logo

मूड

ट्रेंडिंग:

यूपी में चिराग और JDU की एंट्री पर भड़के राजभर, NDA छोड़ने की चेतावनी

ओमप्रकाश राजभर की पार्टी ने चिराग पासवान और JDU के यूपी की राजनीति में आने का विरोध किया है। अरविंद राजभर ने चेतावनी दी है कि बिहार की पार्टियों को यूपी में जगह मिली तो SBSP NDA से अलग होने पर विचार कर सकती है।

SBSP General Secretary Arvind Rajbhar Addressing the Gathering

SBSP पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव अरविंद राजभर, Photo Credit- Social Media

शेयर करें

google_follow_us

संबंधित खबरें

Advertisement

ओमप्रकाश राजभर की पार्टी सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी (SBSP) ने चिराग पासवान के उत्तर प्रदेश की राजनीति में आने का विरोध किया है। पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव अरविंद राजभर ने कहा है कि जब उन्हें बिहार में नेशनल डेमोक्रेटिक अलायंस (NDA) का हिस्सा नहीं बनने दिया गया, तो वे भी बिहार की पार्टियों को यूपी में नहीं आने देंगे। अरविंद राजभर का इशारा बिहार में NDA की साझेदार जनता दल यूनाइटेड (JDU) की तरफ भी था। दरअसल, JDU नेता निशांत कुमार भी राजनीतिक जमीन तलाशने के लिए जल्द ही उत्तर प्रदेश का दौरा कर सकते हैं। SBSP ने चेतावनी दी है कि बिहार की पार्टियों को यूपी में जगह देने पर वह NDA से अलग विकल्पों पर विचार कर सकती है।

 

केंद्रीय मंत्री और लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) के अध्यक्ष चिराग पासवान गुरुवार को वाराणसी से पार्टी का 'नव संकल्प महासभा' अभियान शुरू करने वाले हैं। चिराग पासवान यूपी में अपना संगठन मजबूत करने में जुटे हैं। पिछले एक साल से LJP (रामविलास) प्रदेश में सक्रिय है और बूथ स्तर पर कमेटियां बना रही है। JDU नेता निशांत कुमार भी जल्द उत्तर प्रदेश में पार्टी कार्यकर्ताओं को संबोधित करने वाले हैं। ऐसे में बिहार की दोनों पार्टियों की सक्रियता ने राज्य में BJP के पुराने सहयोगियों की चिंता बढ़ा दी है।

अरविंद राजभर ने क्या कहा?

सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी (SBSP) के राष्ट्रीय महासचिव अरविंद राजभर ने कहा, 'जब हमें बिहार में NDA का हिस्सा नहीं बनने दिया गया, तो हम बिहार की पार्टियों को उत्तर प्रदेश में नहीं आने देंगे। चाहे वह कोई भी पार्टी हो। अगर ऐसा होता है, तो सुहेलदेव पार्टी दूसरे विकल्पों पर विचार करेगी।' अरविंद राजभर ने यहां तक कहा कि अगर NDA में किसी बाहरी पार्टी को शामिल किया जाता है, तो उनकी पार्टी को कुछ और सोचने पर मजबूर होना पड़ेगा।

 

यह भी पढ़ें: MLC चुनाव में सिर्फ 1 सीट जीती JDU, समीक्षा बैठक से गायब रहे नीतीश-निशांत और ललन

चिराग पासवान यूपी में सक्रिय

चिराग पासवान की पार्टी का फोकस पूर्वांचल और मध्य उत्तर प्रदेश पर है। इन इलाकों में पासी और पासवान समुदाय की अच्छी आबादी है। BJP को उम्मीद है कि चिराग की पार्टी की एंट्री से उसे गैर-जाटव दलित वोटों का समर्थन मिल सकता है। इससे समाजवादी पार्टी की PDA रणनीति को भी चुनौती दी जा सकती है।

 

वाराणसी के कार्यक्रम में दिया गया चिराग पासवान का बयान भी राजनीतिक गलियारों में चर्चा का विषय बना हुआ है। उन्होंने कहा, 'मैं तो सिर पर कफन बांधकर निकल चुका हूं कि जब तक उत्तर प्रदेश को विकसित राज्य नहीं बना दूंगा, तब तक मैं भी चैन की सांस नहीं लूंगा।'

 

यह भी पढ़ें: BJP पूछती थी राम मंदिर कब जाएंगे अखिलेश यादव? सपा ने तारीख बता दी

बिहार चुनाव में SBSP को नहीं मिली थी जगह

SBSP प्रमुख ओमप्रकाश राजभर की पार्टी 2025 के बिहार विधानसभा चुनाव में NDA के साथ मिलकर चुनाव लड़ना चाहती थी। हालांकि, BJP ने उसे गठबंधन में जगह नहीं दी। इसके बाद SBSP ने बिहार की कुछ सीटों पर अपने उम्मीदवार उतारे और बहुजन समाज पार्टी (BSP) को भी समर्थन दिया। हालांकि, पार्टी को चुनाव में कोई खास सफलता नहीं मिली।

अब अरविंद राजभर के बयान को इसी नाराजगी से जोड़कर देखा जा रहा है। पार्टी का कहना है कि जब बिहार में उसे NDA के साथ चुनाव लड़ने का मौका नहीं मिला, तो बिहार की पार्टियों को उत्तर प्रदेश में विस्तार करने की छूट नहीं दी जा सकती।


और पढ़ें