बिहार में होली में हुड़दंग मत करना, पुलिस ने तगड़ा इंतजाम किया है
बिहार पुलिस ने होली 2026 पर हुड़दंग को रोकने के लिए अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती की है। यह सुरक्षा बल हुड़दंग मचाने वालों पर सख्त कार्रवाई करेंगे। वहीं संदिग्धों पर नजर रखेंगे।

प्रतीकात्मक तस्वीर (AI Generated Image)
इस साल बिहार में होली शांतिपूर्ण तरीके से मनाई जाएगी। किसी भी प्रकार का हुड़दंग बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। प्रदेश के सभी प्रमुख शहरों और चौक-चौराहों पर अतिरिक्त संख्या में पुलिस बल की तैनाती की गई है। पुलिस महकमा ने हुड़दंगियों खासकर बाइकर्स गैंग, सड़क पर रेसिंग करने वालों या होली के नाम पर किसी तरह से शांति व्यवस्था भंग करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की बात कही है। इसके अलावा सभी जिलों में अतिरिक्त संख्या में पुलिस बल की तैनाती की जाएगी।
डीजीपी विनय कुमार ने सभी जिला कप्तानों को होली में संभावित हंगामा को हर हाल में नियंत्रित करने के लिए सख्त कदम उठाने का निर्देश दिया है। सभी थानों को अपने-अपने क्षेत्र में तमाम संवेदनशील स्थानों को चिन्हित कर वहां अतिरिक्त चौकसी बरतने को कहा गया है। किसी भी सूरत में कहीं कोई अप्रिय घटना न हो, इसका खासतौर से ख्याल रखने का निर्देश है। प्रत्येक जिले में कंट्रोल रूम गठित कर प्रत्येक 2-2 घंटे पर जानकारी ली जाएगी। हर घटना की जानकारी डीजीपी कंट्रोल रूम में देने का निर्देश है।
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विधि-व्यवस्था चाक-चौबंद बनाए रखने के निर्देश
एडीजी (विधि-व्यवस्था) श्री पंकज कुमार दराद के स्तर से सभी जिलों के एसपी को विधि-व्यवस्था चाक-चौबंद बनाए रखने को लेकर विशेष दिशा-निर्देश दिए गए हैं। इसके अंतर्गत मिश्रित आबादी वाले क्षेत्रों, धार्मिक स्थल तथा संवेदनशील स्थलों पर पर्याप्त संख्या में बल और दंडाधिकारी की प्रतिनियुक्ति की जाएगी। होली या अन्य पर्व-त्योहारों में जिन स्थानों पर पिछले वर्षों के दौरान तनाव की स्थिति उत्पन्न हुई है या किसी तरह की घटनाएं हुई हैं, उन स्थलों को खासतौर से चिन्हित कर मौजूदा स्थिति की समीक्षा कर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
पिछले 3 वर्ष में हुई घटनाओं की समीक्षा कर तैयार करें रणनीति
होली के दौरान पिछले 3 वर्षों में हुई घटनाओं की समुचित समीक्षा कर लंबित कार्यों को जल्द पूर्ण करने को कहा गया है। अनेक बार होली पर्व की आड़ में पुरानी दुश्मनी को निकाला जाता है। ऐसे सभी मामलों का थाना स्तर पर गहन समीक्षा कर खास रणनीति तैयार करने का निर्देश दिया गया है।
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सीसीए और धारा-170 के अंतर्गत करें कार्रवाई
पुलिस मुख्यालय के स्तर जारी आदेश के मुताबिक जहां संप्रदायिक घटना या आपसी विवाद से जुड़ी किसी घटना की संभावना है, वहां दोनों पक्षों पर निष्पक्ष रूप से धारा-126 और बीएनएसएस के तहत शरारती या असामाजिक तत्वों के खिलाफ निरोधात्मक कार्रवाई करें। आवश्यकता पड़ने पर ऐसे तत्वों के खिलाफ सीसीए (क्राइम एंड क्रिमिनल एक्ट) की धारा-3 और बीएनएसएस की धारा-170 के तहत भी कार्रवाई करने के निर्देश हैं। धारा-135 बीएनएसएस के अंतर्गत बॉन्ड भरवाने का भी निर्देश दिया गया है।
उग्रवाद प्रभावित जिलों में खास चौकसी
होली के मौके पर उग्रवाद प्रभावित जिलों में भी विशेष निगरानी की आवश्यकता है। उग्रवादी संगठन के स्तर से पुलिस पिकेट, थाना, प्रतिष्ठान, जेल, रेल खंड, रेल प्रतिष्ठानों और सरकारी प्रतिष्ठानों में विध्वंसक कार्रवाई की संभावना बढ़ जाती है। इसके मद्देनजर इन स्थानों पर खासतौर से चौकसी बरतने को कहा गया है। इन स्थानों पर गश्ती के दौरान खासतौर से सतर्क रहने की जरूरत है।
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घटनास्थल पर तुरंत पहुंचे वरीय अधिकारी
अगर किसी कारण से पर्व के दौरान कोई घटना विशेष तौर पर सांप्रदायिक घटना हो जाती है तो जल्द से जल्द घटनास्थल पर जिला के वरीय पदाधिकारी स्वयं पहुंचे। धार्मिक संगठनों तथा धर्म के नाम पर अफवाह या द्वेष या नफरत तथा गलतफहमी फैलाने वाले तत्वों को चिन्हित कर विधि संगत कार्रवाई की करें। जिले में पहले से गठित दंगा निरोधी दस्ते की ऑडिट स्वयं एसपी करेंगे। कट्टरपंथी तथा सांप्रदायिक तत्वों को चिन्हित कर कार्रवाई करें। संवेदनशील स्थानों से जुड़ी खुफिया जानकारी भी एकत्र करें। संदिग्ध आरोपित व संप्रदायिक घटनाओं में शामिल व्यक्तियों के मोबाइल फोन सर्विलांस पर लगाने को कहा गया है। थानों में तैनात चौकीदारों का उपयोग सांप्रदायिक घटनाओं से संबंधित खुफिया जानकारी जुटाने में किया जाएगा।
इतनी संख्या में तैनात किए गए अतिरिक्त बल
पुलिस मुख्यालय ने ट्रेनों में नशाखुरानी गिरोह पर खासतौर से चौकसी रखने का निर्देश दिया है। बिहार के सभी जिलों में 12 कंपनी रेंज रिजर्व बल, 31 कंपनी बीसैप (बिहार सशस्त्र पुलिस बल), 19 हजार नवनियुक्ति सिपाही, 2773 पीटीसी प्रशिक्षु सिपाही (जिनका राजगीर स्थित पुलिस अकादमी में प्रशिक्षण चल रहा है) और 5100 होमगार्ड की तैनाती की गई है।
इसके अलावा 3 कंपनी केंद्रीय पुलिस फोर्स की भी शांति व्यवस्था को बनाए रखने के लिए लगाई गई है। इसमें सबसे ज्यादा पटना में 3 कंपनी रेंज रिजर्व पुलिस बल, 3 कंपनी बीसैप, 535 नवनियुक्त सिपाही और 400 होमगार्ड शामिल हैं। इसके अलावा दरभंगा, बेगूसराय, जमुई, मुंगेर, रोहतास, बक्सर, गया, मोतिहारी में अधिक संख्या में बल तैनात किए गए हैं। अन्य जिलों में जरूरत के मुताबिक बल की तैनाती की गई है।
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