संसद के बजट सत्र के चौथे दिन, लोकसभा में राहुल गांधी के एक बयान पर हंगामा बरप गया है। वह राष्ट्रपति के अभिभाषण के धन्यवाद प्रस्ताव पर बोल रहे थे, तभी उन्होंने पूर्व सैन्य प्रमुख जनरल मनोज मुकुंद नरवणे के एक आलेख का जिक्र करते हुए डोकलाम पर केंद्र सरकार से कुछ सवाल पूछे। उनका सवाल पूरा नहीं हुआ कि पूरे सदन में हंगामा बरप गया। संसद में करीब 50 मिनट पर भाषण को लेकर ही संग्राम मचा रहा। राहुल गांधी बार-बार अप्रकाशित किताब का जिक्र करते रहे, लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला उन्हें टोकते रहे।
राहुल गांधी ने अपने भाषण की शुरुआत में कहा, 'पूर्व आर्मी चीफ एमएम नरवणे की किताब है, आप ध्यान से सुनें कि मैं क्या पढ़ रहा हूं, इससे पता चल जाएगा कि कौन देशभक्त है और कौन नहीं।' राहुल गांधी के इस बयान के बाद हंगामा शुरू हो गया। राहुल गांधी ने जनरल नरवणे का जिक्र करते हुए कहा कि 4 चीनी टैंक डोकलाम में भारत की जमीन में दाखिल हो रहे थे, वे सिर्फ 100 मीटर दूर थे।' राहुल गांधी अपने इस बयान पर बुरी तरह से घिर गए।
यह भी पढ़ें: कौन हैं दीपक कुमार जिनकी राहुल गांधी ने कर दी तारीफ, बता दिया ‘हीरो’
रक्षा मंत्री ने राहुल गांधी को संदन में टोका
राहुल गांधी ने भाषण के जवाब में रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह उठ खड़े हुए और उन्होंने कहा कि अगर यह प्रकाशित किताब है तो उसका जिक्र कर दें, नहीं तो छोड़ दें। उनके साथ-साथ स्पीकर ओम बिरला ने भी उन्हें टोकते हुए कहा, 'राहुल जी, आप सदन में नेता विपक्ष हैं। सांसद प्रियंका ने अपनी बात ही थी तो उन्होंने अथेंटिक स्तर पर प्रस्तुत किया था, आपसे भी यही अपील है।' जवाब में राहुल गांधी ने कहा कि यह सच है।
राहुल गांधी के समर्थन में उतरे अखिलेश यादव
समाजवादी पार्टी के सांसद अखिलेश यादव ने राहुल गांधी ने भाषण का समर्थन किया। उन्होंने कहा, 'चीन से जुड़ा मामला बहुत संवेदनशील है। लोकसभा में विपक्ष के नेता को बोलने की इजाजत दी जानी चाहिए।'
यह भी पढ़ें: बिना किसी एलान के भी बजट के जरिए चुनावी राज्यों को कैसे साध सकती है बीजेपी?
अप्रकाशित किताब पर ही रार मच गई
लोकसभा में राहुल गांधी के जवाब में रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने कहा, 'मैं चाहता हूं कि लोकसभा में विपक्ष के नेता वह किताब सदन के सामने पेश करें, जिससे वह कोट कर रहे हैं, क्योंकि जिस किताब का वह जिक्र कर रहे हैं, वह पब्लिश नहीं हुई है।'
'संसद के नियमों पर बात आ गई'
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी पर तत्काल आपत्ति जताई। राहुल गांधी ने सदन में एक पब्लिश्ड मैगजीन की कहानी के कोट्स का हवाला दिया। राजनाथ सिंह ने इसे सदन के नियमों के खिलाफ है बता दिया। राहुल गांधी का कहना है कि उनका सोर्स भरोसेमंद है और इसमें एक पूर्व आर्मी जनरल के अप्रकाशित संस्मरणों के कोट्स शामिल हैं।
यह भी पढ़ें: हंगामा किया तो सांसदों की सैलरी कटेगी? संसद में हाजिरी के नए नियम समझिए
किरेन रिजिजू को गुस्सा क्यों आ गया?
लोकसभा में केंद्रीय संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने कहा, 'स्पीकर ने फैसला दिया है कि मैगजीन या अखबारों के आर्टिकल को सदन में कोट नहीं किया जा सकता। सदन में बहस कानूनों के हिसाब से होनी चाहिए।'
किरेन रिजिजू, संसदीय कार्य मंत्री:-
हमें इस बात पर भी चर्चा करनी चाहिए कि लोकसभा में स्पीकर के फैसले को न मानने वाले सदस्य के साथ क्या किया जाना चाहिए। लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी चीन का बिना लिस्ट वाला मुद्दा उठाते रहे और सदन के नियमों के खिलाफ जाकर एक मैगज़ीन आर्टिकल से कोट करने की कोशिश करते रहे।
राहुल गांधी ने कहा, 'रक्षा मंत्री, गृह मंत्री और प्रधानमंत्री हमारी पार्टी, पार्टी नेताओं और हमारे राष्ट्रवाद पर सवाल उठाते हैं। यह लेख पीएम के चरित्र के बारे में लिखता है। यह न तो चीन के बारे में है, न ही पीएम के बारे में।' संसद में राहुल गांधी की बात पर हंगामा इतना बढ़ गया कि लोकसभा स्पीकर ने सदन की कार्यवाही 3 बजे तक के लिए स्थगित कर दी है।
