेगी

बिहार में प्रदर्शन के दौरान चुटकी लेते हुए छात्रों ने पूछा था वाटर कैनन नहीं है क्या? अब बिहार सरकार ने 30 वाटर कैनन खरीदने को मंजूरी दे दी है।

Bihar Student Protest, Bihar Water Cannon

CM सम्राट चौधरी, Photo Credit-Social Media

शेयर करें

google_follow_us

संबंधित खबरें

Advertisement

बिहार में छात्र प्रदर्शन के दौरान छात्रों ने पुलिसकर्मियों से चुटकी लेते हुए सवाल पूछा था कि वाटर कैनन नहीं है क्या, बहुत गर्मी लग रही है, पानी की कोई व्यवस्था नहीं है। यह वीडियो सोशल मीडिया पर खूब वायरल हुआ था। उस समय भीड़ को संभालने के लिए पुलिस के पास पर्याप्त साधन हैं या नहीं, इस पर सवाल उठे थे। अब बिहार सरकार ने कानून-व्यवस्था के मोर्चे पर बड़ा फैसला लेते हुए 30 वाटर कैनन और 86 दंगा रोधी वाहन खरीदने को मंजूरी दे दी है।   

 

बिहार सरकार इसपर 62.52 करोड़ रुपये खर्च करेगी। बिहार कैबिनेट के इस फैसले को प्रदर्शन, हिंसक भीड़ और कानून-व्यवस्था से जुड़ी चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों में पुलिस की क्षमता बढ़ाने की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है।  

 

यह भी पढ़ें: 'उनको भी टुकड़ों में काटा जाए', मुस्कान और साहिल के लिए बोलीं सौरभ राजपूत की मां

छात्र प्रदर्शन के दौरान वायरल हुआ था वीडियो

छात्र प्रदर्शन के दौरान भीषण गर्मी और उमस के बीच पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच तनाव की स्थिति पैदा हो गई थी। इसी दौरान एक छात्रों ने गर्मी का जिक्र करते हुए वाटर कैनन को लेकर भी चुटकी ली थी। कुछ छात्रों ने पुलिस से मजाक में पूछा था कि 'बहुत गर्मी है, वाटर कैनन नहीं है क्या?' सोशल मीडिया पर यह वीडियो जमकर वायरल हुआ था। उस समय भीड़ को संभालने के लिए पुलिस के पास पर्याप्त साधन हैं या नहीं, इस पर सवाल उठे थे।   

अब बिहार सरकार खरीदेगी वाटर कैनन 

बुधवार को हुई कैबिनेट बैठक में बिहार सरकार ने 30 वॉटर कैनन और 86 नई दंगा रोधी 'वज्र' गाड़ियां खरीदने को मंजूरी दी। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, एक वॉटर कैनन की कीमत 88 लाख रुपये होगी। 30 वॉटर कैनन पर कुल 26.40 करोड़ रुपये खर्च होंगे। वहीं, एक वज्र गाड़ी की कीमत 42 लाख रुपये होगी और 86 गाड़ियों पर कुल 36.12 करोड़ रुपये खर्च होंगे।

 

इनका इस्तेमाल प्रदर्शन, त्योहार, मेले और चुनावी रैलियों के दौरान भीड़ को संभालने में किया जाएगा। इस मामले में गृह विभाग ने बताया कि इन गाड़ियों का इस्तेमाल VIP और VVIP के दौरे, दंगे, जमीन विवाद, नेशनल हाईवे पर सड़क हादसे, सांप्रदायिक तनाव और दूसरी आपात स्थितियों में भी किया जाएगा। 

डिस्ट्रिक्ट एंटी-रियट फ़ोर्स (DARF) बनाने के बाद फैसला 

यह फैसला बिहार पुलिस के डिस्ट्रिक्ट एंटी-रियट फ़ोर्स (DARF) बनाने की घोषणा के कुछ हफ़्ते बाद आया है। इसमें हिंसक विरोध प्रदर्शनों, सांप्रदायिक तनाव, सड़क जाम और सरकारी प्रॉपर्टी पर हमलों से निपटने के लिए डिस्ट्रिक्ट और सब-डिवीजन लेवल पर खास यूनिट होंगी। 

 

बताया जा रहा है कि यह फैसला बिहार में NEET से लेकर टीचर रिक्रूटमेंट एग्ज़ाम (TRE-4) तक कई विरोध प्रदर्शनों और इस हफ्ते चीफ इलेक्शन कमिश्नर ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर हुए विरोध प्रदर्शनों के बाद हुई झड़पों के बाद भी आया है। 


और पढ़ें