logo

मूड

ट्रेंडिंग:

'सब्र की परीक्षा न लें', सोनम वांगचुक मामले में अन्ना हजारे की प्रतिक्रिया

दिल्ली पुलिस ने शनिवार को सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक को सफदरजंग अस्पताल में भर्ती कराया है। उन्हें डॉक्टरों की निगरानी में रखा गया है। इस बीच पूरे घटनाक्रम पर सामाजिक कार्यकर्ता और 2011 में यूपीए सरकार को हिलाने वाले अन्ना हजारे ने अपनी प्रतिक्रिया दी है।

Anna Hazare

अन्ना हजारे। (Photo Credit: Social Media)

शेयर करें

google_follow_us

संबंधित खबरें

Advertisement

पिछले 21 दिनों से भूख हड़ताल पर बैठे सोनम वांगचुक को दिल्ली पुलिस ने सफदरजंग अस्पताल में भर्ती कराया है। इस मामले में सामाजिक कार्यकर्ता अन्ना हजारे ने भी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने केंद्र की मोदी सरकार को सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक से बातचीत करने सलाह दी। अपने वीडियो संदेश में अन्ना ने कहा, 'सरकार को उनके (सोनम वांगचुक) सब्र की परीक्षा नहीं लेनी चाहिए। उनकी मांगों को लेकर हां कहें या न, लेकिन बातचीत करने में क्या हर्ज है?'

 

नीट पेपरलीक के खिलाफ सोनम वांगचुक 28 जून से जंतर-मंतर में भूख हड़ताल पर थे। शनिवार की सुबह दिल्ली पुलिस ने उन्हें अस्पताल में भर्ती करा दिया है। इसके बाद ही यह मामला देशभर में छाया है। विपक्ष जहां सरकार पर लोकतंत्र की हत्या जैसे आरोप लगा रही है तो वहीं दिल्ली पुलिस का कहना है कि तबीयत बिगड़ने के बाद सोनम वांगचुक को सफदरजंग अस्पताल में भर्ती कराया गया है।

 

यह भी पढ़ें: अतरौली में राजभर-निषाद आमने-सामने, सहयोगियों की टकराहट से BJP की बढ़ी टेंशन

 

अन्ना हजारे के अलावा फिल्म जगत की तमाम हस्तियां सोनम वांगचुक के समर्थन में आने लगी हैं। गायक विशाल ददलानी और अभिनेत्री पार्वती थिरुवोथु ने प्रदर्शनस्थल से अस्पताल तक ले जाने के तरीके पर असंतोष व्यक्त किया। जीनत अमान, अनुराग कश्यप, सोनी राजदान, सोनाक्षी सिन्हा और अभय देओल के अलावा अभिनेता ऋतिक रोशन भी सोनम वांगचुक का समर्थन किया। ऋतिक रोशन ने इंस्टाग्राम पर एक वीडियो भी साझा किया। 

 

अपने इंस्टाग्राम अकाउंट पर एक वीडियो शेयर करते हुए विशाल ददलानी ने कहा, 'क्या आपने कभी ऐसा कुछ देखा है? सोनम वांगचुक को जबरन ले जाया गया। ये लोग इस देश को बर्बाद कर रहे हैं। मेरा मन बहुत दुखी है।'

 

ददलानी ने आगे कहा, 'मेरे देश के लोगों आप कब जागेंगे? अगर आप अब नहीं जागे तो कब जागेंगे? मुझे समझ नहीं आ रहा कि क्या कहूं या क्या सोचूं। काश मैं वहां होता और किसी तरह उनकी मदद कर पाता।'

 

यह भी पढ़ें: सिपाही को चकमा देकर अस्पताल से भागा बीमार कैदी, पुलिस की फुर्ती पर सवाल

 

अभिनेत्री पार्वती थिरुवोथु ने कहा, 'हमारी आवाजों का अपहरण। जब रक्षक ही उत्पीड़क बन जाएं तो हमें उन्हें याद दिलाना चाहिए कि हम अपने भारत को बेईमान और झूठे लोगों के हाथों कभी नहीं चलने देंगे। जंतर-मंतर और देशभर में मौजूद बहादुर नागरिकों के प्रति एकजुटता और समर्थन।'

Related Topic:#sonam Wangchuk

और पढ़ें