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अशोक खराट और रूपाली चाकणकर का रिश्ता क्या था? हंगामे से इस्तीफे तक की कहानी

अशोक खरात और एनसीपी नेता रूपाली चाकणकर को लेकर महाराष्ट्र की राजनीति गरमा गई है। अब विपक्ष उनकी गिरफ्तारी की मांग कर रहा है।

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रूपाली चाकणकर के साथ बाबा। Photo Credit- Social Media

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महाराष्ट्र के नासिक में विवादित स्वयंभू बाबा अशोक खरात की घटना के बाद, नेशनलिस्ट कांग्रेस पार्टी की नेता रूपाली चाकणकर ने राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष पद से इस्तीफा दे दिया है। उन्होंने मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के नाम इस्तीफा लिखकर भेज दिया, जिसे स्वीकार कर लिया गया। एनसीपी की अध्यक्ष और उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार को भी इस्तीफे की कॉपी सौंपी गई है।

 

मुख्यमंत्री और उपमुख्यमंत्री ने इस मामले की गंभीरता को देखते हुए चाकणकर को संकेत दिए थे कि जांच पूरी होने तक पद पर बने रहना उचित नहीं होगा। एक वीडियो में रूपाली चाकणकर आरोपी ज्योतिषाचार्य अशोक खरात उर्फ कैप्टन के पैर धुलते हुए दिखाई दे रही हैं। अशोक के ऊपर 58 महिलाओं के साथ यौन शोषण का आरोप है।

महाराष्ट्र की राजनीति में मची हलचल

इस बीच अशोक खरात को 17 मार्च को नासिक में सरकारवाड़ा क्राइम ब्रांच पुलिस ने रेप के आरोप में गिरफ्तार कर लिया। इस मामले ने महाराष्ट्र की राजनीति में हलचल मचा दी है। दरअसल, बाबा अशोक खरात के साथ में रूपाली चाकणकर पर भी गंभीर आरोप लगे हैं। विपक्ष उनकी गिरफ्तारी की मांग कर रहा है। 

इस्तीफे के बाद मीडिया से बातचीत में रूपाली चाकणकर ने कहा, 'संगठन और सरकार की छवि को आंच न आए, इसलिए मैंने स्वेच्छा से पद छोड़ने का फैसला किया है। मुझ पर लगे आरोप निराधार हैं और मुझे न्यायपालिका पर पूरा भरोसा है।'

 

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आरोपी को दिया राजनीतिक संरक्षण?

दरअसल, विवाद की जड़ में नासिक का आध्यात्मिक गुरु अशोक खरात है, जिसे हाल ही में पुलिस ने यौन उत्पीड़न और धोखाधड़ी के आरोप में गिरफ्तार किया है। जांच के दौरान सोशल मीडिया पर कुछ ऐसी तस्वीरें और वीडियो शेयर हुईं, जिनमें चाकणकर उक्त आरोपित के आश्रम में विशेष पूजा-अर्चना करती दिख रही थीं। विपक्ष ने आरोप लगाया था कि महिला आयोग की अध्यक्ष होने के नाते उन्होंने पीड़ित महिलाओं की मदद करने के बजाय आरोपित को राजनीतिक संरक्षण दिया।

सुषमा अंधारे ने क्या आरोप लगाए?

शिवसेना ठाकरे गुट की नेता सुषमा अंधारे ने प्रेस कॉन्फ्रेंस करके रूपाली चाकणकर पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने मांग करते हुए कहा कि रूपाली चाकणकर को तुरंत गिरफ्तार किया जाए और अशोक-चाकणकर से पुलिस आमने-सामने पूछताछ की करे।

 

सुषमा अंधारे ने यह भी मांग की कि चाकणकर का नार्को टेस्ट होना चाहिए। अंधारे ने कहा कि एक पीड़िता ने उन्हें बताया कि चाकणकर खुद तंत्र मंत्र विद्या कर रही थीं। एक उंगली कटने का जिक्र करते हुए सुषमा अंधारे ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में रूपाली चाकणकर की एक फोटो दिखाई और यह भी दिखाया कि चाकणकर की रिंग फिंगर पर पट्टी बंधी हुई थी।

 

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'उंगली काटकर चढ़ाई'

अंधारे ने कहा, 'चला है कि 2 सितंबर, 2024 को संवती अमावस्या थी। चारणकर को महिला आयोग का अध्यक्ष बनाया गया है। उन्होंने उसी दिन सोमवती अमावस्या के दिन अपनी अनामिका उंगली काटकर तंत्र-मंत्र का ऐसा तरीका अपनाया। मुझे लगता है कि गृह मंत्री शायद इस मामले में किसी को नहीं छोड़ेंगे।'

 

महाराष्ट्र विधानसभा में विपक्ष के नेता ने इस मुद्दे पर सरकार को घेरते हुए कहा था कि जो संस्था महिलाओं की सुरक्षा के लिए बनी है, उसकी अध्यक्ष ही अगर अपराधियों के साथ खड़ी दिखेगी, तो जनता का विश्वास टूट जाएगा। शिवसेना (यूबीटी) और कांग्रेस ने इस मामले में एसआईटी जांच की मांग की है।

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