logo

ट्रेंडिंग:

फुल एक्शन में बिहार विजिलेंस, 6 अधिकारी और दो पूर्व मुखिया की संपत्ति होगी जब्त

बिहार की नई सरकार में विजिलेंस विभाग भी नए कलेवर में आ गया है। विभाग एक ओर जहां भ्रष्टाचार में गिरफ्तार आरोपी अधिकारियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई को तेज करेगा तो वहीं छह अन्य अधिकारी व दो पूर्व मुखिया की संपत्ति जब्त करने की तैयारी शुरू कर दी है।

Bihar Vigilance Investigation Bureau

विजिलेंस ब्यूरो। ( Photo Credit: X/Vigilance Investigation Bureau )

शेयर करें

संबंधित खबरें

Reporter

संजय सिंह, पटना। बिहार विजिलेंस विभाग बेहद एक्शन में है। जमीन अधिग्रहण मामले में छह अधिकारियों और दो पूर्व मुखिया की संपत्ति जब्त करने की तैयारी है। विभाग ने बिहार सरकार को पत्र लिखा है। अनुमति मिलने के बाद इन लोगों की प्रॉपर्टी जब्त की जाएगी। उधर, विजिलेंस विभाग 70 नए वाहन खरीदने जा रहा है, ताकि भ्रष्ट अधिकारियों के खिलाफ एक्शन में तेजी लाई जा सके।

 

विजिलेंस के मुताबिक छह अधिकारियों और दो पूर्व मुखिया ने सरकार को करीब 4 करोड़ रुपये का चूना लगाया है। अब उनकी संपत्ति को जब्त किया जाएगा। विजिलेंस ने प्रस्ताव बिहार सरकार के पास भेज दिया है। उधर, पटना में मेगा औद्योगिक पार्क के जमीन अधिग्रहण में 11 किसानों से लगभग 55 लाख रुपये का फर्जीवाड़ा करने के मामले में भू अर्जन पदाधिकारी और सीओ समेत 11 लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। किसानों ने फर्जीवाड़े की शिकायत की थी। जांच में यह आरोप सही मिले। इसके बाद विजिलेंस विभाग ने अधिकारियों के खिलाफ एक्शन लिया।

 

यह भी पढ़ें: 'अश्लील कंटेंट हटाओ, नहीं तो सख्त एक्शन होगा', मस्क के X से सरकार क्यों खफा?

इनकी संपत्ति जब्त करने की तैयारी

विजिलेंस ने नववर्ष पर आठ लोगों की संपत्ति जब्त करने का प्रस्ताव बिहार सरकार को भेजा है। जानकारी के मुताबिक विजिलेंस विभाग एक अधीक्षण अभियंता, एक न्यायिक दंडाधिकारी, एक रेंज ऑफिसर, एसडीओ, टैक्स दारोगा, सीडीपीओ और दो पूर्व मुखिया की संपत्ति जब्त करने की तैयारी में है। इन सभी के खिलाफ 2012 से 2019 के बीच मुकदमे लिखे गए थे। बिहार विजिलेंस ब्यूरो के डीजी जितेंद्र सिंह गंगवार ने बताया कि ये सभी प्रकरण भ्रष्टाचार के अलग-अलग मामले से जुड़े हैं। इसमें पद का दुरुपयोग करके गबन, अनियमित भुगतान और वित्तीय गड़बड़ी के मामले हैं। अब उनकी अवैध संपत्ति को जब्त करने की कार्रवाई की जा रही है।

11 किसानों से 55 लाख का फर्जीवाड़ा

पटना में मेगा पार्क बनाने के लिए राजस्व विभाग के अधिकारियों ने किसानों को मुआवजा देने के बदले 55 लाख रुपये के फर्जीवाड़ा को अंजाम दिया। किसानों ने साल 2011-12 में अपनी शिकायत दर्ज कराई थी।

 

यह भी पढ़ें: 'नेपाल की तरह शासकों को सड़कों पर पीटना पड़ेगा', अजय चौटाला का भड़काऊ बयान

 

पटना के बिहटा अंचल में मेगा औद्योगिक पार्क बनना था। अधिकारियों ने भूमि अधिग्रहण के मुआवजे में हेरफेर की। गलत खातों में राशि भेजी। शिकायत के बाद विजिलेंस ने पूरे मामले का राजफाश किया। अब तत्कालीन भू-अर्जन पदाधिकारी, अपर जिला भू-अर्जन पदाधिकारी, कानूनगो, सहायक, प्रधान सहायक, अमीन, अंचलाधिकारी, राजस्व कर्मचारी और गैर लोक सेवक के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई। 

Related Topic:#bihar news

और पढ़ें

design

हमारे बारे में

श्रेणियाँ

Copyright ©️ TIF MULTIMEDIA PRIVATE LIMITED | All Rights Reserved | Developed By TIF Technologies

CONTACT US | PRIVACY POLICY | TERMS OF USE | Sitemap