देश के कई हिस्सों में मानसून एक बार फिर बेहद सक्रिय हो गया है। बंगाल की खाड़ी में बने कम दबाव के क्षेत्र ने बारिश की गतिविधियों को तेज कर दिया है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के मुताबिक, 17 अगस्त को ओडिशा और गंगीय पश्चिम बंगाल में कुछ स्थानों पर अत्यंत भारी बारिश होने की आशंका है और मौसम विभाग ने यहां रेड अलर्ट जारी कर दिया है। इसके अलावा उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश, बिहार, झारखंड, छत्तीसगढ़, मध्य प्रदेश समेत कई राज्यों में भारी से बहुत भारी बारिश का दौर देखने को मिल सकता है।
दिल्ली-एनसीआर में भी मौसम करवट ले सकता है। IMD के अनुसार, हरियाणा, चंडीगढ़, दिल्ली और पंजाब में 17-18 अगस्त को अलग-अलग स्थानों पर भारी बारिश की संभावना है। हालांकि, दिल्ली में बारिश का रुख हर इलाके में एक जैसा नहीं रहेगा और कुछ जगहों पर हल्की से मध्यम बारिश या बूंदाबांदी हो सकती है। बारिश के साथ तापमान में कुछ राहत मिलने की उम्मीद है, लेकिन उमस बनी रह सकती है।
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ओडिशा और बंगाल में खतरा
17 अगस्त को मौसम का सबसे ज्यादा असर पूर्वी भारत के राज्यों में दिखाई देने की संभावना है। IMD ने ओडिशा और गंगीय पश्चिम बंगाल में अत्यंत भारी बारिश की चेतावनी जारी की है। लगातार तेज बारिश से निचले इलाकों में पानी भरने, नदी-नालों के जलस्तर बढ़ने और स्थानीय स्तर पर बाढ़ जैसी स्थिति बनने का खतरा बढ़ सकता है। ओडिशा में पिछले 24 घंटों के दौरान भी बहुत भारी बारिश दर्ज की गई थी। IMD के अनुसार, 16 अगस्त की सुबह 8:30 बजे तक ओडिशा में कुछ स्थानों पर 12 से 20 सेंटीमीटर तक बहुत भारी बारिश रिकॉर्ड हुई। पूर्वी मध्य प्रदेश में 21 सेंटीमीटर या उससे अधिक अत्यंत भारी बारिश भी दर्ज की गई थी।
यूपी में बारिश
उत्तर प्रदेश के लिए भी 17 अगस्त यानी आज का दिन काफी अहम रहने वाला है। IMD ने पश्चिमी उत्तर प्रदेश में 16-17 अगस्त और पूर्वी उत्तर प्रदेश में 16-18 अगस्त तक बारिश की गतिविधियां जारी रहने का अनुमान जताया है। कई जगहों पर गरज-चमक और वज्रपात की स्थिति भी बन सकती है। आज अंबेडकर नगर, अयोध्या, बदायूं, बहराइच, बाराबंकी, बरेली, बलरामपुर, बलिया, बस्ती, बिजनौर, गोंडा, गोरखपुर, कानपुर नगर, लखीमपुर खीरी, मुरादाबाद, पीलीभीत, प्रतापगढ़, रामपुर, संभल, शाहजहांपुर, सीतापुर, श्रावस्ती, सुल्तानपुर और वाराणसी समेत कई जिलों में भारी से बहुत भारी बारिश की संभावना है।
पूर्वी और पूर्वोत्तर भारत
पूर्वी भारत में सिर्फ ओडिशा और पश्चिम बंगाल ही प्रभावित नहीं होंगे बल्कि कई अन्य राज्यों में भी बारिश का दौर देखने को मिलेगा। IMD ने बिहार में 17 से 20 अगस्त के बीच अलग-अलग स्थानों पर भारी बारिश की संभावना जताई है। झारखंड में भी 17-18 अगस्त को भारी बारिश हो सकती है। वहीं छत्तीसगढ़ में 16 से 22 अगस्त तक बारिश की गतिविधियां बनी रहने का अनुमान है और 16-17 अगस्त को कुछ स्थानों पर बहुत भारी बारिश हो सकती है।
पूर्वोत्तर भारत में भी बारिश का सिलसिला जारी रहेगा। अरुणाचल प्रदेश में 17-18 अगस्त को कुछ स्थानों पर बहुत भारी बारिश की संभावना है। असम, मेघालय, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में भी 16 से 22 अगस्त तक अलग-अलग स्थानों पर भारी बारिश हो सकती है।
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पहाड़ी राज्यों में बढ़ेगी मुश्किल
उत्तर भारत के पहाड़ी राज्यों में भी बारिश का दौर जारी रहने वाला है। हिमाचल प्रदेश, जम्मू-कश्मीर, लद्दाख और उत्तराखंड में अगले कई दिनों तक व्यापक बारिश की संभावना है। IMD ने हिमाचल प्रदेश में 17-18 अगस्त को कुछ स्थानों पर बहुत भारी बारिश का अनुमान जताया है। उत्तराखंड में भी 16-17 अगस्त को कुछ स्थानों पर बहुत भारी बारिश हो सकती है। जम्मू-कश्मीर के कई इलाकों में भी आज बारिश का अलर्ट जारी किया गया है।
अन्य राज्यों का हाल
मध्य भारत में छत्तीसगढ़ और पूर्वी मध्य प्रदेश में बारिश का असर ज्यादा रहने की संभावना है। विदर्भ में भी 16-18 अगस्त के दौरान बारिश और गरज-चमक की स्थिति बन सकती है। मध्य प्रदेश में हाल के 24 घंटों में भी भारी बारिश दर्ज की गई है, जिससे कई इलाकों में जलभराव और स्थानीय बाढ़ का खतरा बढ़ सकता है। महाराष्ट्र के कोंकण और गोवा में 16 से 22 अगस्त तक व्यापक बारिश का अनुमान है। 16-17 अगस्त को कुछ स्थानों पर भारी बारिश हो सकती है। मध्य महाराष्ट्र में भी भारी बारिश की संभावना है। गुजरात और मराठवाड़ा के कुछ इलाकों में भी बारिश का दौर देखने को मिल सकता है। दक्षिण भारत की बात करें तो यहां तटीय कर्नाटक में व्यापक बारिश का पूर्वानुमान है। केरल, कर्नाटक, आंध्र प्रदेश, तेलंगाना और तमिलनाडु के कुछ हिस्सों में भी बारिश और गरज-चमक की गतिविधियां जारी रह सकती हैं।
19 अगस्त के बाद मिलेगी राहत?
उत्तर प्रदेश में बारिश का जोर 17-18 अगस्त तक ज्यादा रह सकता है। अनुमान है कि 19 अगस्त से पश्चिमी उत्तर प्रदेश में बारिश की गतिविधियों में कमी आने के संकेत हैं, जबकि पूर्वी उत्तर प्रदेश में 19 अगस्त तक कुछ स्थानों पर भारी बारिश का असर बना रह सकता है। 20 अगस्त को प्रदेश के दोनों हिस्सों के लिए कोई बड़ी मौसम चेतावनी नहीं बताई गई है। इसके अलावा कई अन्य राज्यों में भी 19 अगस्त से राहत मिलने के संकेत हैं।
