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रूस की सेना में भर्ती हुआ भारतीय जवान, यूक्रेन से जंग में शहीद हुआ, घर लाश आई

रामपुर जिले में एक युवक रूसी सेना में भर्ती था, जिसकी कार्यस्थल पर गोली लगने से मौत हो गई। परिवार युवक के मृत शरीर को देखकर गहरे सदमे में है और साथ ही रूसी सेना के खिलाफ आरोप भी लगाए हैं।

Indian youth dies tragically in Russian army news

प्रतीकात्मक तस्वीर, Photo Credit- Sora

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उत्तर प्रदेश के रामपुर जिले में एक युवक का शव रूस से आया है। यह युवक रूसी सेना में भर्ती था, जिसकी यूक्रेन से चल रही जंग में गोली लगने से मौत हो गई। रूस में अपनी जान गंवाने वाले 22 साल के सेवारत मोहम्मद शावेद का पार्थिव शरीर जब उनके पैतृक गांव पहुंचा तो वहां का दृश्य विचलित करने वाला था। परिवार का दावा है कि सेवारत मोहम्मद शावेद नौकरी की तलाश में रूस गया था, जहां उसे जबरन सेना में भर्ती कराया गया।


सेवारत मोहम्मद शावेद का शव शनिवार यानी 4 अप्रैल की शाम को परिवार को सौंपा गया। शावेद के भाई ने बताया कि उनके परिवार को इस बात की जानकारी भी नहीं थी कि शावेद कब से रूसी सेना में भर्ती थे। रूसी सेना की औपचारिकताएं पूरी होने के बाद शव को सम्मानजनक तरीके से परिवार को सौंपा गया। अब सवाल उठता है कि शावेद रूसी सेना में कैसे भर्ती हो गए। सवाल यह भी उठता है कि शावेद की मौत कब हुई थी।

 

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शावेद रूसी सेना में कब भर्ती हुए

रामपुर पुलिस के मुताबिक, शावेद 9 महीने पहले रूस में नौकरी की तलाश में गए थे। शावेद परिवार को यह बताकर गए थे कि वह स्टील का फर्नीचर बनाने वाली कंपनी में काम करेंगे। रूस जाने के बाद परिस्थितियां ऐसी बदलीं कि वह रूसी सेना में ही भर्ती हो गए।

 

शावेद अकेले अपने परिवार की जिम्मेदारियां उठा रहे थे। उनकी मौत से परिवार गहरे सदमे में है। गांव के एक निवासी आबिद ने इस घटना पर दुख व्यक्त करते हुए कहा, 'वह अपने परिवार को आर्थिक सहारा देने के लिए रूस गया था।' इसके अलावा आबिद ने बताया, 'शावेद का छोटा भाई मानसिक रूप से बीमार है, वहीं उनके पिता दुल्हे हसन दूध बेचकर घर का खर्च चला रहे थे। परिवार को शावेद से उम्मीद थी कि उनकी मेहनत से घर की आर्थिक स्थिति ठीक होगी।'

 

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शावेद की मौत कब हुई?

शावेद की मौत 12 सितंबर 2025 को ही हो गई थी लेकिन रूसी सेना ने परिवार को कई महीनों बाद इसकी सूचना दी। रिपोर्ट्स के मुताबिक, शावेद के परिवार को 2 अप्रैल को रूसी सेना के एक अधिकारी ने फोन कर जानकारी दी। इसके बाद परिवार ने कई बार रूसी अधिकारियों से संपर्क किया ताकि शावेद की मौत के बारे में अन्य जानकारियां मिल सकें लेकिन अधिकारियों ने कोई स्पष्ट जानकारी नहीं दी। इस घटना को लेकर रामपुर के एसपी सोमेंद्र मीना ने कहा, 'शावेद का अंतिम संस्कार हो चुका है। फिलहाल गांव का माहौल सामान्य है।'

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